2 सितंबर 2026
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UP आउटसोर्स सेवा निगम लॉन्च: केशव मौर्य ने दिया ₹50 लाख बीमा, पारदर्शी भर्ती और EPF-ESI का वादा

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UP आउटसोर्स सेवा निगम लॉन्च: केशव मौर्य ने दिया ₹50 लाख बीमा, पारदर्शी भर्ती और EPF-ESI का वादा

सारांश

उत्तर प्रदेश में आउटसोर्स कर्मियों के लिए बड़ा बदलाव — UPCOC के ज़रिए ₹50 लाख दुर्घटना बीमा, EPF-ESI और पारदर्शी भर्ती की गारंटी। केशव मौर्य ने लोक भवन में निगम का शुभारंभ करते हुए इसे डबल इंजन सरकार के सुशासन एजेंडे की अहम कड़ी बताया।

मुख्य बातें

उत्तर प्रदेश आउटसोर्स सेवा निगम (UPCOC) का शुभारंभ 2 सितंबर 2026 को लखनऊ के लोक भवन में हुआ।
उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने आउटसोर्स कर्मियों को ₹50 लाख तक का दुर्घटना बीमा, EPF , ESI और मातृत्व अवकाश देने की घोषणा की।
निगम के ज़रिए भ्रष्टाचार मुक्त और पारदर्शी चयन प्रक्रिया तथा सीधे वेतन भुगतान की गारंटी दी गई।
कार्यक्रम में 12 आउटसोर्स कर्मियों को प्रतीकात्मक डमी चेक वितरित किए गए।
मौर्य ने 2047 तक विकसित भारत के संकल्प में महिलाओं, युवाओं और किसानों की आर्थिक भागीदारी को अनिवार्य बताया।

उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने 2 सितंबर 2026 को लखनऊ के लोक भवन में उत्तर प्रदेश आउटसोर्स सेवा निगम (UPCOC) का औपचारिक शुभारंभ करते हुए घोषणा की कि इस निगम के माध्यम से राज्य के आउटसोर्स कर्मियों को पारदर्शी भर्ती, समय पर वेतन और व्यापक सामाजिक सुरक्षा की गारंटी दी जाएगी। कार्यक्रम में निगम के लोगो का अनावरण, आधिकारिक पोर्टल एवं वेबसाइट का शुभारंभ और 12 आउटसोर्स कर्मियों को प्रतीकात्मक डमी चेक वितरण भी किया गया।

निगम में क्या-क्या मिलेगा कर्मियों को

उपमुख्यमंत्री मौर्य ने कहा कि UPCOC के ज़रिए आउटसोर्स कर्मियों को ₹50 लाख तक का दुर्घटना बीमा, कर्मचारी भविष्य निधि (EPF) और कर्मचारी राज्य बीमा (ESI) जैसी सामाजिक सुरक्षा सुविधाएँ तथा मातृत्व अवकाश का लाभ मिलेगा। इसके अतिरिक्त वेतन का भुगतान सीधे और समय पर सुनिश्चित किया जाएगा — जो पहले बिचौलियों की मनमानी के कारण अक्सर अनियमित रहता था।

निगम की स्थापना का मूल उद्देश्य आउटसोर्स श्रमिकों के अधिकारों को विनियमित एवं संरक्षित करना और पूरी भर्ती व सेवा व्यवस्था में पारदर्शिता तथा जवाबदेही सुनिश्चित करना है। मौर्य ने कहा कि भ्रष्टाचार मुक्त और पारदर्शी चयन प्रक्रिया इस निगम की आधारशिला होगी।

महिला सशक्तिकरण और विकसित भारत का संकल्प

केशव मौर्य ने कहा कि स्वयं सहायता समूहों से जुड़कर महिलाओं के जीवन में आर्थिक बदलाव आया है और जब आधी आबादी आर्थिक रूप से सशक्त होगी, तभी देश और प्रदेश विकसित होगा। उन्होंने वर्ष 2047 तक विकसित भारत और विकसित उत्तर प्रदेश के संकल्प को साकार करने के लिए महिलाओं, युवाओं और किसानों को आर्थिक रूप से मज़बूत बनाने की ज़रूरत पर बल दिया।

पूर्व सरकारों पर निशाना

उपमुख्यमंत्री ने पूर्ववर्ती सरकारों पर आरोप लगाते हुए कहा कि उनके कार्यकाल में उत्तर प्रदेश को भ्रष्टाचार और लूट का अड्डा बना दिया गया था, जबकि आज प्रदेश देश-विदेश के निवेशकों के लिए एक सुरक्षित और भरोसेमंद निवेश स्थल बन चुका है। उन्होंने कहा कि यह परिवर्तन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दूरदर्शिता और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में किए गए निरंतर विकास कार्यों का परिणाम है।

युवाओं के लिए डबल इंजन सरकार की प्रतिबद्धता

मौर्य ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में डबल इंजन सरकार युवाओं को पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया, समान अवसर और सुरक्षित रोज़गार उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। उत्तर प्रदेश आउटसोर्स सेवा निगम की स्थापना इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जिसके माध्यम से आउटसोर्स कर्मियों के अधिकारों की रक्षा के साथ-साथ भर्ती और सेवा व्यवस्था को अधिक पारदर्शी एवं जवाबदेह बनाया जाएगा। यह निगम उत्तर प्रदेश में श्रम सुधार की दिशा में एक नई मिसाल कायम कर सकता है, बशर्ते इसका क्रियान्वयन घोषणाओं के अनुरूप हो।

संपादकीय दृष्टिकोण

EPF-ESI और पारदर्शी भर्ती — लेकिन असली कसौटी क्रियान्वयन की होगी। राज्य में आउटसोर्स कर्मियों को बिचौलियों की मनमानी और वेतन विलंब की शिकायतें दशकों पुरानी हैं; महज एक निगम की स्थापना से यह संरचनात्मक समस्या हल होगी, यह दावा समय से पहले होगा। यह भी ध्यान देने योग्य है कि निगम की निगरानी, शिकायत निवारण तंत्र और स्वतंत्र ऑडिट की रूपरेखा अभी सार्वजनिक नहीं की गई है — जो किसी भी सुशासन पहल की असली परीक्षा होती है।
RashtraPress
2 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

उत्तर प्रदेश आउटसोर्स सेवा निगम (UPCOC) क्या है?
UPCOC उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा स्थापित एक नया निगम है जिसका उद्देश्य राज्य के आउटसोर्स कर्मियों की भर्ती, वेतन भुगतान और सामाजिक सुरक्षा को विनियमित करना है। इसका शुभारंभ 2 सितंबर 2026 को लखनऊ के लोक भवन में उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने किया।
UPCOC के तहत आउटसोर्स कर्मियों को क्या-क्या सुविधाएँ मिलेंगी?
निगम के माध्यम से आउटसोर्स कर्मियों को ₹50 लाख तक का दुर्घटना बीमा, EPF और ESI की सुविधा, मातृत्व अवकाश तथा समय पर सीधे वेतन भुगतान की गारंटी दी जाएगी। इसके साथ ही भ्रष्टाचार मुक्त और पारदर्शी चयन प्रक्रिया भी सुनिश्चित की जाएगी।
क्या इस निगम से आउटसोर्स भर्ती में बिचौलियों की भूमिका खत्म होगी?
सरकार का दावा है कि UPCOC के ज़रिए भर्ती और वेतन की पूरी प्रक्रिया पारदर्शी और जवाबदेह बनाई जाएगी, जिससे बिचौलियों की मनमानी पर अंकुश लगेगा। हालाँकि निगम के स्वतंत्र निगरानी तंत्र की विस्तृत रूपरेखा अभी सार्वजनिक नहीं की गई है।
UPCOC का लाभ किन कर्मियों को मिलेगा?
यह निगम उत्तर प्रदेश सरकार के विभिन्न विभागों में कार्यरत आउटसोर्स कर्मियों के लिए है। इसका उद्देश्य उन श्रमिकों के अधिकारों की रक्षा करना है जो सरकारी सेवाओं में ठेके या आउटसोर्सिंग के माध्यम से नियोजित हैं।
केशव मौर्य ने 2047 के विकसित भारत के लक्ष्य से इस निगम को कैसे जोड़ा?
उपमुख्यमंत्री मौर्य ने कहा कि 2047 तक विकसित भारत और विकसित उत्तर प्रदेश के संकल्प को साकार करने के लिए महिलाओं, युवाओं और किसानों को आर्थिक रूप से मज़बूत बनाना आवश्यक है। UPCOC को उन्होंने इसी दिशा में डबल इंजन सरकार का एक ठोस कदम बताया।
राष्ट्र प्रेस
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