यूपी विभाजन तय, पूर्वांचल का पहला CM होगा राजभर समाज का बेटा: ओम प्रकाश राजभर
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) के अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर ने 21 सितंबर 2026 को अंबेडकर नगर में एक बड़ा राजनीतिक बयान देते हुए दावा किया कि उत्तर प्रदेश का विभाजन 'निश्चित' है और जब भी पूर्वांचल अलग राज्य बनेगा, उसका पहला मुख्यमंत्री राजभर समाज से ही होगा। इसके साथ ही उन्होंने कांग्रेस नेता राहुल गांधी, अखिलेश यादव और समाजवादी पार्टी (सपा) पर तीखे प्रहार किए।
यूपी विभाजन पर बड़ा दावा
राजभर ने कहा, 'उत्तर प्रदेश देश का सबसे बड़ा राज्य है और इसकी विशाल आबादी को देखते हुए आज नहीं तो कल, इसका विभाजन होना निश्चित है।' उन्होंने आगे कहा, 'जिस दिन उत्तर प्रदेश चार भागों में बंटेगा, उस दिन पूर्वांचल की आबादी के आधार पर यह तय हो जाएगा कि हमारा गठबंधन जिससे भी होगा, उसमें पहला मुख्यमंत्री राजभर समाज का ही बेटा बनेगा।' गौरतलब है कि यूपी के विभाजन की चर्चा समय-समय पर उठती रही है, लेकिन अब तक केंद्र या राज्य स्तर पर इसे लेकर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।
राहुल गांधी पर हमला: महिला आरक्षण विधेयक का मुद्दा
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा राहुल गांधी पर लगाए गए महिला-विरोधी आरोपों का समर्थन करते हुए राजभर ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, 'अगर राहुल गांधी महिलाओं का सम्मान करते, तो लोकसभा और विधानसभा में 33 प्रतिशत महिला आरक्षण वाले बिल का विरोध नहीं करते, बल्कि समर्थन में रहते।' उन्होंने दावा किया कि 'चाहे अखिलेश यादव हों, चाहे राहुल गांधी — ये सारे लोग महिलाओं के अधिकार के विरोधी हैं।'
अखिलेश-ओवैसी गठबंधन की अटकलों को नकारा
अखिलेश यादव और असदुद्दीन ओवैसी के बीच संभावित चुनावी गठबंधन की अटकलों पर टिप्पणी करते हुए राजभर ने कहा कि यह गठबंधन नहीं होगा। उनके अनुसार, 'मुसलमानों के नेता के तौर पर अखिलेश यादव और राहुल गांधी खुद को मानते हैं। ओवैसी तो चाह रहे हैं कि मुसलमान का बेटा मुख्यमंत्री बने — यह न अखिलेश को पसंद है, न राहुल को, इसलिए गठबंधन संभव नहीं।' यह ऐसे समय में आया है जब उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनावों की रणनीतिक तैयारियाँ जोर पकड़ रही हैं।
सपा पर माफिया-संरक्षण का आरोप
समाजवादी पार्टी को निशाना बनाने वाले पोस्टरों का बचाव करते हुए राजभर ने आरोप लगाया कि सपा ने अपने शासनकाल में अपराधियों को संरक्षण दिया। उन्होंने मुख्तार अंसारी और अतीक अहमद जैसे नामों का उल्लेख करते हुए कहा कि सपा की सरकार में अपराध और माफियाराज चरम पर था। सपा की ओर से इन आरोपों पर तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।
राजनीतिक संदर्भ और आगे की राह
ओम प्रकाश राजभर वर्तमान में भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेतृत्व वाली यूपी एनडीए सरकार में कैबिनेट मंत्री हैं। उनके ये बयान पूर्वांचल क्षेत्र में राजभर समाज की राजनीतिक महत्वाकांक्षाओं को रेखांकित करते हैं और 2027 के चुनाव से पहले गठबंधन की सौदेबाज़ी में अपनी स्थिति मज़बूत करने की रणनीति के तौर पर भी देखे जा रहे हैं। यह देखना होगा कि राजभर के यह दावे यूपी की जटिल जातीय राजनीति को किस दिशा में मोड़ते हैं।