21 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

योग दिवस 2026: आयुष मंत्रालय ने बताया — एनिमल पोज से लेकर ग्रुप योगा तक, हर उम्र के लिए मजेदार है योगासन

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
योग दिवस 2026: आयुष मंत्रालय ने बताया — एनिमल पोज से लेकर ग्रुप योगा तक, हर उम्र के लिए मजेदार है योगासन

सारांश

योग दिवस से ठीक पहले आयुष मंत्रालय ने योग को मज़ेदार बनाने का फॉर्मूला पेश किया — एनिमल पोज, ऑफिस योगा ब्रेक और 'योग क्रिएटिविटी चैलेंज'। संदेश साफ है: जब योग आनंददायक होगा, तभी यह जीवनभर की आदत बनेगा।

मुख्य बातें

आयुष मंत्रालय ने 6 जून 2026 को योग दिवस की उलटी गिनती के बीच योगासन को मजेदार बनाने के उपाय साझा किए।
एनिमल पोज जैसी जानवरों की मुद्राएँ बच्चों में योग के प्रति रुचि बढ़ाती हैं और शरीर को लचीला बनाती हैं।
स्कूलों और कार्यालयों में छोटे योगा ब्रेक से थकान कम होती है और एकाग्रता बढ़ती है।
मंत्रालय ने 'योग क्रिएटिविटी चैलेंज' की घोषणा की — लोग अनोखे पोज की फोटो-वीडियो सोशल मीडिया पर साझा कर सकते हैं।
योग विशेषज्ञों ने युवाओं से हेल्दी एजिंग की नींव आज से रखने का आग्रह किया।
मंत्रालय के अनुसार योग सिर्फ आसन नहीं — प्राणायाम, ध्यान और शारीरिक जागरूकता का समग्र अभ्यास है।

आयुष मंत्रालय ने 6 जून 2026 को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की उलटी गिनती के बीच स्पष्ट किया कि योगासन केवल स्वास्थ्य लाभ तक सीमित नहीं है — सही तरीके से अपनाया जाए तो यह बच्चों, युवाओं और बुजुर्गों सभी के लिए एक आनंददायक दैनिक अभ्यास बन सकता है। मंत्रालय प्रतिदिन नए आसनों की जानकारी साझा कर लोगों को योग को अपनी दिनचर्या में शामिल करने के लिए प्रोत्साहित कर रहा है।

एनिमल पोज: बच्चों के लिए योग का सबसे मजेदार तरीका

मंत्रालय के अनुसार, योगासन को रोचक बनाने का सबसे प्रभावी तरीका है एनिमल पोज — यानी जानवरों की मुद्राओं पर आधारित आसन। इन मुद्राओं को अपनाने से बच्चों में योग सीखने की जिज्ञासा बढ़ती है और साथ ही शरीर में लचीलापन भी आता है। गौरतलब है कि जब योग को खेल की तरह प्रस्तुत किया जाता है, तो बच्चे उसे अधिक उत्साह से अपनाते हैं।

स्कूल और ऑफिस में योगा ब्रेक की सलाह

मंत्रालय ने स्कूलों और कार्यालयों में कक्षाओं या कार्य-सत्रों के बीच छोटे योगा ब्रेक लेने की सिफारिश की है। इससे न केवल थकान दूर होती है, बल्कि एकाग्रता और उत्पादकता में भी सुधार होता है। यह सुझाव ऐसे समय में आया है जब कामकाजी जीवनशैली में तनाव और स्क्रीन-टाइम तेज़ी से बढ़ रहे हैं।

योग क्रिएटिविटी चैलेंज: सोशल मीडिया पर रचनात्मकता का आह्वान

मंत्रालय ने 'योग क्रिएटिविटी चैलेंज' की घोषणा की है, जिसमें प्रतिभागी अपने सबसे अनोखे और रचनात्मक योग पोज बनाकर उन्हें फोटो या वीडियो के रूप में सोशल मीडिया पर साझा कर सकते हैं। मंत्रालय का मानना है कि यह चैलेंज लोगों को योग के प्रति नई दृष्टि से सोचने और नई मुद्राएँ आज़माने के लिए प्रेरित करेगा। ग्रुप योगा एक्टिविटीज के ज़रिए परिवार और मित्रों के साथ मिलकर योग करने से इसका आनंद दोगुना हो जाता है।

स्वस्थ बुढ़ापे की नींव आज से: विशेषज्ञों की राय

योग विशेषज्ञों ने विशेष रूप से युवाओं से आग्रह किया है कि हेल्दी एजिंग की तैयारी आज से ही शुरू करें। नियमित योगाभ्यास, हल्की शारीरिक गतिविधि और सकारात्मक जीवनशैली के संयोजन से उम्र बढ़ने के साथ भी शरीर और मन स्वस्थ बना रहता है। मंत्रालय के अनुसार, जब योग मनोरंजक होता है तो लोग इसे दीर्घकालिक रूप से जारी रखते हैं — और यही इसकी सबसे बड़ी शक्ति है।

योग: सिर्फ आसन नहीं, जीवन का समग्र दर्शन

मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि योग केवल शारीरिक मुद्राओं तक सीमित नहीं है — यह श्वास तकनीक (प्राणायाम), ध्यान (मेडिटेशन) और शारीरिक जागरूकता का एक समग्र समूह है जो हर आयु वर्ग को लाभ पहुँचाता है। घर पर, पार्क में या कक्षा में — कहीं भी, किसी भी समय योग किया जा सकता है। आने वाले अंतरराष्ट्रीय योग दिवस से पहले मंत्रालय की यह मुहिम देशभर में योग को जन-आंदोलन का रूप देने की दिशा में एक सुनियोजित कदम है।

संपादकीय दृष्टिकोण

स्मार्टफोन-सक्षम युवाओं तक तो पहुँचते हैं, लेकिन ग्रामीण और वंचित तबकों तक इनकी पहुँच सीमित रहती है। जब तक योग को स्कूली पाठ्यक्रम और सार्वजनिक स्वास्थ्य ढाँचे में संस्थागत रूप से नहीं जोड़ा जाता, ये अभियान योग दिवस तक की रौनक बनकर रह जाते हैं।
RashtraPress
21 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

आयुष मंत्रालय ने योग को मजेदार बनाने के लिए क्या सुझाव दिए हैं?
आयुष मंत्रालय ने एनिमल पोज, ग्रुप योगा एक्टिविटीज, स्कूल-ऑफिस में योगा ब्रेक और 'योग क्रिएटिविटी चैलेंज' जैसे उपाय सुझाए हैं। ये तरीके योग को रोजमर्रा की दिनचर्या में रोचक और टिकाऊ बनाते हैं।
योग क्रिएटिविटी चैलेंज क्या है?
यह आयुष मंत्रालय द्वारा घोषित एक सोशल मीडिया अभियान है जिसमें लोग अपने सबसे अनोखे और रचनात्मक योग पोज की फोटो या वीडियो सोशल मीडिया पर साझा कर सकते हैं। इसका उद्देश्य लोगों को योग के प्रति रचनात्मक रूप से जोड़ना और नई मुद्राएँ आज़माने के लिए प्रेरित करना है।
बच्चों के लिए योग सीखने का सबसे अच्छा तरीका कौन सा है?
आयुष मंत्रालय के अनुसार, एनिमल पोज — यानी जानवरों की मुद्राओं पर आधारित योगासन — बच्चों के लिए सबसे प्रभावी और मनोरंजक तरीका है। इससे बच्चों में योग के प्रति जिज्ञासा बढ़ती है और शरीर में लचीलापन भी आता है।
क्या योग केवल शारीरिक आसनों तक सीमित है?
नहीं। मंत्रालय के अनुसार योग श्वास तकनीक (प्राणायाम), ध्यान और शारीरिक जागरूकता का एक समग्र अभ्यास है। यह हर उम्र के लोगों को लाभ पहुँचाता है और घर, पार्क या कक्षा — कहीं भी किया जा सकता है।
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस कब मनाया जाता है?
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस प्रतिवर्ष 21 जून को मनाया जाता है। इसकी शुरुआत 2015 में हुई थी जब संयुक्त राष्ट्र ने भारत के प्रस्ताव पर इस तिथि को आधिकारिक मान्यता दी थी।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 महीना पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 1 महीना पहले
  4. 1 महीना पहले
  5. 1 महीना पहले
  6. 1 महीना पहले
  7. 2 महीने पहले
  8. 3 महीने पहले