ऑपरेशन मिलाप: नंद नगरी पुलिस ने दो लापता नाबालिग छात्राओं को सुरक्षित बरामद कर परिवार से मिलाया
सारांश
मुख्य बातें
दिल्ली के नॉर्थ-ईस्ट जिले की नंद नगरी थाना पुलिस ने ऑपरेशन मिलाप के तहत बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए दो लापता नाबालिग लड़कियों को सुरक्षित बरामद किया और 29 अगस्त को उन्हें उनके परिजनों को सौंप दिया। दोनों लड़कियाँ सरकारी गर्ल्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल, सुंदर नगरी में कक्षा 9 की छात्राएँ हैं और उनकी उम्र करीब 14 वर्ष है।
मामले का घटनाक्रम
19 अगस्त को दोनों नाबालिग लड़कियाँ अचानक लापता हो गईं। सूचना मिलते ही नंद नगरी थाने में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 137(2) के तहत दो अलग-अलग एफआईआर दर्ज की गईं और तत्काल जाँच शुरू की गई। यह मामला इसलिए भी संवेदनशील था क्योंकि दोनों पीड़िताएँ नाबालिग थीं और उनके परिजन गहरी चिंता में थे।
विशेष टीम का गठन और तलाशी अभियान
इंस्पेक्टर आनंद यादव, एसएचओ, थाना नंद नगरी के नेतृत्व में और विजय कुमार, एसीपी, नंद नगरी की देखरेख में विशेष टीमें गठित की गईं। टीमों ने तकनीकी निगरानी, मोबाइल नंबरों व लोकेशन की जाँच, संपर्कों और परिचितों का सत्यापन तथा व्यापक फील्ड इंटेलिजेंस के माध्यम से अहम सुराग जुटाए। इन बहुआयामी प्रयासों के चलते पुलिस को शीघ्र सफलता मिली।
पहली बरामदगी और अहम सुराग
22 अगस्त को पहली नाबालिग लड़की को सुरक्षित बरामद कर लिया गया। पूछताछ में उसने बताया कि मध्य प्रदेश की ओर जाते समय दोनों लड़कियों की मुलाकात एक व्यक्ति से हुई थी, जो बाद में उन्हें खजुराहो / बागेश्वर की तरफ ले गया। इस जानकारी ने जाँच को एक निर्णायक दिशा दी।
दूसरी नाबालिग की बरामदगी
पहली लड़की के बयान के आधार पर लगातार तकनीकी निगरानी, रिश्तेदारों व साथियों के सत्यापन और खुफिया जानकारी जुटाने के जरिए पुलिस टीम ने दूसरी लापता नाबालिग को भी सुरक्षित बरामद कर लिया। दोनों लड़कियों की कानूनी औपचारिकताएँ पूरी करने के बाद आवश्यक काउंसलिंग कराई गई और फिर उन्हें उनके माता-पिता को सौंपा गया।
आगे की जाँच जारी
पुलिस के अनुसार मामले में आगे की जाँच अभी जारी है। उस व्यक्ति की पहचान और भूमिका की पड़ताल की जा रही है जो दोनों लड़कियों को राज्य से बाहर ले गया था। यह मामला बाल सुरक्षा और नाबालिगों की तस्करी रोकने की दिशा में पुलिस की सतर्कता का उदाहरण बनकर सामने आया है।