30 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

पैलेट गन से छात्रों पर फायरिंग का आदेश किसने दिया? कांग्रेस सांसद नासिर हुसैन ने गृह मंत्री से माँगा जवाब

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
पैलेट गन से छात्रों पर फायरिंग का आदेश किसने दिया? कांग्रेस सांसद नासिर हुसैन ने गृह मंत्री से माँगा जवाब

सारांश

संसद में कांग्रेस सांसद नासिर हुसैन ने सीधा सवाल दागा — प्रदर्शनकारी छात्रों पर पैलेट गन, कंटीली लाठियाँ और आँसू गैस का इस्तेमाल किसके आदेश पर हुआ? FIR न करने के सरकारी वादे और ज़मीन पर कथित कार्रवाई के बीच की खाई अब संसद की बहस में केंद्र बन गई है।

मुख्य बातें

कांग्रेस सांसद नासिर हुसैन ने 30 जुलाई को लोकसभा में प्रदर्शनकारी छात्रों पर पैलेट गन चलाने के आदेश की जवाबदेही माँगी।
राहुल गांधी के बयान — कि केंद्रीय गृह मंत्री के आदेश पर बच्चों पर फायरिंग हुई — पर किरेन रिजिजू ने माफी और साक्ष्य की माँग की।
हुसैन ने आरोप लगाया कि सरकार ने आंदोलनकारी छात्रों पर FIR न करने का वादा किया था, लेकिन कथित तौर पर पुलिस उनके घरों तक पहुँच रही है।
आंदोलन में भोजन व सामग्री देने वाले लोगों को भी कथित तौर पर चिन्हित कर कार्रवाई की जा रही है।
हुसैन ने गृह मंत्री अमित शाह से सदन में आकर स्थिति स्पष्ट करने और चर्चा में भाग लेने की माँग की।

लोकसभा में कांग्रेस सांसद नासिर हुसैन ने 30 जुलाई को नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी का बचाव करते हुए सरकार से सीधा सवाल किया — प्रदर्शनकारी छात्रों पर पैलेट गन चलाने का आदेश आखिर किसने दिया? यह विवाद तब गहराया जब राहुल गांधी ने सदन में कहा था कि केंद्रीय गृह मंत्री के आदेश पर बच्चों पर फायरिंग की गई, जिस पर संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने आपत्ति जताते हुए माफी और साक्ष्य की माँग की।

मुख्य घटनाक्रम

नासिर हुसैन ने संसद में तर्क दिया कि संवैधानिक परंपरा के अनुसार देश में पुलिस-प्रशासन से जुड़े किसी भी मुद्दे पर केंद्रीय गृह मंत्री को ही जवाब देना होता है। उन्होंने कहा, 'इस देश के बच्चों के माता-पिता जानना चाहते हैं कि प्रदर्शनकारी छात्रों पर पैलेट गन चलाने का आदेश किसने दिया, कांटों से भरी लाठियाँ किसने भाँजीं, आँसू गैस के गोले किसने दागे और उन्हें बेरहमी से किसने पीटा।'

सरकारी वादे और ज़मीनी हकीकत

हुसैन ने आरोप लगाया कि सरकार ने आंदोलन में शामिल छात्रों के खिलाफ कोई प्राथमिकी (FIR) दर्ज न करने का वादा किया था, लेकिन कथित तौर पर पुलिस अब उन छात्रों के घरों तक पहुँच रही है जो इस प्रदर्शन में शामिल हुए थे। उन्होंने बताया कि जिन लोगों ने आंदोलनकारियों को भोजन और अन्य सामग्री उपलब्ध कराई, उन्हें भी चिन्हित कर कार्रवाई की जा रही है।

उन्होंने कहा कि बेरोज़गार युवाओं से भी यह पूछा जा रहा है कि वे उस आंदोलन में शामिल क्यों हुए। हुसैन के शब्दों में, 'जब आपने युवाओं को नौकरी नहीं दी, तो ज़ाहिर है वे नौकरी माँगने के लिए आगे आएँगे ही।'

गृह मंत्री से जवाब की माँग

कांग्रेस सांसद ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को इस पूरे मामले पर संज्ञान लेकर सदन में आकर अपनी स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए और चर्चा में भाग लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि जैसे ही चर्चा में गृह मंत्री का नाम आया, सत्तापक्ष ने आपत्ति दर्ज कराना शुरू कर दिया, जो उनके अनुसार विपक्ष को बोलने से रोकने की रणनीति है।

एंटी-पेपर लीक विधेयक पर रुख

हुसैन ने एंटी-पेपर लीक विधेयक पर भी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि कांग्रेस हर मुद्दे पर संसद में खुली चर्चा की पक्षधर है। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्तापक्ष राहुल गांधी को छात्रों के मुद्दे उठाने से व्यवस्थित रूप से रोक रहा है।

आगे क्या

यह विवाद संसद के मॉनसून सत्र में विपक्ष और सरकार के बीच बढ़ते टकराव की एक कड़ी है। छात्र आंदोलन से जुड़े सवाल — पुलिस कार्रवाई की जवाबदेही, वादों का पालन और बेरोज़गारी — अब सीधे संसदीय बहस के केंद्र में आ गए हैं। आने वाले दिनों में विपक्ष इस मुद्दे को और तेज़ करने के संकेत दे रहा है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन बिना ठोस साक्ष्य के आदेश-श्रृंखला पर सीधे आरोप लगाना उनकी विश्वसनीयता को कमज़ोर कर सकता है। सत्तापक्ष का चर्चा रोकने का रवैया भी उतना ही संदेहास्पद है — पारदर्शिता से ही इस विवाद का समाधान संभव है।
RashtraPress
30 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

कांग्रेस सांसद नासिर हुसैन ने संसद में क्या माँग की?
नासिर हुसैन ने लोकसभा में माँग की कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सदन में आकर यह स्पष्ट करें कि प्रदर्शनकारी छात्रों पर पैलेट गन चलाने, कंटीली लाठियाँ भाँजने और आँसू गैस दागने का आदेश किसने दिया। उन्होंने कहा कि छात्रों के माता-पिता इस सवाल का जवाब चाहते हैं।
राहुल गांधी के किस बयान पर विवाद हुआ?
राहुल गांधी ने लोकसभा में कहा था कि केंद्रीय गृह मंत्री के आदेश पर बच्चों पर फायरिंग की गई। इस पर संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने आपत्ति जताते हुए राहुल गांधी से माफी और इस दावे के समर्थन में ठोस प्रमाण प्रस्तुत करने की माँग की।
सरकार ने छात्र आंदोलन को लेकर क्या वादा किया था?
कांग्रेस सांसद नासिर हुसैन के अनुसार, सरकार ने वादा किया था कि आंदोलन में शामिल छात्रों के खिलाफ कोई FIR दर्ज नहीं की जाएगी। हुसैन ने आरोप लगाया कि इसके बावजूद कथित तौर पर पुलिस आंदोलनकारी छात्रों के घरों तक पहुँच रही है।
आंदोलन में मदद करने वालों पर क्या कार्रवाई हो रही है?
नासिर हुसैन के अनुसार, जिन लोगों ने आंदोलनकारी छात्रों को भोजन या अन्य सामग्री उपलब्ध कराई, उन्हें भी कथित तौर पर चिन्हित कर कार्रवाई की जा रही है और उनसे पूछताछ की जा रही है।
यह विवाद संसद के किस सत्र में उठा?
यह विवाद संसद के मॉनसून सत्र में 30 जुलाई को लोकसभा में उठा, जब छात्र आंदोलन, एंटी-पेपर लीक विधेयक और पुलिस कार्रवाई की जवाबदेही पर बहस हो रही थी।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 घंटा पहले
  2. 1 घंटा पहले
  3. 4 घंटे पहले
  4. 22 घंटे पहले
  5. कल
  6. कल
  7. 3 दिन पहले
  8. 4 दिन पहले