सोनीपत में एसीबी की कार्रवाई: बिजली निगम के जेई और ठेकेदार ₹1.5 लाख रिश्वत लेते गिरफ्तार
सारांश
मुख्य बातें
हरियाणा के सोनीपत में एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) ने 26 मई 2026 को बड़ी कार्रवाई करते हुए बिजली निगम के कनिष्ठ अभियंता (जेई) सूरज और एक ठेकेदार को ₹1.5 लाख रिश्वत लेते हुए गांव भटगांव से गिरफ्तार किया। पोल्ट्री फार्म में बिजली कनेक्शन दिलाने के नाम पर यह रिश्वत मांगी जा रही थी।
शिकायत से गिरफ्तारी तक का घटनाक्रम
गांव भटगांव निवासी रवि ने एसीबी से शिकायत दर्ज कराई थी कि उसके पोल्ट्री फार्म में बिजली कनेक्शन लगाने के एवज में ₹1.5 लाख की रिश्वत की माँग की जा रही है। शिकायत के आधार पर एसीबी सोनीपत की टीम ने जाल बिछाया और ठेकेदार को रिश्वत की रकम लेते हुए रंगे हाथों दबोच लिया।
पूछताछ के दौरान जाँच की कड़ी जेई सूरज तक पहुँची, जो ठेकेदार के माध्यम से रिश्वत की रकम प्राप्त कर रहा था। इसके बाद एसीबी ने सूरज को भी गिरफ्तार कर लिया। एसीबी अधिकारियों के अनुसार, दोनों आरोपियों को सोनीपत कोर्ट में पेश किया जाएगा।
जाँच की स्थिति
एसीबी के वरिष्ठ अधिकारी मामले की गहन जाँच में जुटे हैं। अधिकारियों के मुताबिक, मामले की गंभीरता को देखते हुए पूरे प्रकरण की विस्तृत पड़ताल की जा रही है। यह स्पष्ट नहीं है कि इस रिश्वत श्रृंखला में अन्य कोई अधिकारी भी शामिल है या नहीं।
सोनीपत में कानून-व्यवस्था की पृष्ठभूमि
गौरतलब है कि यह गिरफ्तारी ऐसे समय में हुई है जब 25 मई 2026 को सोनीपत में एक अलग ट्रिपल मर्डर की घटना सामने आई थी। उस मामले में सुनीता, उनके पति विजय और गांव बडोली निवासी स्वाति की मौत हो गई थी, जबकि दो अन्य लोग गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं। पुलिस फरार आरोपी गंभीर की तलाश में जुटी हुई है। परिजनों का आरोप है कि आरोपी ने एक वर्ष पूर्व भी मृतका स्वाति के साथ छेड़छाड़ की थी।
आगे क्या होगा
एसीबी द्वारा गिरफ्तार जेई सूरज और ठेकेदार को न्यायालय में पेश किए जाने के बाद रिमांड की प्रक्रिया शुरू होगी। जाँच में यह देखा जाएगा कि क्या बिजली कनेक्शन के नाम पर रिश्वतखोरी का यह सिलसिला और भी मामलों में जारी था। भ्रष्टाचार के खिलाफ यह कार्रवाई हरियाणा में एसीबी की सक्रियता का संकेत है।