सोनम वांगचुक को अनशन समाप्त करना चाहिए, राहुल गांधी पर दोहरे चरित्र का आरोप: संजय निषाद
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री संजय निषाद ने 19 जुलाई को लखनऊ में कई अहम मुद्दों पर अपना पक्ष रखा — जिनमें सोनम वांगचुक का अनशन, राहुल गांधी की भूमिका, राम मंदिर ट्रस्ट विवाद और संसद का मानसून सत्र शामिल हैं। निषाद ने विपक्ष पर दोहरे चरित्र का आरोप लगाते हुए कहा कि देश संविधान से चलता है और जनता ने सरकार को जनहित में कानून बनाने का अधिकार दिया है।
सोनम वांगचुक और राहुल गांधी पर निषाद का रुख
सोनम वांगचुक के अनशन के मुद्दे पर राहुल गांधी द्वारा सरकार को घेरने के सवाल पर संजय निषाद ने कहा कि विपक्ष का आचरण दोहरे चरित्र वाला है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि उनकी राय में सोनम वांगचुक को अपना अनशन समाप्त कर देना चाहिए। निषाद ने यह भी जोड़ा कि 'ऐसे लोग केवल एसी और पीसी में फंसते हैं।'
मुस्लिम आरक्षण और कांग्रेस पर आरोप
मौलाना अरशद मदनी के कांग्रेस संबंधी बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए संजय निषाद ने कहा कि 1931 से लेकर 10 अगस्त 1950 तक कमजोर मुसलमानों को आरक्षण दिया जाता था। उन्होंने आरोप लगाया कि तत्कालीन उलेमाओं ने जवाहरलाल नेहरू से मिलकर यह आरक्षण खत्म करा दिया। निषाद ने कहा, 'कांग्रेस आरक्षण विरोधी है।'
राम मंदिर ट्रस्ट विवाद पर स्पष्टीकरण
निर्मोही अखाड़े की मांगों और राम मंदिर ट्रस्ट को लेकर उठे विवाद पर संजय निषाद ने कहा कि ट्रस्ट का अर्थ विश्वास होता है और यह अपने आप में एक व्यवस्था की तरह है। उन्होंने कहा कि यदि दो-चार लोगों की नीयत बदल जाए, तो इससे पूरी संस्था पर सवाल नहीं उठाया जा सकता। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और राहुल गांधी के पत्र का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि राम मंदिर निर्माण के दौरान कांग्रेस का रुख अलग था और अब विवाद उठने पर वह बदल गया है। उन्होंने उपमा देते हुए कहा, 'किसी राजमहल में चोरी हो जाए तो सजा चोर को मिलेगी, राजमहल को नहीं।'
योगी सरकार और कानून-व्यवस्था का बचाव
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के माफियाओं पर दिए गए बयान का समर्थन करते हुए संजय निषाद ने कहा कि उत्तर प्रदेश आज 'उत्तम प्रदेश' बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में कानून का राज स्थापित हो चुका है और अब त्योहार व्यवहार तथा संस्कार के साथ मनाए जाते हैं। योगी ने स्पष्ट किया है कि दोषी चाहे कोई भी हो, उसे बख्शा नहीं जाएगा।
मोदी सरकार के कानूनों का समर्थन
संजय निषाद ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशहित में अनेक महत्वपूर्ण कानून बनाए हैं और इसके लिए उन्हें बधाई दी जानी चाहिए। उन्होंने जोर दिया कि जनता ने सरकार को संविधान के तहत जनहित और राष्ट्रहित में कानून बनाने और पुराने कानूनों में आवश्यक बदलाव करने का अधिकार दिया है। आने वाले दिनों में मानसून सत्र में विपक्ष और सत्तापक्ष के बीच इन मुद्दों पर तीखी नोकझोंक की संभावना बनी हुई है।