10 अगस्त 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

क्या पश्चिम बंगाल में बेलडांगा की हिंसा पर सुवेंदु अधिकारी ने राज्यपाल को पत्र लिखा?

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या पश्चिम बंगाल में बेलडांगा की हिंसा पर सुवेंदु अधिकारी ने राज्यपाल को पत्र लिखा?

सारांश

पश्चिम बंगाल में बेलडांगा की साम्प्रदायिक हिंसा पर विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी ने राज्यपाल से हस्तक्षेप की मांग की है। यह हिंसा झारखंड में एक प्रवासी मजदूर की हत्या के विरोध में शुरू हुई थी। क्या राज्य सरकार इस मुद्दे पर सक्रियता दिखाएगी?

मुख्य बातें

बेलडांगा में साम्प्रदायिक हिंसा की स्थिति गंभीर है।
सुवेंदु अधिकारी ने राज्यपाल से हस्तक्षेप की मांग की।
पत्र में पत्रकारों पर हमले की बात भी उठाई गई है।
राज्य प्रशासन की निष्क्रियता पर सवाल उठाए गए हैं।
शांति बहाल करने के लिए केंद्रीय बलों की तैनाती का आग्रह किया गया है।

कोलकाता, 17 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। पश्चिम बंगाल विधानसभा में विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी ने शनिवार को राज्यपाल सी.वी. आनंद बोस को पत्र लिखकर बेलडांगा (मुर्शिदाबाद) में जारी तनाव के बीच हस्तक्षेप की मांग की। यह तनाव कथित रूप से झारखंड में मुर्शिदाबाद जिले के एक प्रवासी मजदूर की हत्या के खिलाफ प्रदर्शन के कारण उत्पन्न हुआ।

सुवेंदु अधिकारी ने शनिवार की शाम को कहा, “मैं मुर्शिदाबाद जिले के बेलडांगा में जारी साम्प्रदायिक हिंसा को लेकर गहरी चिंता और आक्रोशित हूं, जहां निर्दोष हिन्दू परिवारों के घर, दुकानें और पूजा स्थलों पर सीधे हमले हो रहे हैं।”

उन्होंने कहा कि अपने पत्र में उन्होंने राज्यपाल को यह भी बताया कि बेलडांगा में तनाव को कवर कर रहे पत्रकारों, जिनमें महिला पत्रकार भी शामिल हैं, पर रिपोर्टिंग के दौरान कथित रूप से हमला किया गया।

सुवेंदु अधिकारी ने बताया कि उन्होंने राज्यपाल को यह भी अवगत कराया कि मुर्शिदाबाद में राज्य और जिला प्रशासन हिंसक भीड़ को नियंत्रित करने में निष्क्रिय रहा। उन्होंने दावा किया कि बेलडांगा में यह हिंसा शुक्रवार दोपहर से शुरू हुई और शनिवार दोपहर तक जारी रही।

उन्होंने कहा, “सबसे ज्यादा चौंकाने वाली बात है कि राज्य प्रशासन पूरी तरह निष्क्रिय है। धारा 163 के तहत कोई आदेश जारी नहीं किए गए और स्थिति नियंत्रण से बाहर जा रही है। पिछले साल मुर्शिदाबाद में हुए भयंकर दंगों की याद आते ही, जहां जानें गई थीं, मैं चुपचाप नहीं बैठ सकता।”

पत्र में विपक्षी नेता ने राज्यपाल से तत्काल प्रतिबंधात्मक आदेश जारी करने और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल तैनात करने का आग्रह किया ताकि बेलडांगा में शांति बहाल हो और लोगों की जान सुरक्षित रहे।

उन्होंने कहा, “कोलकाता हाई कोर्ट के 2025 के निर्देश स्पष्ट रूप से ऐसे हालात में कार्रवाई का आदेश देते हैं, और अब इसे लागू किया जाना चाहिए। मैं राज्यपाल से आग्रह करता हूं कि बिना किसी विलंब के हस्तक्षेप करें और राज्य को निर्णायक कार्रवाई करने का निर्देश दें।”

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि सामाजिक ताने-बाने को भी सुरक्षित रखती है।
RashtraPress
10 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

बेलडांगा में हिंसा का कारण क्या है?
यह हिंसा झारखंड में एक प्रवासी मजदूर की हत्या के खिलाफ प्रदर्शन के कारण उत्पन्न हुई है।
सुवेंदु अधिकारी ने राज्यपाल को क्या लिखा है?
उन्होंने राज्यपाल से बेलडांगा में स्थिति को नियंत्रित करने के लिए हस्तक्षेप करने की मांग की है।
क्या सरकार ने इस पर कोई कार्रवाई की है?
अभी तक राज्य प्रशासन ने कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की है, जिससे स्थिति बिगड़ती जा रही है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 2 घंटे पहले
  2. 2 महीने पहले
  3. 4 महीने पहले
  4. 5 महीने पहले
  5. 6 महीने पहले
  6. 6 महीने पहले
  7. 6 महीने पहले
  8. 7 महीने पहले