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जेलेंस्की का दावा: रियाजान रिफाइनरी, पर्म और रोस्तोव के ठिकानों पर यूक्रेन के लंबी दूरी के हमले

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जेलेंस्की का दावा: रियाजान रिफाइनरी, पर्म और रोस्तोव के ठिकानों पर यूक्रेन के लंबी दूरी के हमले

सारांश

जेलेंस्की का दावा है कि यूक्रेन ने रियाजान, पर्म और रोस्तोव में रूस के ऊर्जा व सैन्य ठिकानों पर सटीक लंबी दूरी के हमले किए — साथ ही लॉकहीड मार्टिन के साथ F-16 और पैट्रियट के संयुक्त उत्पादन पर बातचीत, यूक्रेन की दोहरी रणनीति को उजागर करती है।

मुख्य बातें

वोलोदिमिर जेलेंस्की ने 29 जुलाई को दावा किया कि यूक्रेन ने रूस के कई ऊर्जा व सैन्य ठिकानों पर सफल लंबी दूरी के हमले किए।
रियाजान की तेल रिफाइनरी और लॉजिस्टिक्स सेंटर निशाने पर — यूक्रेन सीमा से लगभग 360 किलोमीटर दूर।
पर्म क्षेत्र की रिफाइनरी, रोस्तोव का निर्यात टर्मिनल और एक सैन्य उद्यम भी हमले में शामिल।
कब्जे वाले क्रीमिया में रूसी ब्लैक सी फ्लीट की तेज नौकाओं के बेस पर भी हमले का दावा।
जेलेंस्की ने लॉकहीड मार्टिन से मुलाकात की; ATACMS, HIMARS, F-16 और पैट्रियट के संयुक्त उत्पादन पर चर्चा।
इन हमलों की स्वतंत्र पुष्टि अभी तक नहीं हुई है।

यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने 29 जुलाई को दावा किया कि यूक्रेनी सेना ने रूस के कई अहम ऊर्जा और सैन्य ठिकानों पर सफल लंबी दूरी के हमले किए हैं। जेलेंस्की के अनुसार, ये ठिकाने रूस को यूक्रेन के विरुद्ध युद्ध जारी रखने में सहायता कर रहे थे।

किन ठिकानों पर हुए हमले

जेलेंस्की ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, 'रूस के उन ठिकानों पर हमारी लंबी दूरी की कार्रवाई के नए नतीजे सामने आए हैं, जो युद्ध को जारी रखने और उसे सहारा देने का काम कर रहे हैं।' उनके अनुसार, रियाजान में एक तेल रिफाइनरी और एक लॉजिस्टिक्स सेंटर को निशाना बनाया गया — यह स्थान यूक्रेन की सीमा से लगभग 360 किलोमीटर दूर है। इसके अतिरिक्त, अस्थायी रूप से कब्जे वाले क्रीमिया में रूसी ब्लैक सी फ्लीट की तेज रफ्तार नौकाओं के बेस पर भी हमला किया गया।

जेलेंस्की ने यह भी बताया कि पर्म क्षेत्र की एक तेल रिफाइनरी, रोस्तोव क्षेत्र के एक निर्यात टर्मिनल और एक सैन्य उद्यम को भी इस कार्रवाई में निशाना बनाया गया।

जेलेंस्की का बयान

जेलेंस्की ने एक्स पर अपने पोस्ट में लिखा, 'मैं हमारे सभी योद्धाओं का उनकी सटीक कार्रवाई के लिए धन्यवाद देता हूं। साथ ही उन सभी लोगों का भी आभारी हूं, जिनकी वजह से इस तरह की लंबी दूरी की कार्रवाइयां सफल हो रही हैं। रूस को हर दिन यह महसूस होना चाहिए कि इस युद्ध की कीमत उसे लगातार ज्यादा चुकानी पड़ेगी।' उन्होंने आगे कहा कि यूक्रेन का लक्ष्य आक्रामक पक्ष को कमज़ोर करना और उस पर दबाव बनाए रखना है, ताकि युद्ध जल्द से जल्द समाप्त हो सके।

लॉकहीड मार्टिन से मुलाकात

एक अन्य एक्स पोस्ट में जेलेंस्की ने अमेरिकी रक्षा कंपनी लॉकहीड मार्टिन की टीम के साथ हुई बैठक का विवरण साझा किया। उन्होंने लिखा, 'मैंने लॉकहीड मार्टिन की टीम से मुलाकात की। यह अमेरिका की सबसे मजबूत रक्षा कंपनियों में से एक है और हम लंबे समय से इसके साथ मिलकर काम कर रहे हैं।' लॉकहीड मार्टिन वह कंपनी है जो ATACMS, HIMARS, F-16 लड़ाकू विमान और पैट्रियट सिस्टम के लिए मिसाइलें निर्मित करती है।

जेलेंस्की के अनुसार, बैठक में संयुक्त उत्पादन और तकनीकी आदान-प्रदान पर विस्तार से चर्चा हुई। उन्होंने कहा कि यूक्रेन के पास भी ऐसी तकनीक और अनुभव है जो वह उन देशों और कंपनियों के साथ साझा कर सकता है जो उसकी सुरक्षा में सहयोग कर रहे हैं।

आगे क्या होगा

जेलेंस्की ने बताया कि यूक्रेनी और लॉकहीड मार्टिन की टीमें पैट्रियट और अन्य रक्षा प्रणालियों के संयुक्त उत्पादन की ठोस योजनाओं पर पहले से काम कर रही हैं। गौरतलब है कि यह ऐसे समय में आया है जब यूक्रेन-रूस युद्ध तीन वर्षों से अधिक समय से जारी है और यूक्रेन पश्चिमी देशों से हथियार आपूर्ति बढ़ाने की लगातार माँग कर रहा है। इन हमलों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि अभी तक नहीं हो पाई है।

संपादकीय दृष्टिकोण

यदि सत्यापित हो, तो यूक्रेन की मारक क्षमता में उल्लेखनीय विस्तार का संकेत देता है। हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि न होना एक अहम चेतावनी है — युद्धकाल में दोनों पक्षों के बयान प्रचार का हिस्सा भी हो सकते हैं। लॉकहीड मार्टिन से संयुक्त उत्पादन की बातचीत यह भी दर्शाती है कि यूक्रेन अब केवल हथियार प्राप्तकर्ता नहीं, बल्कि रक्षा-औद्योगिक साझेदार बनने की कोशिश कर रहा है — जो पश्चिमी समर्थन को दीर्घकालिक बनाने की चतुर कूटनीति है।
RashtraPress
29 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

जेलेंस्की ने किन रूसी ठिकानों पर हमले का दावा किया है?
जेलेंस्की के अनुसार, यूक्रेन ने रियाजान की तेल रिफाइनरी और लॉजिस्टिक्स सेंटर, पर्म क्षेत्र की एक रिफाइनरी, रोस्तोव के एक निर्यात टर्मिनल और एक सैन्य उद्यम, तथा क्रीमिया में रूसी ब्लैक सी फ्लीट के बेस पर हमले किए। ये सभी ठिकाने रूस को युद्ध जारी रखने में सहायता करते थे।
रियाजान यूक्रेन की सीमा से कितना दूर है?
रियाजान यूक्रेन की सीमा से लगभग 360 किलोमीटर दूर है। इस दूरी पर हमले का दावा यूक्रेन की बढ़ती लंबी दूरी की मारक क्षमता को रेखांकित करता है, हालांकि इसकी स्वतंत्र पुष्टि अभी तक नहीं हुई है।
जेलेंस्की की लॉकहीड मार्टिन से मुलाकात में क्या हुआ?
जेलेंस्की ने अमेरिकी रक्षा कंपनी लॉकहीड मार्टिन की टीम से मुलाकात की, जो ATACMS, HIMARS, F-16 और पैट्रियट सिस्टम की मिसाइलें बनाती है। बैठक में संयुक्त उत्पादन और तकनीकी आदान-प्रदान पर चर्चा हुई।
क्या इन हमलों की स्वतंत्र पुष्टि हुई है?
अभी तक इन हमलों की किसी स्वतंत्र स्रोत से पुष्टि नहीं हुई है। ये दावे यूक्रेनी राष्ट्रपति जेलेंस्की के एक्स पोस्ट पर आधारित हैं।
यूक्रेन रूस के ऊर्जा ठिकानों को क्यों निशाना बना रहा है?
यूक्रेन की रणनीति रूस की ऊर्जा आपूर्ति श्रृंखला को कमज़ोर करके युद्ध की आर्थिक कीमत बढ़ाना है। जेलेंस्की के अनुसार, इससे रूस पर दबाव बनाया जा सकता है और युद्ध का जल्द अंत संभव हो सकता है।
राष्ट्र प्रेस
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