मणिपुर CM खेमचंद सिंह बोले — एकजुट मणिपुर ही 36 समुदायों का एकमात्र भविष्य
सारांश
मुख्य बातें
मणिपुर के मुख्यमंत्री युमनाम खेमचंद सिंह ने शुक्रवार, 19 जून 2026 को स्पष्ट कहा कि राज्य में बसे सभी समुदायों के लिए एकजुट मणिपुर ही आगे बढ़ने का एकमात्र रास्ता है। उन्होंने जोर देकर कहा कि मणिपुर की पहचान और क्षेत्रीय अखंडता 36 समुदायों के सामूहिक बलिदान और योगदान से सुरक्षित रही है।
कार्यक्रम का संदर्भ
मुख्यमंत्री तेंगनौपाल जिले के जनजातीय बहुल क्षेत्र लाइचिंग हेकाकपोकपी में मिशन ब्लाइंड स्कूल के नवनिर्मित छात्रावास के उद्घाटन एवं स्वागत समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने लोगों से अपने पूर्वजों की विरासत को संजोने और उसे आगे बढ़ाने की अपील की।
उन्होंने कहा कि हेकाकपोकपी और आसपास के क्षेत्रों में विभिन्न समुदायों के लोग साथ रहते हैं, और राज्य का विकास तभी संभव है जब सभी समुदाय आपसी सम्मान, भाईचारे और शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व की भावना के साथ मिलकर आगे बढ़ें।
सिंगापुर का उदाहरण और शांति की अपील
खेमचंद सिंह ने सिंगापुर का उदाहरण देते हुए कहा कि जब लोग सामुदायिक विभाजन से ऊपर उठकर साझा पहचान और समान उद्देश्य के साथ काम करते हैं, तभी वास्तविक विकास संभव होता है। उन्होंने स्थायी शांति की अपील करते हुए कहा कि हिंसा किसी भी समस्या का समाधान नहीं हो सकती।
मुख्यमंत्री ने कहा कि समाज के सभी वर्गों को संवाद और आपसी समझ के ज़रिए मतभेद दूर करने चाहिए। उन्होंने यह भी रेखांकित किया कि लंबे समय से जारी संकट के कारण राज्य की अर्थव्यवस्था को भारी नुकसान उठाना पड़ा है।
सामान्य स्थिति के संकेत
मुख्यमंत्री ने कहा कि तीन वर्षों से अधिक समय तक चले संघर्ष के बाद अब सामान्य स्थिति लौटने के संकेत दिखाई दे रहे हैं। उन्होंने बताया कि कई कुकी निवासी अब इम्फाल आकर हवाई यात्रा कर रहे हैं और हाल के महीनों में विभिन्न समूहों ने उनसे मुलाकात कर राज्य में शांति और सामान्य स्थिति बहाल करने के उपायों पर चर्चा की है। उन्होंने सभी पक्षों से शांति प्रक्रिया को मजबूत करने और आने वाली पीढ़ियों के हित में इसे बनाए रखने का आग्रह किया।
मिशन ब्लाइंड स्कूल को अपग्रेड करने की घोषणा
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि राज्य सरकार मिशन ब्लाइंड स्कूल को कक्षा 8 से बढ़ाकर कक्षा 10 तक अपग्रेड करेगी, ताकि दृष्टिबाधित छात्रों को आगे की पढ़ाई के लिए दूसरे संस्थानों में स्थानांतरित न होना पड़े। उन्होंने समाज कल्याण विभाग के निदेशक को इस प्रस्ताव पर शीघ्र कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
समारोह में उपस्थित गणमान्य
कार्यक्रम में मारिंग, कोम और ताराओ जनजातीय समुदायों द्वारा सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ दी गईं, जबकि मिशन ब्लाइंड स्कूल के विद्यार्थियों ने भी अपने कार्यक्रम प्रस्तुत किए। स्थानीय प्रतिनिधियों और आयोजकों ने क्षेत्र के विकास से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपा। समारोह में तेंगनौपाल के उपायुक्त सौरभ यादव, कर्नल अमित माने और एंग्लो-मणिपुर युद्ध 1891 न्याय समिति के अध्यक्ष जॉयचंद्र कोंथौजाम सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। यह समारोह ऐसे समय में आयोजित हुआ जब मणिपुर में सांप्रदायिक सद्भाव की बहाली की कोशिशें जारी हैं और राज्य सरकार संवाद के ज़रिए स्थायी समाधान की दिशा में काम कर रही है।