13 जुलाई 2026
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बारुईपुर हिंसा: माकपा नेता लहेक अली गिरफ्तार, मंत्री दिलीप घोष बोले — दोषियों को नहीं बख्शा जाएगा

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बारुईपुर हिंसा: माकपा नेता लहेक अली गिरफ्तार, मंत्री दिलीप घोष बोले — दोषियों को नहीं बख्शा जाएगा

सारांश

बारुईपुर में नाबालिग से कथित दुष्कर्म-हत्या के बाद भड़की हिंसा में माकपा नेता लहेक अली गिरफ्तार। मंत्री दिलीप घोष ने साफ कहा — अपराधी हो या उपद्रवी, कोई नहीं बचेगा। सेवाश्रय पहल पर भी सरकार ने सवाल उठाए।

मुख्य बातें

माकपा नेता लहेक अली को बारुईपुर हिंसा भड़काने के आरोप में पुलिस ने गिरफ्तार किया।
मंत्री दिलीप घोष ने 13 जुलाई को कहा — दुष्कर्म-हत्या के दोषी और सार्वजनिक संपत्ति नष्ट करने वाले, दोनों पर कार्रवाई होगी।
घोष ने आरोप लगाया कि पूर्व राज्य सरकार ने केंद्र की कल्याणकारी योजनाओं को लागू नहीं होने दिया और हजारों करोड़ रुपये अटके रहे।
TMC सांसद अभिषेक बनर्जी की 'सेवाश्रय' पहल पर घोष ने गलत इलाज के मामलों का हवाला देते हुए कानूनी कार्रवाई की सलाह दी।
मंत्री ने भारतीय नौसेना की क्षमता का उल्लेख करते हुए मध्य पूर्व की स्थिति पर भारत के सक्षम होने का भरोसा जताया।

पश्चिम बंगाल के बारुईपुर में एक नाबालिग से कथित दुष्कर्म और हत्या के बाद भड़की हिंसा के सिलसिले में पुलिस ने माकपा नेता लहेक अली को गिरफ्तार किया है। पुलिस का आरोप है कि अली ने हिंसा भड़काने में सक्रिय भूमिका निभाई। 13 जुलाई को मीडिया से बात करते हुए मंत्री दिलीप घोष ने स्पष्ट किया कि सरकार न केवल मूल अपराध के दोषियों पर, बल्कि सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुँचाने वालों पर भी कड़ी कार्रवाई करेगी।

गिरफ्तारी और हिंसा का घटनाक्रम

बारुईपुर में नाबालिग से कथित दुष्कर्म और हत्या की खबर सामने आने के बाद इलाके में तनाव फैल गया और हिंसक घटनाएँ हुईं। पुलिस के अनुसार, माकपा नेता लहेक अली ने इस अशांति को भड़काने में भूमिका निभाई, जिसके चलते उन्हें हिरासत में लिया गया। सार्वजनिक संपत्ति को भी नुकसान पहुँचाया गया, जिसे लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है।

सरकार की प्रतिक्रिया

मंत्री दिलीप घोष ने कहा, 'बारुईपुर की घटना दुर्भाग्यपूर्ण है और सरकार ने बहुत सख्त रुख अपनाया है। हालांकि, जिन लोगों ने हालात का फायदा उठाकर अशांति फैलाई और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुँचाया, उन्हें भी बख्शा नहीं जाएगा।' उन्होंने यह भी कहा कि केंद्र सरकार की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ अब पश्चिम बंगाल के लोगों तक सुनिश्चित रूप से पहुँचाया जाएगा, क्योंकि पूर्व की राज्य सरकार ने इन योजनाओं को लागू होने से रोका था और हजारों करोड़ रुपये अटके रहे।

'सेवाश्रय' पहल पर सवाल

घोष ने तृणमूल कांग्रेस (TMC) सांसद अभिषेक बनर्जी की 'सेवाश्रय' पहल पर भी निशाना साधा। उनके अनुसार, 'सेवाश्रय के नाम पर गलत गतिविधियाँ की गईं, जिससे लोगों की जान खतरे में पड़ी। गलत इलाज के कारण जूनियर डॉक्टरों से लेकर अन्य स्तरों पर मामले सामने आए हैं।' उन्होंने प्रभावित लोगों को कानूनी रास्ता अपनाने की सलाह दी और सरकार की ओर से मदद का आश्वासन दिया।

मध्य पूर्व की स्थिति पर टिप्पणी

मंत्री घोष ने मध्य पूर्व के हालात का भी उल्लेख करते हुए कहा कि कुछ आतंकवादी समूह वहाँ आवाजाही को नियंत्रित कर रहे हैं। उन्होंने भारत सरकार और भारतीय नौसेना की क्षमता पर भरोसा जताया और कहा कि जैसे अफ्रीका के तट पर पहले भी नौसेना ने स्थिति नियंत्रित की थी, वैसे ही भविष्य में भी किसी भी चुनौती का जवाब दिया जाएगा।

आगे क्या होगा

बारुईपुर मामले में जाँच जारी है और पुलिस आरोपियों की पहचान कर कार्रवाई कर रही है। मंत्री घोष के बयान से स्पष्ट है कि राज्य सरकार हिंसा में शामिल सभी पक्षों — चाहे वे अपराधी हों या उपद्रवी — के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ाएगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

वहीं असली सवाल यह है कि नाबालिग पीड़िता को न्याय कितनी जल्दी मिलेगा। 'सेवाश्रय' पर हमला और केंद्रीय योजनाओं का ज़िक्र यह बताता है कि यह बयान केवल कानून-व्यवस्था तक सीमित नहीं, बल्कि आगामी राजनीतिक ज़मीन तैयार करने की कोशिश भी है। मुख्यधारा की कवरेज जो अक्सर चूकती है वह यह है कि पीड़िता के परिवार की स्थिति और जाँच की प्रगति इन राजनीतिक बयानों की आड़ में दब जाती है।
RashtraPress
13 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

बारुईपुर में क्या हुआ था?
पश्चिम बंगाल के बारुईपुर में एक नाबालिग से कथित दुष्कर्म और हत्या की घटना के बाद इलाके में हिंसा भड़क उठी। सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुँचाया गया और स्थिति तनावपूर्ण हो गई।
लहेक अली को क्यों गिरफ्तार किया गया?
पुलिस के अनुसार, माकपा नेता लहेक अली ने बारुईपुर में हिंसा भड़काने में भूमिका निभाई। इसी आरोप में उन्हें गिरफ्तार किया गया है, हालांकि उनकी ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया अभी सामने नहीं आई है।
मंत्री दिलीप घोष ने क्या कहा?
मंत्री दिलीप घोष ने 13 जुलाई को कहा कि सरकार दुष्कर्म-हत्या के दोषियों के साथ-साथ हिंसा फैलाने और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुँचाने वालों पर भी सख्त कार्रवाई करेगी। उन्होंने यह भी कहा कि केंद्र की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ अब लोगों तक पहुँचाया जाएगा।
'सेवाश्रय' पहल पर विवाद क्या है?
दिलीप घोष ने आरोप लगाया कि TMC सांसद अभिषेक बनर्जी की 'सेवाश्रय' पहल के तहत गलत इलाज के मामले सामने आए, जिससे लोगों की जान खतरे में पड़ी। उन्होंने प्रभावित लोगों को कानूनी रास्ता अपनाने की सलाह दी।
इस मामले में आगे क्या होगा?
पुलिस जाँच जारी है और हिंसा में शामिल अन्य लोगों की पहचान की जा रही है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी और पीड़िता को न्याय दिलाना प्राथमिकता है।
राष्ट्र प्रेस
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