MP में बंद हुए 2,426 स्कूल: उमंग सिंघार बोले — देश में बंद हर दूसरा स्कूल मध्य प्रदेश का
सारांश
मुख्य बातें
मध्य प्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने 9 जुलाई 2025 को राज्य की स्कूली शिक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि देशभर में एक वर्ष में बंद हुए स्कूलों में से हर दूसरा स्कूल मध्य प्रदेश का है। उन्होंने यह बात सोशल मीडिया पर साझा करते हुए यूनिफाइड डिस्ट्रिक्ट इंफॉर्मेशन सिस्टम फॉर एजुकेशन (UDISE) के आँकड़ों का हवाला दिया।
UDISE आँकड़े क्या कहते हैं
सिंघार ने UDISE के आँकड़ों के अनुसार बताया कि देशभर में एक वर्ष के भीतर 4,791 स्कूल बंद हुए, जिनमें से 2,426 स्कूल अकेले मध्य प्रदेश के हैं — यानी राष्ट्रीय औसत का लगभग 50%। उन्होंने यह भी कहा कि देश में औसतन प्रतिदिन 13 स्कूल बंद हो रहे हैं, जिनमें से 6 से 7 स्कूल केवल मध्य प्रदेश के हैं। गौरतलब है कि UDISE भारत सरकार की शिक्षा प्रबंधन सूचना प्रणाली है, जिसके आँकड़े राज्यों से संकलित किए जाते हैं।
विपक्ष के आरोप
नेता प्रतिपक्ष का आरोप है कि मध्य प्रदेश की भारतीय जनता पार्टी (BJP) सरकार ने राज्य की शिक्षा व्यवस्था को गहरे संकट में डाल दिया है। सिंघार ने कहा कि जहाँ एक ओर भाजपा मंचों से 'ज्ञान, संस्कार और विकसित भारत' की बातें करती है, वहीं ज़मीनी हकीकत यह है कि बच्चों के स्कूल बंद किए जा रहे हैं। उन्होंने इसे गरीब, आदिवासी और ग्रामीण बच्चों के भविष्य पर 'सुनियोजित हमला' करार दिया।
सिंघार के अनुसार राज्य में शिक्षकों की कमी भी लगातार बढ़ रही है और लाखों बच्चों की शिक्षा प्रभावित हो रही है। उन्होंने कहा, 'मध्यप्रदेश शिक्षा में नहीं, स्कूल बंद करने में नंबर एक बन गया है।'
किन बच्चों पर पड़ रहा असर
विपक्ष का तर्क है कि स्कूल बंद होने की मार सबसे अधिक ग्रामीण, आदिवासी और आर्थिक रूप से कमज़ोर परिवारों के बच्चों पर पड़ रही है, जिनके पास निजी स्कूलों का विकल्प नहीं है। यह ऐसे समय में आया है जब राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की पहुँच बढ़ाने की बात की जा रही है।
आगे क्या
सिंघार ने संकेत दिया कि विपक्ष इस मुद्दे को विधानसभा में और अधिक ज़ोर-शोर से उठाएगा तथा राज्य सरकार से हर बंद स्कूल का 'हिसाब' माँगेगा। अभी तक मध्य प्रदेश सरकार की ओर से इन आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।