29 अगस्त 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

ऑपरेशन मिलाप: नंद नगरी पुलिस ने दो लापता नाबालिग छात्राओं को सुरक्षित बरामद कर परिवार से मिलाया

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
ऑपरेशन मिलाप: नंद नगरी पुलिस ने दो लापता नाबालिग छात्राओं को सुरक्षित बरामद कर परिवार से मिलाया

सारांश

दिल्ली की नंद नगरी पुलिस ने ऑपरेशन मिलाप के तहत 19 अगस्त से लापता दो 14 वर्षीय छात्राओं को खजुराहो-बागेश्वर क्षेत्र से सुरक्षित बरामद किया। तकनीकी निगरानी और फील्ड इंटेलिजेंस के दम पर महज कुछ दिनों में मिली यह सफलता बाल सुरक्षा अभियानों की मिसाल है।

मुख्य बातें

नंद नगरी थाना पुलिस ने ऑपरेशन मिलाप के तहत दो लापता नाबालिग छात्राओं को सुरक्षित बरामद किया।
दोनों लड़कियाँ 19 अगस्त को लापता हुई थीं; उम्र करीब 14 वर्ष , कक्षा 9 की छात्राएँ।
BNS धारा 137(2) के तहत दो एफआईआर दर्ज; इंस्पेक्टर आनंद यादव और एसीपी विजय कुमार की देखरेख में विशेष टीम गठित।
पहली लड़की 22 अगस्त को बरामद; उसके बयान से पता चला कि दोनों को खजुराहो / बागेश्वर ले जाया गया था।
कानूनी औपचारिकताएँ और काउंसलिंग के बाद दोनों को 29 अगस्त को परिजनों को सौंपा गया; जाँच जारी है।

दिल्ली के नॉर्थ-ईस्ट जिले की नंद नगरी थाना पुलिस ने ऑपरेशन मिलाप के तहत बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए दो लापता नाबालिग लड़कियों को सुरक्षित बरामद किया और 29 अगस्त को उन्हें उनके परिजनों को सौंप दिया। दोनों लड़कियाँ सरकारी गर्ल्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल, सुंदर नगरी में कक्षा 9 की छात्राएँ हैं और उनकी उम्र करीब 14 वर्ष है।

मामले का घटनाक्रम

19 अगस्त को दोनों नाबालिग लड़कियाँ अचानक लापता हो गईं। सूचना मिलते ही नंद नगरी थाने में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 137(2) के तहत दो अलग-अलग एफआईआर दर्ज की गईं और तत्काल जाँच शुरू की गई। यह मामला इसलिए भी संवेदनशील था क्योंकि दोनों पीड़िताएँ नाबालिग थीं और उनके परिजन गहरी चिंता में थे।

विशेष टीम का गठन और तलाशी अभियान

इंस्पेक्टर आनंद यादव, एसएचओ, थाना नंद नगरी के नेतृत्व में और विजय कुमार, एसीपी, नंद नगरी की देखरेख में विशेष टीमें गठित की गईं। टीमों ने तकनीकी निगरानी, मोबाइल नंबरों व लोकेशन की जाँच, संपर्कों और परिचितों का सत्यापन तथा व्यापक फील्ड इंटेलिजेंस के माध्यम से अहम सुराग जुटाए। इन बहुआयामी प्रयासों के चलते पुलिस को शीघ्र सफलता मिली।

पहली बरामदगी और अहम सुराग

22 अगस्त को पहली नाबालिग लड़की को सुरक्षित बरामद कर लिया गया। पूछताछ में उसने बताया कि मध्य प्रदेश की ओर जाते समय दोनों लड़कियों की मुलाकात एक व्यक्ति से हुई थी, जो बाद में उन्हें खजुराहो / बागेश्वर की तरफ ले गया। इस जानकारी ने जाँच को एक निर्णायक दिशा दी।

दूसरी नाबालिग की बरामदगी

पहली लड़की के बयान के आधार पर लगातार तकनीकी निगरानी, रिश्तेदारों व साथियों के सत्यापन और खुफिया जानकारी जुटाने के जरिए पुलिस टीम ने दूसरी लापता नाबालिग को भी सुरक्षित बरामद कर लिया। दोनों लड़कियों की कानूनी औपचारिकताएँ पूरी करने के बाद आवश्यक काउंसलिंग कराई गई और फिर उन्हें उनके माता-पिता को सौंपा गया।

आगे की जाँच जारी

पुलिस के अनुसार मामले में आगे की जाँच अभी जारी है। उस व्यक्ति की पहचान और भूमिका की पड़ताल की जा रही है जो दोनों लड़कियों को राज्य से बाहर ले गया था। यह मामला बाल सुरक्षा और नाबालिगों की तस्करी रोकने की दिशा में पुलिस की सतर्कता का उदाहरण बनकर सामने आया है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली सवाल यह है कि दोनों नाबालिगों को राज्य की सीमा पार ले जाने वाले व्यक्ति के खिलाफ क्या कार्रवाई होगी। जाँच का दायरा अभी सीमित दिखता है — यदि यह मानव तस्करी का मामला निकला तो POCSO और तस्करी-रोधी कानूनों के तहत सख्त कदम अपेक्षित हैं। दिल्ली में नाबालिगों के लापता होने के मामले लगातार चिंताजनक बने हुए हैं, और ऐसे ऑपरेशन तब तक अधूरे हैं जब तक अपराधियों को सज़ा न मिले।
RashtraPress
29 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

ऑपरेशन मिलाप क्या है?
ऑपरेशन मिलाप दिल्ली पुलिस का एक विशेष अभियान है जिसके तहत लापता नाबालिगों को ढूंढकर उनके परिजनों से मिलाया जाता है। इस अभियान के तहत नंद नगरी थाना पुलिस ने 19 अगस्त से लापता दो 14 वर्षीय छात्राओं को सुरक्षित बरामद किया।
दोनों नाबालिग लड़कियाँ कब और कहाँ से लापता हुई थीं?
दोनों लड़कियाँ 19 अगस्त को लापता हुई थीं। वे सरकारी गर्ल्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल, सुंदर नगरी में कक्षा 9 की छात्राएँ हैं और नंद नगरी, नई दिल्ली की निवासी हैं।
पुलिस ने लड़कियों को कहाँ से बरामद किया?
पहली लड़की को 22 अगस्त को बरामद किया गया। उसके बयान के अनुसार दोनों को एक व्यक्ति खजुराहो / बागेश्वर की तरफ ले गया था, जहाँ से पुलिस ने दूसरी लड़की को भी सुरक्षित बरामद किया।
इस मामले में कौन-सी धाराएँ लगाई गई हैं?
नंद नगरी थाने में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 137(2) के तहत दो अलग-अलग एफआईआर दर्ज की गई हैं। मामले में आगे की जाँच अभी जारी है।
बरामदगी के बाद लड़कियों को कब परिजनों को सौंपा गया?
कानूनी औपचारिकताएँ पूरी करने और आवश्यक काउंसलिंग के बाद 29 अगस्त को दोनों नाबालिग लड़कियों को उनके माता-पिता को सुरक्षित सौंप दिया गया।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 2 सप्ताह पहले
  2. 3 सप्ताह पहले
  3. 3 महीने पहले
  4. 6 महीने पहले
  5. 7 महीने पहले
  6. 8 महीने पहले
  7. 9 महीने पहले
  8. 12 महीने पहले