उडुपी में कलेजा चीर देने वाला हादसा: मां की गोद में सोए डेढ़ साल के दक्ष पर गिरा नारियल, मौत
सारांश
मुख्य बातें
कर्नाटक के उडुपी जिले के ब्रह्मवर तालुक स्थित चंतारा गांव के हेरंजालु में मंगलवार को एक हृदयविदारक घटना घटी, जब डेढ़ वर्षीय मासूम दक्ष के सिर पर पेड़ से नारियल गिर पड़ा और गंभीर चोटों के कारण उसकी मौत हो गई। बच्चा उस समय अपनी मां सुचित्रा के कंधे पर सो रहा था।
घटनाक्रम: कैसे हुआ हादसा
पुलिस के बयान के अनुसार, सुचित्रा अपने 6 वर्षीय बड़े बेटे को स्कूल छोड़ने जा रही थीं। उन्होंने बड़े बच्चे का हाथ पकड़ा हुआ था और छोटे बेटे दक्ष को कंधे पर बिठाया हुआ था। रास्ते में अचानक पेड़ से एक नारियल गिरा और सोते हुए दक्ष के सिर पर जा लगा, जिससे उसे गंभीर सिर की चोटें आईं।
स्थानीय लोगों ने तत्काल मदद की और घायल बच्चे को मणिपाल के एक अस्पताल पहुंचाया गया। चिकित्सकों के तमाम प्रयासों के बावजूद सिर पर लगी गहरी चोटों के कारण दक्ष को बचाया नहीं जा सका।
मृतक का परिचय
दक्ष, प्रशांत और सुचित्रा का दूसरा बेटा था। परिवार उडुपी जिले के ब्रह्मवर तालुक के चंतारा गांव का निवासी है। इस असामयिक मौत से पूरे गांव में शोक की लहर है।
पुलिस की कार्रवाई
ब्रह्मवर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और घटना की जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने गुरुवार, 11 जून 2026 को इस घटना की जानकारी सार्वजनिक की।
कर्नाटक में बच्चों के साथ हादसों का सिलसिला
यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब कर्नाटक में हाल के महीनों में छोटे बच्चों के साथ दुर्घटनाओं की कई दुखद खबरें आई हैं। जून 2026 के पहले हफ्ते में कलबुर्गी जिले के शाहबाद तालुक के टोनासानाहल्ली (एस) गांव में 3 वर्षीय बसवप्रभु की मौत हो गई थी, जब वह खेलते समय खड़ी कार की डिक्की में बंद हो गया और दम घुटने से उसकी जान चली गई। बसवप्रभु, कोट्टुरेश्वर स्वामी का इकलौता बेटा था।
इससे पहले मार्च 2026 में बेंगलुरु के ब्यादरहल्ली इलाके में 2.5 वर्षीय एक बच्चा खुले पानी के टैंक में गिरकर डूब गया था, जब उसके पिता पास में ही कार धो रहे थे। गौरतलब है कि ये घटनाएं बच्चों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करती हैं।
आगे क्या
ब्रह्मवर पुलिस की जांच जारी है। विशेषज्ञों का मानना है कि सार्वजनिक रास्तों और आवासीय क्षेत्रों में नारियल के पेड़ों की नियमित छंटाई और निगरानी जरूरी है, ताकि ऐसे हादसों को रोका जा सके।