31 अगस्त 2026
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बिश्केक में PM मोदी को छात्रों ने सुनाया 'वैष्णव जन तो', गांधी प्रतिमा पर अर्पित की पुष्पांजलि

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बिश्केक में PM मोदी को छात्रों ने सुनाया 'वैष्णव जन तो', गांधी प्रतिमा पर अर्पित की पुष्पांजलि

सारांश

बिश्केक में SCO शिखर सम्मेलन के दौरान PM मोदी का एक भावुक पल — भारतीय छात्रों ने गांधी जी का प्रिय भजन 'वैष्णव जन तो' सुनाया और प्रधानमंत्री भावविभोर हो गए। कूटनीति और संस्कृति का यह संगम किर्गिस्तान में भारत की सॉफ्ट पावर का जीवंत उदाहरण बना।

मुख्य बातें

PM नरेंद्र मोदी ने 31 अगस्त को बिश्केक में महात्मा गांधी की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित की।
महाराष्ट्र के पार्थ, विशाखापत्तनम की काव्या और महाराष्ट्र के पृथ्वीराज चौहान ने 'वैष्णव जन तो' भजन प्रस्तुत किया।
यह गांधी स्मारक मोदी ने 2015 में किर्गिस्तान की पहली यात्रा में अनावरण किया था।
मोदी ने SCO के 26वें शिखर सम्मेलन में भाग लिया और आर्मेनिया, किर्गिस्तान, ईरान व रूस के नेताओं से द्विपक्षीय बैठकें कीं।
प्रधानमंत्री छठे वर्ल्ड नोमैड गेम्स के उद्घाटन समारोह में भी शामिल हुए।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार, 31 अगस्त को किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में महात्मा गांधी की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर राष्ट्रपिता को श्रद्धांजलि दी। इस भावपूर्ण अवसर पर भारतीय मूल के छात्रों ने बापू का प्रिय भजन 'वैष्णव जन तो' प्रस्तुत किया, जिसे सुनकर प्रधानमंत्री भावविभोर हो गए।

छात्रों की भावभीनी प्रस्तुति

किर्गिस्तान में उच्च शिक्षा प्राप्त कर रहे तीन भारतीय छात्रों — महाराष्ट्र के पार्थ, विशाखापत्तनम की काव्या और महाराष्ट्र के ही पृथ्वीराज चौहान — ने बताया कि उन्होंने प्रधानमंत्री के समक्ष 'वैष्णव जन तो' भजन प्रस्तुत किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री यह भजन सुनकर गहरे भाव में डूब गए।

प्रधानमंत्री मोदी ने स्वयं सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि उन्होंने बिश्केक स्थित महात्मा गांधी की प्रतिमा को नमन किया और कहा — 'गांधी जी के विचार हमारे मनःपटल पर हमेशा छाए रहेंगे।'

गांधी स्मारक का ऐतिहासिक महत्व

गौरतलब है कि बिश्केक स्थित इस महात्मा गांधी स्मारक का अनावरण स्वयं प्रधानमंत्री मोदी ने 2015 में किर्गिस्तान की अपनी पहली यात्रा के दौरान किया था। एससीओ के 26वें शिखर सम्मेलन में भाग लेने पहुँचे मोदी ने इस बार पुनः उसी स्मारक पर पुष्पांजलि अर्पित की। यह ऐसे समय में आया है जब भारत-मध्य एशिया संबंधों को नई ऊर्जा देने की कोशिश हो रही है।

कूटनीतिक बैठकों का व्यस्त दिन

सोमवार का दिन कूटनीतिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण रहा। प्रधानमंत्री मोदी ने आर्मेनिया के प्रधानमंत्री, किर्गिस्तान के राष्ट्रपति सदिर जापारोव, ईरान के राष्ट्रपति और रूस के राष्ट्रपति से अलग-अलग द्विपक्षीय बैठकें कीं और विभिन्न मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की।

रविवार देर रात जब प्रधानमंत्री उज्बेकिस्तान से बिश्केक हवाई अड्डे पर पहुँचे, तो किर्गिज़ गणराज्य के कैबिनेट ऑफ मिनिस्टर्स के चेयरमैन आदिलबेक कासिमालीव ने उनका स्वागत किया। होटल पहुँचने पर प्रवासी भारतीयों ने भी गर्मजोशी से उनका अभिनंदन किया।

सांस्कृतिक कार्यक्रम और योग प्रस्तुति

प्रधानमंत्री के सम्मान में आयोजित भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रम में कलाकारों ने 'वंदे मातरम्' की धुन पर योगाभ्यास की अद्भुत प्रस्तुति दी। गोमुखासन से लेकर वीरभद्रासन तक विभिन्न आसन पूरे सामंजस्य के साथ प्रदर्शित किए गए। कार्यक्रम की कुछ झलकियाँ प्रधानमंत्री ने स्वयं सोशल मीडिया पर साझा कीं।

वर्ल्ड नोमैड गेम्स में भागीदारी

शाम को प्रधानमंत्री मोदी रात 8 बजे से 10:30 बजे तक किर्गिस्तान के राष्ट्रपति सदिर जापारोव द्वारा आयोजित छठे वर्ल्ड नोमैड गेम्स के आधिकारिक उद्घाटन समारोह में शामिल हुए। इसके बाद राष्ट्राध्यक्षों और शासनाध्यक्षों के लिए अनौपचारिक रात्रिभोज और सांस्कृतिक कार्यक्रम का भी आयोजन किया गया। यह दो दिवसीय यात्रा भारत की मध्य एशियाई देशों के साथ बढ़ती कूटनीतिक सक्रियता का प्रतीक है।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि भारत की सॉफ्ट पावर कूटनीति की सुनियोजित अभिव्यक्ति है। SCO जैसे मंच पर, जहाँ चीन और रूस का वर्चस्व है, भारत सांस्कृतिक पहचान और गांधीवादी मूल्यों के ज़रिए अपनी अलग उपस्थिति दर्ज कराता है। यह उल्लेखनीय है कि यही स्मारक मोदी ने 2015 में स्थापित किया था — यानी यह यात्रा एक दशक पुरानी कूटनीतिक विरासत को भी ताज़ा करती है। सवाल यह है कि सांस्कृतिक संवाद की इस ऊर्जा को क्या ठोस द्विपक्षीय समझौतों में बदला जा सका।
RashtraPress
31 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

PM मोदी ने बिश्केक में क्या किया?
PM मोदी ने 31 अगस्त को बिश्केक स्थित महात्मा गांधी की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित की और SCO के 26वें शिखर सम्मेलन में भाग लिया। इस दौरान उन्होंने आर्मेनिया, किर्गिस्तान, ईरान और रूस के नेताओं से अलग-अलग द्विपक्षीय बैठकें भी कीं।
'वैष्णव जन तो' भजन किसने और कहाँ सुनाया?
महाराष्ट्र के पार्थ, विशाखापत्तनम की काव्या और महाराष्ट्र के पृथ्वीराज चौहान — तीन भारतीय छात्रों ने बिश्केक स्थित महात्मा गांधी स्मारक पर PM मोदी को यह भजन सुनाया। तीनों किर्गिस्तान में उच्च शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं।
बिश्केक में महात्मा गांधी स्मारक कब बना था?
इस स्मारक का अनावरण PM मोदी ने 2015 में किर्गिस्तान की अपनी पहली यात्रा के दौरान किया था। 2026 की इस यात्रा में उन्होंने पुनः उसी स्मारक पर पुष्पांजलि अर्पित की।
SCO का 26वाँ शिखर सम्मेलन कहाँ हुआ?
शंघाई सहयोग संगठन (SCO) का 26वाँ शिखर सम्मेलन किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में आयोजित हुआ। PM मोदी इसी सम्मेलन में भाग लेने दो दिवसीय यात्रा पर किर्गिस्तान पहुँचे थे।
वर्ल्ड नोमैड गेम्स में मोदी की क्या भूमिका रही?
PM मोदी रात 8 बजे से 10:30 बजे तक किर्गिस्तान के राष्ट्रपति सदिर जापारोव द्वारा आयोजित छठे वर्ल्ड नोमैड गेम्स के आधिकारिक उद्घाटन समारोह में विशेष अतिथि के रूप में शामिल हुए। इसके बाद राष्ट्राध्यक्षों के लिए अनौपचारिक रात्रिभोज भी आयोजित किया गया।
राष्ट्र प्रेस
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