शेखपुरा डीएम शेखर आनंद की साप्ताहिक समीक्षा बैठक: लंबित आवेदन दो सप्ताह में निपटाने का सख्त आदेश
सारांश
मुख्य बातें
बिहार के शेखपुरा जिले के समाहरणालय स्थित मंथन सभागार में जिला पदाधिकारी शेखर आनंद की अध्यक्षता में सोमवार, 13 जुलाई को साप्ताहिक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में जिले की विकास योजनाओं, जनशिकायतों के निराकरण और सरकारी पोर्टल पर लंबित आवेदनों की गहन समीक्षा की गई। डीएम ने सभी विभागीय अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि लंबित मामलों का दो सप्ताह के भीतर गुणवत्तापूर्ण निष्पादन सुनिश्चित किया जाए।
पेयजल आपूर्ति और जनशिकायत निवारण
अरियरी प्रखंड और चेवाड़ा प्रखंड में पेयजल आपूर्ति की स्थिति पर विशेष ध्यान दिया गया। जिला पदाधिकारी शेखर आनंद ने जिले में निर्बाध पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने पर बल देते हुए संबंधित अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। साथ ही पीएचईडी के कार्यपालक अभियंता को आदेश दिया गया कि जिले के समस्त आंगनबाड़ी केंद्रों में शौचालय और पेयजल की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
जनसमाधान और सहयोग पोर्टल के लंबित मामले
बैठक में 'जनसमाधान पोर्टल' और 'सहयोग पोर्टल' के अंतर्गत दर्ज लंबित आवेदनों की विस्तृत समीक्षा की गई। डीएम ने संबंधित विभागों को कड़े शब्दों में कहा कि इन आवेदनों का दो सप्ताह के भीतर निष्पादन किया जाए, ताकि आम नागरिकों को अनावश्यक परेशानी न उठानी पड़े। इसके अलावा मुख्यमंत्री जनता दरबार, सीएम डैशबोर्ड, सीपीजीआरएएमएस और उच्च न्यायालय में लंबित मामलों पर भी त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
स्वास्थ्य, दिव्यांगजन और समाज कल्याण
समाज कल्याण विभाग के अंतर्गत पेंशन से संबंधित योग्य लाभुकों के लंबित आवेदनों की त्वरित जाँच और निष्पादन का निर्देश दिया गया। दिव्यांगजनों के लिए यूडीआईडी कार्ड निर्माण से जुड़े सभी लंबित आवेदनों को सिविल सर्जन को दो सप्ताह के भीतर निपटाने की समय-सीमा दी गई। स्वास्थ्य विभाग को जिले को टीबी मुक्त बनाने के अभियान में गति लाने का भी निर्देश मिला।
ग्रामीण विकास और आधुनिकीकरण
ग्रामीण क्षेत्रों के विकास को प्राथमिकता देते हुए डीएम ने सभी पंचायतों में सोलर स्ट्रीट लाइट लगाने का निर्देश दिया। पंचायत सरकार भवन और कन्या विवाह मंडप के निर्माण में तेजी लाने तथा 'अभियान बसेरा' के तहत योग्य परिवारों के लिए भूमि चिन्हित करने को कहा गया। जिले के सभी नए सरकारी भवनों में रेन वाटर हार्वेस्टिंग प्रणाली अनिवार्य रूप से स्थापित करने का आदेश भी जारी किया गया। इसके अतिरिक्त अनाज भंडारण हेतु उपयुक्त भूमि चिन्हित करने, दाखिल-खारिज, परिमार्जन, लगान वसूली और जमाबंदी के कार्यों में तेजी लाने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में उपस्थित अधिकारी
इस समीक्षा बैठक में अपर समाहर्ता, उप विकास आयुक्त, सिविल सर्जन, जिला भू-अर्जन पदाधिकारी, जिला परिवहन पदाधिकारी, अनुमंडल पदाधिकारी, भूमि सुधार उप समाहर्ता, जिला शिक्षा पदाधिकारी सहित जिला एवं प्रखंड स्तर के समस्त वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। आगामी सप्ताह की बैठक में इन निर्देशों के अनुपालन की स्थिति की समीक्षा की जाएगी।