टीएमसी के निलंबित प्रवक्ता रिजु दत्ता बोले — अति-आत्मविश्वास से हारी तृणमूल कांग्रेस
सारांश
मुख्य बातें
तृणमूल कांग्रेस (TMC) के निलंबित प्रवक्ता रिजु दत्ता ने गुरुवार, 2 जुलाई को कई अहम मुद्दों पर खुलकर अपनी राय रखी — अभिषेक बनर्जी से जुड़े डीजे मामले में सीआईडी पूछताछ से लेकर पश्चिम बंगाल में TMC की हार के कारणों तक। दत्ता ने साफ शब्दों में कहा कि अति-आत्मविश्वास ही तृणमूल कांग्रेस की पराजय की मूल वजह रही।
सीआईडी पूछताछ और डीजे मामला
भवानी भवन में हुई सीआईडी की पूछताछ पर दत्ता ने बताया कि उन्हें अभिषेक बनर्जी के खिलाफ चल रहे डीजे मामले में गवाह के तौर पर बुलाया गया था। उन्होंने कहा, 'सीबीआई ने नोटिस देकर बुलाया था, जिसके बाद मैं पहुंचा। सीआईडी के अधिकारियों ने बहुत सहयोग किया और मैंने भी हर तरह से सहयोग किया। मुझे जो बताना था, वो मैंने बता दिया।' यह पूछे जाने पर कि क्या उन्हें दोबारा बुलाया जाएगा, दत्ता ने कहा कि अभी तक ऐसा कोई निमंत्रण नहीं आया, लेकिन यदि बुलाया गया तो वे जरूर जाएंगे।
रेवंत रेड्डी और TMC की हार पर बेबाक टिप्पणी
तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए दत्ता ने कहा कि रेड्डी को अपना और ममता बनर्जी का राजनीतिक रिकॉर्ड एक बार देख लेना चाहिए। उन्होंने कहा, 'ममता बनर्जी अगर भाजपा से हार सकती हैं, तो रेवंत रेड्डी को हराना भाजपा के लिए बड़ी बात नहीं है।' दत्ता ने स्पष्ट किया कि वे यह नहीं कह रहे कि रेड्डी हारेंगे, लेकिन अति-आत्मविश्वास से बचने की नसीहत जरूर दी। उन्होंने जोड़ा, 'लोग आपके साथ रहेंगे तो आप जीतेंगे, और अगर लोग साथ नहीं रहेंगे तो आप भी हारेंगे।'
TMC बागी विधायक गुट और चुनाव आयोग
नई दिल्ली में चुनाव आयोग (ECI) के अधिकारियों के साथ TMC के बागी विधायक रितब्रत बनर्जी के गुट की बैठक पर दत्ता ने सवाल उठाए। उन्होंने पूछा कि क्या उस गुट के पास विधायकों की पर्याप्त संख्या है और क्या उनकी राष्ट्रीय कार्यकारिणी बन चुकी है। दत्ता ने कहा कि जो भी चुनाव आयोग का सिद्धांत होगा, वह सामने आ जाएगा।
यूसीसी और बंगाल में अंडा फेंकने की घटनाएं
समान नागरिक संहिता (UCC) पर मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी की कैबिनेट बैठक का समर्थन करते हुए दत्ता ने कहा कि UCC लाना चाहिए। उनके अनुसार, 'देश एक है, संविधान एक है, तिरंगा एक है — तो एक ही कानून होना चाहिए।' उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि UCC का धर्म से कोई संबंध नहीं है और जो इसे धर्म से जोड़ रहे हैं, वे राजनीति कर रहे हैं।
बंगाल में नेताओं पर अंडे फेंकने की घटनाओं की निंदा करते हुए दत्ता ने कहा कि किसी भी सभ्य समाज में यह नहीं होना चाहिए। उन्होंने कहा कि हाई कोर्ट, भाजपा अध्यक्ष समिक भट्टाचार्य और स्वयं मुख्यमंत्री ने भी इसका विरोध किया है। दत्ता ने कहा, 'एक महिला सांसद अगर सुरक्षित नहीं है, तो फिर क्या होगा? ऐसी हरकतें नई सरकार की छवि खराब कर रही हैं।'
विधायकों के प्रशिक्षण कार्यक्रम पर रुख
लोकसभा अध्यक्ष के दो दिवसीय पश्चिम बंगाल दौरे और नवनिर्वाचित विधायकों से मुलाकात को दत्ता ने एक आवश्यक प्रशिक्षण कार्यक्रम बताया। उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू, लोकसभा अध्यक्ष, बंगाल के स्पीकर और मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी सभी शामिल होंगे। चूंकि अधिकतर विधायक पहली बार चुने गए हैं, इसलिए यह प्रशिक्षण बंगाल की जनता की बेहतर सेवा के लिए जरूरी है। दत्ता के ये बयान ऐसे समय में आए हैं जब बंगाल की नई सरकार अपने शुरुआती महीनों में विपक्षी दबाव और आंतरिक बगावत दोनों का सामना कर रही है।