24 जुलाई 2026
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नीट पेपर लीक: हैदराबाद में बीआरएस प्रदर्शन बाधित करने की कोशिश नाकाम, यूथ कांग्रेस कार्यकर्ता हिरासत में

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नीट पेपर लीक: हैदराबाद में बीआरएस प्रदर्शन बाधित करने की कोशिश नाकाम, यूथ कांग्रेस कार्यकर्ता हिरासत में

सारांश

नीट पेपर लीक विवाद अब हैदराबाद की सड़कों पर उतर आया है। बीआरएस के इंदिरा पार्क प्रदर्शन को बाधित करने की यूथ कांग्रेस की कोशिश पुलिस ने नाकाम कर दी और पूर्व सांसद अंजन यादव समेत कई कार्यकर्ता हिरासत में लिए गए — जो दर्शाता है कि छात्रों का मुद्दा अब राजनीतिक अखाड़े में तब्दील हो रहा है।

मुख्य बातें

हैदराबाद पुलिस ने 24 जुलाई को इंदिरा पार्क में बीआरएस प्रदर्शन बाधित करने की यूथ कांग्रेस की कोशिश विफल की।
पूर्व सांसद अंजन कुमार यादव सहित यूथ कांग्रेस के कई कार्यकर्ता एमएलए क्वार्टर्स के गेट पर हिरासत में लिए गए।
बीआरएसवी का प्रदर्शन नीट पेपर लीक और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की माँग को लेकर था।
कांग्रेस ने आरोप लगाया कि बीआरएस 28 दिनों की चुप्पी के बाद दिखावटी सहानुभूति जता रही है।
यादव ने बीआरएस के 10 साल के शासनकाल में धरना चौक और इंदिरा पार्क पर प्रतिबंध का भी हवाला दिया।

हैदराबाद पुलिस ने 24 जुलाई को इंदिरा पार्क में नीट पेपर लीक मामले को लेकर आयोजित भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) की युवा शाखा के विरोध प्रदर्शन को बाधित करने की यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं की कथित कोशिश को विफल कर दिया। पुलिस ने यूथ कांग्रेस के प्रदर्शनकारियों को आदर्श नगर स्थित विधायक आवास (एमएलए क्वार्टर्स) के गेट से आगे नहीं बढ़ने दिया और जब उन्होंने ज़बरदस्ती मार्च करने की कोशिश की तो उन्हें हिरासत में ले लिया गया।

मुख्य घटनाक्रम

बीआरएस की छात्र शाखा बीआरएसवी इंदिरा पार्क में बड़ा विरोध प्रदर्शन कर रही थी। यह प्रदर्शन दिल्ली के जंतर-मंतर पर नीट पेपर लीक के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर कथित पुलिस कार्रवाई के विरोध में और उनके समर्थन में आयोजित किया गया था। प्रदर्शनकारी केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की माँग भी कर रहे थे।

इसी दौरान पूर्व सांसद और कांग्रेस नेता अंजन कुमार यादव के नेतृत्व में यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने एमएलए क्वार्टर्स से इंदिरा पार्क तक रैली निकालने का प्रयास किया। पुलिस ने उन्हें अनुमति नहीं दी और जब प्रदर्शनकारी आगे बढ़े तो उन्हें हिरासत में लेकर पुलिस स्टेशन ले जाया गया। अंजन कुमार यादव और कांग्रेस के अन्य नेता हिरासत में लिए गए लोगों में शामिल रहे।

कांग्रेस के आरोप

यूथ कांग्रेस ने आरोप लगाया कि बीआरएस दिल्ली में प्रदर्शन कर रहे छात्रों और युवाओं के प्रति झूठी सहानुभूति जता रही है। अंजन कुमार यादव ने कहा कि बीआरएस नेता केटी रामाराव को इस मुद्दे पर विरोध प्रदर्शन करने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है, क्योंकि वे पिछले 28 दिनों से छात्रों के आंदोलन पर चुप थे।

यादव ने यह भी आरोप लगाया कि बीआरएस ने अपने 10 साल के शासनकाल में धरना चौक और इंदिरा पार्क में विरोध प्रदर्शनों पर रोक लगा दी थी, और अब वही पार्टी उसी स्थान पर प्रदर्शन कर रही है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि बीआरएस और भारतीय जनता पार्टी (BJP) एक ही सिक्के के दो पहलू हैं।

बीआरएस शासनकाल का संदर्भ

यह ऐसे समय में आया है जब बीआरएस विपक्ष में आने के बाद केंद्र सरकार की नीतियों पर आक्रामक रुख अपना रही है। कांग्रेस के आलोचकों का कहना है कि बीआरएस के शासनकाल में इंटरमीडिएट परीक्षाओं में हुई गड़बड़ियों के कारण छात्रों को गंभीर परेशानियाँ झेलनी पड़ी थीं। गौरतलब है कि नीट पेपर लीक विवाद ने पूरे देश में छात्र समुदाय में गहरा आक्रोश पैदा किया है, जिसे लेकर विभिन्न राजनीतिक दल अपनी-अपनी स्थिति मज़बूत करने में जुटे हैं।

आम जनता और छात्रों पर असर

नीट पेपर लीक मामला देशभर के लाखों मेडिकल अभ्यर्थियों के भविष्य से जुड़ा है। जंतर-मंतर पर चल रहे छात्र आंदोलन को अब राजनीतिक रंग मिलता दिख रहा है, जिससे असली मुद्दे — परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता और जवाबदेही — पर ध्यान बँट सकता है।

क्या होगा आगे

हिरासत में लिए गए यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं और नेताओं को बाद में रिहा किए जाने की संभावना है। बीआरएसवी का इंदिरा पार्क प्रदर्शन जारी रहा। नीट पेपर लीक मामले पर राजनीतिक दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला आने वाले दिनों में और तेज़ होने के संकेत हैं।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

हैदराबाद में बीआरएस का विरोध प्रदर्शन किस मुद्दे पर था?
बीआरएस की छात्र शाखा बीआरएसवी ने 24 जुलाई को इंदिरा पार्क में नीट पेपर लीक के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे दिल्ली के छात्रों पर कथित पुलिस कार्रवाई के विरोध में और उनके समर्थन में प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की माँग भी कर रहे थे।
यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं को हिरासत में क्यों लिया गया?
यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ता एमएलए क्वार्टर्स से इंदिरा पार्क तक रैली निकालने की कोशिश कर रहे थे, जिसकी अनुमति पुलिस ने नहीं दी। जब प्रदर्शनकारियों ने ज़बरदस्ती आगे बढ़ने का प्रयास किया, तो पुलिस ने उन्हें हिरासत में लेकर पुलिस स्टेशन ले गई।
कांग्रेस ने बीआरएस पर क्या आरोप लगाए?
कांग्रेस नेता अंजन कुमार यादव ने आरोप लगाया कि बीआरएस 28 दिनों की चुप्पी के बाद दिखावटी सहानुभूति जता रही है। उन्होंने यह भी कहा कि बीआरएस ने अपने 10 साल के शासनकाल में धरना चौक और इंदिरा पार्क में विरोध प्रदर्शनों पर रोक लगाई थी।
बीआरएस नेता केटी रामाराव पर कांग्रेस ने क्या सवाल उठाए?
कांग्रेस ने सवाल किया कि केटी रामाराव पिछले 28 दिनों से नीट छात्र आंदोलन पर चुप थे और अब अचानक उनके समर्थन में क्यों उतरे हैं। यादव ने कहा कि रामाराव को इस मुद्दे पर विरोध प्रदर्शन करने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है।
नीट पेपर लीक विवाद का छात्रों पर क्या असर है?
नीट पेपर लीक मामला देशभर के लाखों मेडिकल अभ्यर्थियों के भविष्य से जुड़ा है। दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्र आंदोलन जारी है और अब इसे राजनीतिक रंग मिलता दिख रहा है, जिससे परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता और जवाबदेही का मूल मुद्दा प्रभावित हो सकता है।
राष्ट्र प्रेस
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