राम मंदिर ट्रस्ट के नए सीईओ एयर मार्शल (रि.) जीतेंद्र मिश्रा: BJP का स्वागत, विपक्ष ने चढ़ावा चोरी पर माँगा जवाब
सारांश
मुख्य बातें
श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने एयर मार्शल (सेवानिवृत्त) जीतेंद्र मिश्रा को अपना नया मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) नियुक्त किया है। 2 सितंबर को सामने आई इस नियुक्ति पर राजनीतिक प्रतिक्रियाएँ तेज़ हो गई हैं — एक ओर भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने इसे सकारात्मक कदम बताया, तो दूसरी ओर विपक्षी नेताओं ने मंदिर में कथित चढ़ावा चोरी और वित्तीय अनियमितताओं पर जवाबदेही की माँग उठाई है।
BJP का स्वागत: देशसेवा को मिला सम्मान
BJP नेता लाकेट चटर्जी ने नियुक्ति को 'अच्छी खबर' करार दिया। उन्होंने कहा कि देश की सेवा और सुरक्षा में योगदान देने वाले व्यक्ति को रामलला से जुड़ी जिम्मेदारी मिलना एक सकारात्मक संदेश है और यह एक तरह का आशीर्वाद है।
BJP के राष्ट्रीय प्रवक्ता आरपी सिंह ने मिश्रा को बधाई देते हुए कहा कि वे उस समय एयर मार्शल के पद पर थे जब ऑपरेशन सिंदूर संचालित हुआ था। उन्होंने उम्मीद जताई कि मिश्रा ट्रस्ट के कामकाज को पूरी पारदर्शिता के साथ संचालित करेंगे।
उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने भी मिश्रा को बधाई दी और भगवान श्रीराम की कृपा से ट्रस्ट के सभी कार्य सुचारु रूप से संपन्न होने की कामना की।
विपक्ष के सवाल: चढ़ावा चोरी पर जवाबदेही कब?
उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने नियुक्ति पर तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने सवाल किया कि केवल सीईओ बदलने से क्या होगा, जब तक मंदिर में कथित चढ़ावा चोरी के आरोपियों के विरुद्ध ठोस कार्रवाई नहीं होती। उनका कहना है कि जवाबदेही और पारदर्शिता सुनिश्चित किए बिना यह नियुक्ति महज एक औपचारिकता है।
तेलंगाना के मंत्री एन. उत्तम कुमार रेड्डी ने कहा कि राम मंदिर में दिए जाने वाले दान और चढ़ावे करोड़ों भारतीयों की आस्था से जुड़े हैं। उन्होंने कथित वित्तीय अनियमितताओं को 'बेहद चौंकाने वाला' बताया और कहा कि यह और भी गंभीर इसलिए है क्योंकि कथित तौर पर यह उन लोगों की निगरानी में हुआ जो स्वयं को धर्मनिष्ठ हिंदू बताते हैं।
हिमाचल विपक्ष नेता की शुभकामनाएँ
हिमाचल प्रदेश विधानसभा में विपक्ष के नेता जयराम ठाकुर ने ट्रस्ट को शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने कहा कि यह मंदिर करोड़ों लोगों की आस्था और श्रद्धा का केंद्र है और उम्मीद है कि आगे भी इससे जुड़े सभी कार्यों में आस्था का भाव प्रमुख बना रहेगा तथा लोगों का विश्वास और मज़बूत होगा।
इमाम एसोसिएशन की प्रतिक्रिया और वित्तीय प्रबंधन पर उम्मीद
ऑल इंडिया इमाम एसोसिएशन के अध्यक्ष मौलाना साजिद राशिदी ने सवाल उठाया कि सेना में जिम्मेदारी संभाल चुके व्यक्ति के लिए धार्मिक मंदिर का प्रबंधन किस तरह की चुनौती होगी। हालाँकि, उन्होंने माना कि ट्रस्ट के सदस्यों ने विधिवत चयन प्रक्रिया के बाद मिश्रा पर भरोसा जताया है। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस नियुक्ति से मंदिर के वित्तीय प्रबंधन को और मज़बूत करने में मदद मिलेगी।
यह नियुक्ति ऐसे समय में हुई है जब राम मंदिर ट्रस्ट पर कथित चढ़ावा चोरी को लेकर विपक्षी दलों का दबाव बना हुआ है। अब देखना यह होगा कि नए सीईओ के नेतृत्व में ट्रस्ट इन आरोपों का सामना कैसे करता है और पारदर्शिता की दिशा में क्या ठोस कदम उठाए जाते हैं।