24 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

इंडिया गठबंधन की बैठक अनिवार्य, विपक्षी एकता जरूरी : एन.के. प्रेमचंद्रन

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
इंडिया गठबंधन की बैठक अनिवार्य, विपक्षी एकता जरूरी : एन.के. प्रेमचंद्रन

सारांश

महंगाई, बेरोज़गारी और पर्चा लीक के बीच RSP नेता एन.के. प्रेमचंद्रन ने इंडिया गठबंधन की बैठक को अपरिहार्य बताया। AAP और DMK की अनुपस्थिति को मतभेद नहीं, सुलझाने योग्य मुद्दा कहा — और बैठक से पहले लगे पोस्टरों को सत्ता का 'डर' करार दिया।

मुख्य बातें

प्रेमचंद्रन ने 8 जून को नई दिल्ली में इंडिया गठबंधन की बैठक का स्वागत किया।
महंगाई , बेरोज़गारी और परीक्षा पर्चा लीक को विपक्षी एकजुटता की अनिवार्यता का कारण बताया।
आम आदमी पार्टी (AAP) और DMK के बैठक में शामिल न होने को मतभेदों के रूप में स्वीकार किया, परंतु बैठक से समाधान की उम्मीद जताई।
बैठक से पहले लगाए गए पोस्टरों को सत्तापक्ष की घबराहट का प्रमाण बताया।
गठबंधन ने जनविरोधी नीतियों के खिलाफ साझा मंच तैयार करने का संकल्प दोहराया।

रेवोल्यूशनरी सोशलिस्ट पार्टी (RSP) के नेता एन.के. प्रेमचंद्रन ने 8 जून को नई दिल्ली में आयोजित इंडिया गठबंधन की बैठक का खुलकर स्वागत किया और कहा कि देश में महंगाई, बेरोज़गारी तथा परीक्षा-पर्चा लीक की बढ़ती घटनाओं के मद्देनज़र विपक्ष का एकजुट होना अब अपरिहार्य हो गया है। उनका यह बयान ऐसे समय में आया है जब गठबंधन के भीतर आम आदमी पार्टी (AAP) और द्रविड़ मुनेत्र कषगम (DMK) के बैठक से अनुपस्थित रहने की खबरें सामने आई हैं।

बैठक की ज़रूरत क्यों

प्रेमचंद्रन ने कहा कि मौजूदा राजनीतिक परिदृश्य में विपक्षी एकता के बिना आने वाले दिनों में स्थिति और अधिक जटिल हो सकती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कांग्रेस द्वारा बुलाई गई यह बैठक एक ऐसा साझा मंच तैयार करने की कोशिश है जहाँ सभी विपक्षी दलों को अपनी बात रखने का अवसर मिले।

AAP और DMK की अनुपस्थिति पर प्रतिक्रिया

RSP नेता ने स्वीकार किया कि आम आदमी पार्टी और DMK ने इस बैठक में शामिल न होने का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि गठबंधन के भीतर विभिन्न दलों के बीच कुछ मुद्दों पर मतभेद होना स्वाभाविक है, परंतु उन्हें पूरा विश्वास है कि यह बैठक इन मतभेदों को सुलझाने की दिशा में सार्थक भूमिका निभाएगी।

पोस्टर विवाद और सरकार पर निशाना

बैठक से पहले दिल्ली में लगाए गए पोस्टरों पर प्रतिक्रिया देते हुए प्रेमचंद्रन ने कहा कि इस तरह की हरकतें यह दर्शाती हैं कि सत्तारूढ़ पक्ष इंडिया गठबंधन की बैठक से भयभीत है। उन्होंने इसे विपक्ष की बढ़ती ताकत का प्रमाण बताया। गौरतलब है कि पिछली बैठकों से पहले इस तरह के पोस्टर या होर्डिंग्स नहीं देखे गए थे।

आगे की राह

प्रेमचंद्रन ने भरोसा जताया कि इंडिया गठबंधन की यह बैठक जनविरोधी नीतियों के खिलाफ एकजुट आवाज़ उठाने में सफल रहेगी। उन्होंने कहा कि गठबंधन ने आम जनता की समस्याओं के समाधान के लिए एक सुदृढ़ मंच तैयार किया है और इस दिशा में किसी भी प्रकार की कोताही स्वीकार नहीं की जाएगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि गठबंधन की रणनीतिक दिशा पर असहमति का संकेत है। पोस्टर-विवाद को 'सरकार का डर' बताना एक राजनीतिक फ्रेमिंग है जो असली सवाल — गठबंधन के भीतर नेतृत्व और एजेंडे पर सहमति — से ध्यान हटाती है। जब तक इंडिया गठबंधन महंगाई और बेरोज़गारी पर साझा कार्यक्रम के बजाय केवल बैठकों की सफलता गिनता रहेगा, जनता के बीच उसकी विश्वसनीयता सीमित ही रहेगी।
RashtraPress
24 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

इंडिया गठबंधन की यह बैठक क्यों बुलाई गई?
कांग्रेस ने यह बैठक महंगाई, बेरोज़गारी और परीक्षा पर्चा लीक जैसे मुद्दों पर विपक्षी एकजुटता बनाने के लिए बुलाई। RSP नेता एन.के. प्रेमचंद्रन के अनुसार, मौजूदा राजनीतिक परिदृश्य में सभी विपक्षी दलों को एक साझा मंच पर लाना अनिवार्य हो गया है।
AAP और DMK इंडिया गठबंधन की बैठक में क्यों शामिल नहीं हुए?
प्रेमचंद्रन ने माना कि आम आदमी पार्टी और DMK ने बैठक में शामिल न होने का निर्णय लिया है। उन्होंने इसे गठबंधन के भीतर कुछ मुद्दों पर मतभेद का परिणाम बताया और उम्मीद जताई कि यह बैठक इन मतभेदों को सुलझाने में मदद करेगी।
बैठक से पहले दिल्ली में पोस्टर लगाने का मामला क्या है?
इंडिया गठबंधन की बैठक से पहले दिल्ली में कुछ पोस्टर और होर्डिंग्स लगाए गए। प्रेमचंद्रन ने इसे सत्तारूढ़ पक्ष की घबराहट का संकेत बताया और कहा कि पिछली बैठकों से पहले ऐसा कभी नहीं हुआ था।
एन.के. प्रेमचंद्रन कौन हैं और उनकी पार्टी का इंडिया गठबंधन में क्या स्थान है?
एन.के. प्रेमचंद्रन रेवोल्यूशनरी सोशलिस्ट पार्टी (RSP) के वरिष्ठ नेता हैं, जो इंडिया गठबंधन का हिस्सा है। वे केरल से सांसद हैं और विपक्षी एकजुटता के मुखर समर्थक माने जाते हैं।
इंडिया गठबंधन की बैठक से क्या हासिल होने की उम्मीद है?
प्रेमचंद्रन के अनुसार, यह बैठक जनविरोधी नीतियों के खिलाफ साझा रणनीति तय करने और गठबंधन के भीतर मतभेदों को सुलझाने की दिशा में महत्त्वपूर्ण कदम होगी। उन्होंने कहा कि आम जनता की समस्याओं के समाधान के लिए हर संभव प्रयास किया जाएगा।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 महीना पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 1 महीना पहले
  4. 1 महीना पहले
  5. 1 महीना पहले
  6. 1 महीना पहले
  7. 1 महीना पहले
  8. 1 महीना पहले