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हेमा मालिनी का सफलता का राज: 'भरतनाट्यम ने दिया अनुशासन, इसी से बनी फिल्मों में पहचान'

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हेमा मालिनी का सफलता का राज: 'भरतनाट्यम ने दिया अनुशासन, इसी से बनी फिल्मों में पहचान'

सारांश

छह दशक के फिल्मी सफर के बाद हेमा मालिनी ने अपनी सफलता का वह राज खोला जो उनकी परवरिश में छिपा था — 8 साल की उम्र से सीखा भरतनाट्यम। अनुशासन, समर्पण और एकाग्रता, जो नृत्य ने सिखाई, वही फिल्म इंडस्ट्री में भी उनकी ताकत बनी।

मुख्य बातें

हेमा मालिनी ने 21 जुलाई को 'इंडियन आइडल' के मंच पर अपने करियर की सफलता का मूल मंत्र साझा किया।
उन्होंने 8 साल की उम्र से भरतनाट्यम सीखना शुरू किया और आज भी इस कला से जुड़ी हैं।
हेमा मालिनी ने कहा कि शास्त्रीय नृत्य ने उन्हें अनुशासन, एकाग्रता और समर्पण सिखाया, जो फिल्मों में भी काम आया।
रैपर बादशाह ने उन्हें फिल्मों से पहले से ही 'सुपरस्टार जैसी शख्सियत' बताया।
गायिका श्रेया घोषाल ने कहा कि हेमा मालिनी का नृत्य से कभी न टूटा नाता उन्हें सबसे अधिक प्रेरित करता है।

बॉलीवुड की 'ड्रीम गर्ल' हेमा मालिनी ने 21 जुलाई को सिंगिंग रियलिटी शो 'इंडियन आइडल' के मंच पर अपने छह दशक से अधिक लंबे फिल्मी सफर की सफलता के पीछे के मूल मंत्र का खुलासा किया। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि लगन, अनुशासन और एकाग्रता — ये तीनों गुण उन्हें बचपन से सीखे गए शास्त्रीय नृत्य भरतनाट्यम ने दिए हैं। भारतीय सिनेमा में अपनी अमिट छाप छोड़ने वाली हेमा मालिनी का यह बयान उन सभी के लिए एक सीख है, जो कला और करियर में श्रेष्ठता की तलाश में हैं।

भरतनाट्यम से मिली जीवन की नींव

हेमा मालिनी ने बताया कि उन्होंने मात्र आठ साल की उम्र से शास्त्रीय नृत्य भरतनाट्यम सीखना शुरू किया था और तब से लेकर आज तक इस कला से उनका नाता अटूट रहा है। उन्होंने कहा, 'मैंने कई शो किए हैं और कई बार अकेले दो घंटे तक प्रस्तुति दी है। इसके लिए बहुत समर्पण, एकाग्रता और मेहनत की जरूरत होती है।' यह साफ दर्शाता है कि मंच पर उनकी उपस्थिति केवल प्रतिभा का नहीं, बल्कि वर्षों के अनुशासित अभ्यास का परिणाम है।

फिल्म इंडस्ट्री में सफलता का असली फॉर्मूला

हेमा मालिनी ने 'इंडियन आइडल' के मंच पर यह भी स्पष्ट किया कि फिल्मों में केवल प्रतिभा से काम नहीं चलता। उनके शब्दों में, 'भरतनाट्यम ने मुझे जीवन में अनुशासन का महत्व समझाया। शायद यही वजह है कि मैं फिल्मों में भी सफल हो पाई। मस्ती अपनी जगह है, लेकिन जब काम करने का समय आए तो बाकी सब कुछ भूलकर पूरी तरह अपने काम के लिए समर्पित होना पड़ता है।' यह ऐसे समय में आया है जब फिल्म उद्योग में त्वरित सफलता की चाह रखने वाले नए कलाकारों की कोई कमी नहीं है।

बादशाह और श्रेया घोषाल ने की तारीफ

शो के दौरान रैपर बादशाह ने हेमा मालिनी के व्यक्तित्व की भूरि-भूरि प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि हेमा मालिनी को देखकर हमेशा ऐसा लगता है कि वह फिल्मों में आने से पहले से ही एक सुपरस्टार जैसी शख्सियत रखती थीं। वहीं, मशहूर गायिका श्रेया घोषाल ने भी हेमा मालिनी से जुड़ी एक पुरानी स्मृति साझा की। उन्होंने कहा, 'मैंने उनका एक वीडियो देखा था, जिसमें वह शायद 15 या 16 साल की थीं और भरतनाट्यम प्रस्तुति की तैयारी करती नजर आ रही थीं। हेमा जी एक क्वीन हैं। सबसे खास बात यह है कि उन्होंने कभी नृत्य को खुद से दूर नहीं किया और यही बात मुझे सबसे ज्यादा प्रेरित करती है।'

कला और करियर का अटूट रिश्ता

गौरतलब है कि हेमा मालिनी न केवल एक अभिनेत्री बल्कि एक प्रशिक्षित शास्त्रीय नृत्यांगना भी हैं, जो दशकों से भरतनाट्यम के मंच पर अपनी कला का प्रदर्शन करती आई हैं। यह उनकी उन कलाकारों में से एक बनाता है जिन्होंने व्यावसायिक सफलता और शास्त्रीय कला — दोनों को एक साथ साधा है। उनका यह सफर आने वाली पीढ़ी के कलाकारों के लिए एक प्रेरणादायक मिसाल बना रहेगा।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन गहराई में यह उस बड़े सवाल को छूता है जो आज के फिल्म उद्योग पर मंडरा रहा है — क्या त्वरित प्रसिद्धि के इस दौर में शास्त्रीय अनुशासन की जगह बची है? छह दशकों में हेमा मालिनी ने जो स्थायित्व हासिल किया, वह उन अनगिनत कलाकारों के लिए एक आईना है जो प्रतिभा को ही पर्याप्त मान लेते हैं। मुख्यधारा की कवरेज अक्सर इस पहलू को नजरअंदाज करती है कि शास्त्रीय कलाओं की पृष्ठभूमि ने भारतीय सिनेमा के कई स्तंभों को गढ़ा है। असली सवाल यह है कि क्या आज की फिल्म शिक्षा और प्रशिक्षण व्यवस्था इस तरह की दीर्घकालिक नींव को प्रोत्साहित करती है।
RashtraPress
21 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

हेमा मालिनी ने अपनी सफलता का मंत्र क्या बताया?
हेमा मालिनी ने कहा कि लगन, अनुशासन और एकाग्रता उनकी सफलता की कुंजी हैं, जो उन्हें 8 साल की उम्र से सीखे गए शास्त्रीय नृत्य भरतनाट्यम ने दिए। उनके अनुसार, काम के समय बाकी सब कुछ भूलकर पूरी तरह समर्पित होना जरूरी है।
हेमा मालिनी ने भरतनाट्यम कब से सीखना शुरू किया?
हेमा मालिनी ने 8 साल की उम्र से भरतनाट्यम सीखना शुरू किया था और तब से लेकर आज तक इस कला को उन्होंने अपने जीवन से अलग नहीं किया। उन्होंने कई मंचीय प्रस्तुतियाँ दी हैं, जिनमें अकेले दो घंटे तक का प्रदर्शन भी शामिल है।
'इंडियन आइडल' पर हेमा मालिनी के बारे में श्रेया घोषाल ने क्या कहा?
श्रेया घोषाल ने कहा कि उन्होंने हेमा मालिनी का 15-16 साल की उम्र का एक वीडियो देखा था जिसमें वह भरतनाट्यम की तैयारी कर रही थीं। उन्होंने हेमा मालिनी को 'क्वीन' बताते हुए कहा कि नृत्य को कभी न छोड़ना उनकी सबसे प्रेरणादायक बात है।
रैपर बादशाह ने हेमा मालिनी के बारे में क्या कहा?
बादशाह ने कहा कि हेमा मालिनी को देखकर हमेशा लगता है कि वह फिल्मों में आने से पहले से ही एक सुपरस्टार जैसी शख्सियत रखती थीं। यह टिप्पणी उनके स्वाभाविक करिश्मे और व्यक्तित्व की ओर इशारा करती है।
हेमा मालिनी का फिल्मी करियर कितने समय का है?
हेमा मालिनी का फिल्मी करियर छह दशक से अधिक लंबा है, जिसमें उन्होंने भारतीय सिनेमा में अनेक यादगार किरदार निभाए और 'ड्रीम गर्ल' के नाम से पहचान बनाई। वे आज भी सक्रिय हैं और शास्त्रीय नृत्य से उनका जुड़ाव बना हुआ है।
राष्ट्र प्रेस
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