7 अगस्त 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

जेपीएससी-जेएसएससी विवाद: भाजपा सांसदों ने विपक्ष पर साधा निशाना, कहा — छात्रों को अकेला छोड़ दिया

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
जेपीएससी-जेएसएससी विवाद: भाजपा सांसदों ने विपक्ष पर साधा निशाना, कहा — छात्रों को अकेला छोड़ दिया

सारांश

झारखंड के जेपीएससी-जेएसएससी अभ्यर्थियों का धरना जारी है और BJP सांसद अब विपक्ष को सीधे कटघरे में खड़ा कर रहे हैं। निशिकांत दुबे ने 13 अगस्त के बाद भूख हड़ताल की चेतावनी दी है, जबकि संजय सेठ और संजय जायसवाल ने राहुल गांधी के वीडियो संवाद को 'खोखला राजनीतिक संदेश' करार दिया।

मुख्य बातें

BJP सांसद निशिकांत दुबे ने 13 अगस्त के बाद भूख हड़ताल की चेतावनी दी, पार्टी अध्यक्ष से अनुमति माँगी।
मुख्य आरोपी अभय तिवारी ने कथित तौर पर स्वीकार किया कि वह अभ्यर्थियों से पैसे लेकर संबंधित लोगों तक पहुँचाता था।
केंद्रीय राज्यमंत्री संजय सेठ ने कहा कि राहुल गांधी को 15 दिन बाद छात्रों की याद आई और वे वीडियो कॉल से काम चलाना चाहते हैं।
छात्रों की प्रमुख माँगें — सीबीआई जाँच और विवादित परीक्षाओं को रद्द करना — अब तक अनुत्तरित हैं।
BJP सांसद संजय जायसवाल ने कहा कि राहुल गांधी झारखंड और पंजाब जाने से बचते हैं जहाँ उनकी पार्टी सत्ता में या समर्थन में है।

झारखंड में जेपीएससी-जेएसएससी भर्ती घोटाले के खिलाफ अभ्यर्थियों का विरोध प्रदर्शन जारी रहने के बीच भारतीय जनता पार्टी (BJP) के सांसदों ने 7 अगस्त को कांग्रेस, झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) और राष्ट्रीय जनता दल (RJD) पर तीखा हमला बोला। BJP सांसदों ने आरोप लगाया कि विपक्षी दल केवल बयानबाजी कर रहे हैं जबकि झारखंड में उनकी सहयोगी सरकार छात्रों की प्रमुख मांगों पर कोई ठोस कदम उठाने में विफल रही है।

निशिकांत दुबे का राहुल गांधी पर हमला

BJP सांसद निशिकांत दुबे ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि वे बाहरी एजेंडे के तहत बयान देते हैं। दुबे ने मांग की कि राहुल गांधी यह स्पष्ट करें कि पिछले सात-आठ वर्षों में कांग्रेस, JMM और RJD के नेताओं के कितने रिश्तेदारों को सरकारी नौकरियाँ मिलीं।

दुबे ने यह भी कहा कि मामले के मुख्य आरोपी अभय तिवारी ने कथित तौर पर स्वीकार किया है कि वह अभ्यर्थियों से धनराशि लेकर उसे कई गुना बढ़ाकर संबंधित लोगों तक पहुँचाता था। उन्होंने माँग की कि इस पूरे प्रकरण में भ्रष्टाचार की गहन जाँच हो और यह भी सामने आए कि कितने परिवारों ने अपने बच्चों के भविष्य के लिए गहने बेचे या ज़मीन गिरवी रखी।

भूख हड़ताल की चेतावनी

दुबे ने चेतावनी दी कि संसद का मानसून सत्र 13 अगस्त तक चलेगा और यदि तब तक इस मामले में कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया, तो वे पार्टी नेतृत्व की अनुमति मिलने के बाद 13 अगस्त के बाद भूख हड़ताल पर बैठेंगे। उन्होंने बताया कि इसके लिए उन्होंने पार्टी अध्यक्ष से अनुमति भी माँगी है।

संजय सेठ का राहुल गांधी पर तंज

केंद्रीय राज्यमंत्री संजय सेठ ने राहुल गांधी द्वारा जेपीएससी-जेएसएससी अभ्यर्थियों से वीडियो माध्यम से संवाद करने पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि 15 दिन बाद राहुल गांधी को याद आया कि झारखंड में हज़ारों छात्र धरने पर बैठे हैं। सेठ के अनुसार, यदि उन्हें वास्तव में छात्रों की चिंता होती तो वे स्वयं झारखंड जाकर मिलते और अपनी सहयोगी सरकार पर कार्रवाई का दबाव बनाते।

सेठ ने आरोप लगाया कि झारखंड सरकार कांग्रेस के समर्थन से चलने के बावजूद छात्रों की दो प्रमुख माँगों — सीबीआई जाँच और विवादित परीक्षाओं को रद्द करने — पर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी केवल औपचारिक बयान देकर राजनीतिक संदेश देना चाहते हैं, जबकि छात्रों को वास्तविक न्याय के लिए राज्य सरकार को तत्काल निर्णय लेना होगा।

संजय जायसवाल की कांग्रेस पर आलोचना

BJP सांसद संजय जायसवाल ने भी कांग्रेस पर हमला बोलते हुए कहा कि राहुल गांधी केवल दिल्ली में बैठकर बयान देते हैं, लेकिन जिन राज्यों में उनकी पार्टी सत्ता में है या सरकार का समर्थन करती है, वहाँ जाने से बचते हैं। जायसवाल ने कहा कि राहुल गांधी न झारखंड जाएंगे और न पंजाब, जबकि इन दोनों राज्यों में छात्रों और युवाओं से जुड़े गंभीर मुद्दे सामने आए हैं।

यह ऐसे समय में आया है जब झारखंड के अभ्यर्थी लंबे समय से परीक्षा भर्ती में अनियमितताओं के विरुद्ध सड़कों पर हैं। आलोचकों का कहना है कि केंद्र और राज्य दोनों स्तरों पर राजनीतिक बयानबाजी तेज़ हो गई है, लेकिन छात्रों की माँगों पर अब तक कोई निर्णायक कदम नहीं उठाया गया है।

संपादकीय दृष्टिकोण

और अब तक वह भी चुप है। निशिकांत दुबे की भूख हड़ताल की चेतावनी दबाव की राजनीति है, लेकिन असली सवाल यह है कि छात्रों ने जो माँगें रखी हैं — सीबीआई जाँच और विवादित परीक्षाओं को रद्द करना — उन पर किसी भी दल ने अब तक ठोस प्रतिबद्धता नहीं दिखाई।
RashtraPress
7 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

जेपीएससी-जेएसएससी विवाद क्या है?
जेपीएससी (झारखंड लोक सेवा आयोग) और जेएसएससी (झारखंड कर्मचारी चयन आयोग) की भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर झारखंड के हज़ारों अभ्यर्थी विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। मुख्य आरोपी अभय तिवारी ने कथित तौर पर स्वीकार किया है कि वह परीक्षार्थियों से धनराशि लेकर संबंधित लोगों तक पहुँचाता था।
छात्रों की मुख्य माँगें क्या हैं?
अभ्यर्थियों की दो प्रमुख माँगें हैं — पहली, मामले की सीबीआई जाँच, और दूसरी, विवादित परीक्षाओं को रद्द करना। इन माँगों पर अब तक झारखंड सरकार की ओर से कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है।
निशिकांत दुबे ने भूख हड़ताल की चेतावनी क्यों दी?
BJP सांसद निशिकांत दुबे ने कहा कि यदि संसद के मानसून सत्र की समाप्ति यानी 13 अगस्त तक इस मामले में कोई ठोस फैसला नहीं लिया गया, तो वे पार्टी अध्यक्ष की अनुमति के बाद भूख हड़ताल पर बैठेंगे। उन्होंने इसके लिए पार्टी नेतृत्व से अनुमति माँगी है।
BJP ने राहुल गांधी के वीडियो संवाद पर क्या कहा?
केंद्रीय राज्यमंत्री संजय सेठ ने कहा कि 15 दिन बाद राहुल गांधी को छात्रों की याद आई और उन्होंने वीडियो कॉल से काम चलाया। उनके अनुसार, यदि राहुल गांधी को वास्तव में छात्रों की चिंता होती तो वे स्वयं झारखंड जाते और अपनी सहयोगी सरकार पर सीबीआई जाँच का दबाव बनाते।
इस मामले में झारखंड सरकार की क्या भूमिका है?
झारखंड सरकार कांग्रेस के समर्थन से चल रही है, लेकिन आलोचकों का कहना है कि सरकार ने अब तक छात्रों की प्रमुख माँगों पर कोई निर्णायक कदम नहीं उठाया है। BJP सांसदों ने सरकार पर निष्क्रियता का आरोप लगाते हुए तत्काल कार्रवाई की माँग की है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 6 घंटे पहले
  2. 8 घंटे पहले
  3. 13 घंटे पहले
  4. 21 घंटे पहले
  5. कल
  6. 2 दिन पहले
  7. 4 दिन पहले
  8. 1 सप्ताह पहले