एशियन अंडर-15 बॉक्सिंग: भारत के 27 मेडल पक्के, लड़कियों की टीम ने 14 में से 14 जीते
सारांश
मुख्य बातें
उज्बेकिस्तान के ताशकंद में जारी एशियन बॉक्सिंग अंडर-15 और अंडर-17 चैंपियनशिप 2026 में भारत के युवा मुक्केबाजों ने अंडर-15 कैटेगरी में 30 में से 27 मेडल पक्के कर लिए हैं। लड़कियों की अंडर-15 टीम ने 15 में से 14 मेडल जीते, जबकि लड़कों की अंडर-15 टीम ने 15 में से 13 मेडल सुनिश्चित किए, जो भारतीय मुक्केबाजी के युवा स्तर पर एशियाई प्रभुत्व को दर्शाता है।
लड़कों की अंडर-15 टीम का दमदार प्रदर्शन
भारतीय लड़कों ने कई राउंडों में शानदार जीतें दर्ज कीं। सास्था वसंत अशोक कुमार (37 किलोग्राम) और प्रशांत (49 किलोग्राम) ने यूएई के प्रतिद्वंद्वियों मोहम्मद अलबन्नाई और मायेद अल्यम्माही को पहले ही राउंड में आरएससी (रेफरी स्टॉप्स कॉन्टेस्ट) के जरिए हराया। नितिन (40 किलोग्राम) और हर्षवर्धन जीना (55 किलोग्राम) ने कजाकिस्तान के सयात मेंगदिबे और ताजिकिस्तान के मुहम्मद फोजिलोव के खिलाफ दूसरे राउंड में आरएससी से जीत हासिल की।
तकनीकी कौशल और रणनीति की जीत
कड़े मुकाबलों में, यश कुमार (33 किलोग्राम) और रोहित पोथीना (35 किलोग्राम) ने ताजिकिस्तान के रसूलजोन करीमोव और मंगोलिया के तेमुलेन मुंखबयार के खिलाफ 4:1 के स्प्लिट डिसीजन से जीत हासिल की। सर्वसम्मत निर्णयों की एक श्रृंखला ने भारतीय मुक्केबाजों की तकनीकी श्रेष्ठता को रेखांकित किया। समीर बोहरा (43 किलोग्राम) ने थाईलैंड के यारम को 5:0 से हराया, जबकि नोंगपोकंगनबा मेइतेई ओइना (46 किलोग्राम) ने मंगोलिया के मुंख-ओचिर गनजोरिग के खिलाफ समान स्कोर से जीत दर्ज की।
लड़कियों की टीम की निर्बाध सफलता
लड़कियों की अंडर-15 टीम ने 15 में से 14 मेडल जीतकर चैंपियनशिप में भारत का प्रभुत्व प्रदर्शित किया है। यह प्रदर्शन एशियाई महिला मुक्केबाजी में भारत की बढ़ती ताकत को दर्शाता है, विशेषकर युवा वर्ग में जहाँ प्रतिभा विकास पर जोर दिया जा रहा है।
अन्य उल्लेखनीय प्रदर्शन
मोहम्मद यासर (58 किलोग्राम) ने कजाकिस्तान के मेइरलान बेइसेखान के खिलाफ 5:0 से जीत हासिल की। निवेश पाल (54 किलोग्राम) ने कजाकिस्तान के आदिलत गालियेव पर समान स्कोर से विजय प्राप्त की, जबकि रणवीर (66 किलोग्राम) ने चीनी ताइपे के यिंग-चिएह चेन के खिलाफ वॉकओवर जीत दर्ज की। हालाँकि, लिलमणि सिंह (61 किलोग्राम) को उज्बेकिस्तान के अजीजबेक एगंबरगानोव के खिलाफ तीसरे राउंड में आरएससी से हार का सामना करना पड़ा, और मेहुल राणा (70 किलोग्राम) कजाकिस्तान के अयान बाउरजान के खिलाफ शुरुआती दौर में आरएससी से हार गए।
एशियाई मुक्केबाजी में भारत का दबदबा
27 मेडल पक्के करने से भारतीय दल ने एशियाई मुक्केबाजी के जमीनी स्तर पर अपना प्रभुत्व मजबूत किया है। यह प्रदर्शन भारतीय युवा प्रतिभा के विकास और कोचिंग ढाँचे की गुणवत्ता को रेखांकित करता है, जो आने वाले वर्षों में अंतर्राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भारत के लिए एक मजबूत आधार तैयार करता है।