उत्तम नगर हत्याकांड: दिल्ली पुलिस ने द्वारका कोर्ट में दाखिल की 500 पन्नों की चार्जशीट, 18 आरोपी नामजद
सारांश
मुख्य बातें
दिल्ली के उत्तम नगर में होली के दिन 4 मार्च को हुई हिंसा में 26 वर्षीय तरुण की मौत के मामले में दिल्ली पुलिस ने द्वारका कोर्ट में 500 पन्नों की चार्जशीट दाखिल कर दी है। इस चार्जशीट में कुल 18 लोगों को आरोपी बनाया गया है, जबकि 2 नाबालिग आरोपियों का मामला जुवेनाइल जस्टिस बोर्ड (JJB) को भेजने की अपील की गई है।
घटनाक्रम: कैसे हुई मामूली बात बड़ी हिंसा
पुलिस के अनुसार, 4 मार्च को उत्तम नगर की जेजे कॉलोनी में 7 से 9 साल की एक बच्ची द्वारा फेंका गया पानी का गुब्बारा सड़क पर खड़ी एक महिला को लग गया। इस मामूली घटना के बाद कहासुनी ने देखते ही देखते हिंसक रूप ले लिया। आरोप है कि विवाद बढ़ने पर एक पक्ष के लोगों ने लाठी-डंडों और लोहे की रॉड से हमला कर दिया।
चार्जशीट के अनुसार, तरुण को उसके घर के पास रोककर बेरहमी से पीटा गया। गंभीर रूप से घायल तरुण को अस्पताल में भर्ती कराया गया, लेकिन अगले दिन उसकी मौत हो गई। तरुण डिजिटल मार्केटिंग का कोर्स कर रहा था।
चार्जशीट में क्या-क्या धाराएँ शामिल
दिल्ली पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ एससी/एसटी एक्ट, गैरकानूनी जमावड़ा, दंगा भड़काने समेत कई गंभीर धाराओं में केस दर्ज किया है। इसके अलावा भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 95 और 103(2) भी चार्जशीट में शामिल की गई हैं। कुल मामले में 20 आरोपी बनाए गए हैं — 18 वयस्क जिनके खिलाफ द्वारका कोर्ट में चार्जशीट दाखिल हुई है, और 2 नाबालिग जिनका मामला JJB के पास भेजा जा रहा है।
दो आरोपी अभी भी फरार
जाँच के दौरान दो आरोपियों की गिरफ्तारी अब तक नहीं हो सकी है। कोर्ट से उनके खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किए जा चुके हैं। पुलिस उनकी तलाश में लगातार दबिश दे रही है।
सांप्रदायिक तनाव और सुरक्षा इंतजाम
इस घटना के बाद इलाके में तनाव की स्थिति पैदा हो गई थी। हालात को देखते हुए भारी पुलिस बल और रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) की तैनाती की गई। मामले ने सांप्रदायिक रंग भी ले लिया था, जिसके चलते ईद के दौरान भी सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए और सोशल मीडिया पर भड़काऊ पोस्ट पर नज़र रखी गई।
राजनीतिक प्रतिक्रिया
इस घटना पर राजनीतिक प्रतिक्रियाएँ भी सामने आई थीं। दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता समेत कई नेताओं ने घटना की निंदा करते हुए पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने का भरोसा दिया था। यह ऐसे समय में आया है जब दिल्ली में त्योहारों के दौरान सांप्रदायिक संवेदनशीलता को लेकर प्रशासन पहले से सतर्क रहता है। चार्जशीट दाखिल होने के बाद अब मामला अदालत में आगे बढ़ेगा और आरोपियों पर मुकदमा चलाने की प्रक्रिया शुरू होगी।