कालिगंज नाबालिग हत्याकांड: सबित शेख और जियारुल शेख गिरफ्तार, तमन्ना खातून को मिलेगा न्याय?
सारांश
मुख्य बातें
नादिया जिले के कालिगंज में जून 2025 में हुई नाबालिग बच्ची तमन्ना खातून की हत्या के मामले में पश्चिम बंगाल पुलिस ने बुधवार, 24 जून 2026 को बड़ी कार्रवाई करते हुए दो फरार आरोपियों — सबित शेख और जियारुल शेख — को गिरफ्तार किया। मंगलवार देर रात गुप्त सूचना के आधार पर की गई इस छापेमारी के बाद दोनों को बुधवार को नादिया जिले की अदालत में पेश किया जाएगा, जहाँ पुलिस उनकी रिमांड की माँग करेगी।
मुख्य घटनाक्रम
यह मामला 23 जून 2025 की उस दर्दनाक घटना से जुड़ा है, जब कालिगंज विधानसभा उपचुनाव के नतीजे घोषित हो रहे थे। उस चुनाव में तृणमूल कांग्रेस (TMC) की उम्मीदवार अलिफा अहमद की भारी जीत हुई थी। जीत के जश्न में निकाले जा रहे विजय जुलूस के दौरान कथित तौर पर कुछ TMC कार्यकर्ताओं ने नाबालिग बच्ची तमन्ना खातून के घर पर कच्चे बम फेंके, जिसमें उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, सबित शेख और जियारुल शेख घटना के बाद से फरार थे। पुख्ता गुप्त सूचना मिलने पर पुलिस टीम ने छापेमारी कर दोनों को हिरासत में लिया।
पीड़ित परिवार की पृष्ठभूमि
तमन्ना खातून का परिवार भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) — सीपीएम — का समर्थक बताया गया था। इस हत्याकांड के बाद तमन्ना की माँ सबीना इयास्मीन शेख ने हाल ही में संपन्न पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में कालिगंज सीट से सीपीएम उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ा। हालाँकि, उन्हें TMC की अलिफा अहमद ने लगातार दूसरी बार पराजित किया।
मुख्यमंत्री की मुलाकात और कार्रवाई में तेज़ी
मंगलवार को मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर उन्हें न्याय दिलाने का भरोसा दिया था। इस मुलाकात के लगभग 12 घंटे के भीतर ही दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी हो गई, जिसे राज्य प्रशासन की त्वरित कार्रवाई के रूप में देखा जा रहा है।
सबीना इयास्मीन शेख ने इस गिरफ्तारी पर संतोष जताते हुए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। उन्होंने मीडिया से बातचीत में कहा कि मुख्यमंत्री ने उनकी बातों को ध्यान से सुना और न्याय का आश्वासन दिया, जिसके बाद पुलिस ने तेज़ी से कदम उठाए।
सरकार का रुख
मुख्यमंत्री ने विधानसभा में चर्चा के दौरान स्पष्ट किया कि राज्य सरकार महिलाओं और बच्चों के खिलाफ अपराधों पर जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही है। राज्य प्रशासन ने इस मामले में सख्त रुख अपनाया है और जाँच जारी है।
आगे क्या होगा
दोनों आरोपियों को नादिया जिला अदालत में पेश किए जाने के बाद पुलिस रिमांड पर पूछताछ की जाएगी, जिससे मामले में और अधिक तथ्य सामने आने की उम्मीद है। यह देखना होगा कि क्या इस गिरफ्तारी के बाद अन्य आरोपियों पर भी शिकंजा कसा जाएगा।