धीरेंद्र शास्त्री के भगवान श्रीकृष्ण पर बयान के बाद FIR की मांग, पुलिस को शिकायत दर्ज
सारांश
मुख्य बातें
नई दिल्ली में 3 नवंबर 2026 को एक शिकायतकर्ता ने पुलिस को औपचारिक शिकायत सौंपकर बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र शास्त्री के विरुद्ध भगवान श्रीकृष्ण पर की गई कथित आपत्तिजनक टिप्पणी के मामले में FIR दर्ज करने की मांग की है। शिकायत में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 299 के तहत गैर-जमानती अपराध में कार्रवाई का आग्रह किया गया है।
मूल विवाद क्या है
मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले के करैरा में आयोजित श्री राम कथा के दौरान धीरेंद्र शास्त्री ने भगवान राम और भगवान श्रीकृष्ण की तुलना करते हुए एक टिप्पणी की थी। कथित तौर पर उन्होंने भगवान कृष्ण के खड़े होने के अंदाज को 'टेढ़ा' बताया था, जिसे आलोचकों ने आपत्तिजनक माना।
शिकायतकर्ता के अनुसार, इस बयान में भगवान श्रीकृष्ण के स्वरूप, चरित्र, बांसुरी और वृंदावन धाम को लेकर भी आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल किया गया। यह विवाद तब और गहरा हो गया जब संबंधित वीडियो सोशल मीडिया पर तेज़ी से वायरल हो गया और श्रद्धालुओं की भावनाएँ आहत होने की बात कही गई।
शिकायत की स्थिति
शिकायतकर्ता ने बताया कि पुलिस ने शिकायत पर डीडी एंट्री दर्ज कर ली है और मामले की जाँच शुरू हो गई है। संबंधित वीडियो भी पुलिस को उपलब्ध करा दिया गया है। शिकायतकर्ता ने BNS की धारा 299 — जो धार्मिक भावनाओं को आहत करने से संबंधित गैर-जमानती प्रावधान है — के तहत FIR दर्ज कर सख्त कार्रवाई की माँग की है।
धीरेंद्र शास्त्री की माफी और सफाई
विवाद बढ़ने पर धीरेंद्र शास्त्री ने एक वीडियो जारी कर हाथ जोड़कर माफी माँगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी बात का गलत अर्थ निकाला गया — वे केवल विनोद और भक्ति रस में बोल रहे थे और उनका उद्देश्य किसी की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुँचाना नहीं था।
हालाँकि, शिकायतकर्ता का कहना है कि माफी पर्याप्त नहीं है। उन्होंने कहा कि किसी धर्म और आराध्य देवता को लेकर तीन मिनट तक इस तरह की टिप्पणी को 'मजाक' बताकर उचित नहीं ठहराया जा सकता।
सियासी और सामाजिक प्रतिक्रिया
इस बयान के वायरल होने के बाद विभिन्न राजनीतिक दलों और धार्मिक संगठनों की प्रतिक्रियाएँ सामने आई हैं। यह ऐसे समय में आया है जब धार्मिक संवेदनशीलता को लेकर देश भर में सार्वजनिक विमर्श तेज़ है। गौरतलब है कि इससे पहले भी सार्वजनिक मंचों से देवी-देवताओं पर की गई टिप्पणियाँ बड़े विवाद और कानूनी कार्रवाई का कारण बन चुकी हैं।
आगे क्या होगा
पुलिस मामले की जाँच कर रही है और यह देखना बाकी है कि क्या औपचारिक FIR दर्ज की जाएगी। शिकायतकर्ता ने संकेत दिया है कि यदि पुलिस कार्रवाई नहीं करती, तो वे न्यायालय का दरवाज़ा खटखटा सकते हैं। इस मामले में आगे की कार्रवाई पर सभी की निगाहें टिकी हैं।