पेपर लीक पर राहुल गांधी केवल राजनीति कर रहे हैं, बच्चों की नहीं सोच रहे: रविशंकर प्रसाद
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के वरिष्ठ सांसद रविशंकर प्रसाद ने 22 जुलाई को लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर कड़ा प्रहार करते हुए आरोप लगाया कि वह नीट सहित विभिन्न परीक्षाओं में पेपर लीक के मुद्दे को केवल अपनी राजनीतिक छवि चमकाने के लिए भुना रहे हैं, न कि छात्रों के हित में। प्रसाद ने स्पष्ट किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पहले ही सार्वजनिक रूप से आश्वस्त कर चुके हैं कि भविष्य में किसी भी परीक्षा में प्रश्नपत्र लीक नहीं होने दिया जाएगा और इस पूरे सिंडिकेट को जड़ से समाप्त किया जाएगा।
मुख्य आरोप और पलटवार
प्रसाद ने सवाल उठाया कि क्या कांग्रेस-शासित राज्यों में पेपर लीक की घटनाएँ कभी नहीं हुईं। उन्होंने कहा, 'क्या कांग्रेस शासित राज्यों में कभी पेपर लीक नहीं हुए? क्या हम भी उन मामलों को उजागर करना शुरू करें? लेकिन हमारी राजनीति राहुल गांधी के स्तर की नहीं है।' उन्होंने यह भी कहा कि यह मामला बच्चों के भविष्य से जुड़ा है और सरकार इसे पूरी गंभीरता से ले रही है।
PM आवास के बाहर धरने पर कड़ी प्रतिक्रिया
BJP सांसद ने मंगलवार को राहुल गांधी द्वारा प्रधानमंत्री आवास के बाहर बिना अनुमति के किए गए धरने को भारतीय लोकतंत्र के इतिहास में 'बेहद शर्मनाक' करार दिया। प्रसाद ने कहा कि राहुल गांधी भली-भाँति जानते हैं कि प्रधानमंत्री आवास की गरिमा और मर्यादा क्या होती है, फिर भी उन्होंने ऐसा गैर-जिम्मेदाराना व्यवहार किया।
उन्होंने यह भी याद दिलाया कि राहुल गांधी के पिता, दादी इंदिरा गांधी और परदादा जवाहरलाल नेहरू — तीनों इस पद को सुशोभित कर चुके हैं, इसलिए प्रधानमंत्री आवास की गरिमा से वे अनजान नहीं हो सकते।
सरकार की कार्रवाई और आगे का रोडमैप
प्रसाद के अनुसार, प्रधानमंत्री मोदी ने स्वयं माना है कि नीट परीक्षा में जो हुआ वह गलत था और इसीलिए बाद की परीक्षाओं को फुलप्रूफ बनाने के लिए ठोस कदम उठाए गए हैं। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री ने पेपर लीक मामले में गिरफ्तार सभी आरोपियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाने का निर्देश दिया है और वरिष्ठ वकीलों से भी इस दिशा में सहयोग की अपील की है।
संसद में बहस पर BJP का रुख
रविशंकर प्रसाद ने कहा कि भाजपा इस मुद्दे पर संसद में पूर्ण और सार्थक बहस के लिए तैयार है, ताकि देश में सकारात्मक संदेश जाए। उन्होंने विपक्ष पर आरोप लगाया कि वह एक ओर संसद की कार्यवाही बाधित करता है और दूसरी ओर बहस की माँग करता है। प्रसाद ने राहुल गांधी से आग्रह किया कि यदि उनके पास कोई रचनात्मक सुझाव है तो वह सदन के सामने रखें — केवल राजनीतिक आरोपबाजी से छात्रों का भला नहीं होगा।