10 जुलाई 2026
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कर्नाटक SIR: धार्मिक स्थलों पर सामूहिक एन्यूमरेशन पर BJP की आपत्ति, चुनाव आयोग में शिकायत दर्ज

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कर्नाटक SIR: धार्मिक स्थलों पर सामूहिक एन्यूमरेशन पर BJP की आपत्ति, चुनाव आयोग में शिकायत दर्ज

सारांश

कर्नाटक में SIR प्रक्रिया अब सीधे राजनीतिक अखाड़े में उतर आई है। BJP के प्रभारी अग्रवाल का आरोप है कि धार्मिक स्थलों पर सामूहिक एन्यूमरेशन चुनाव आयोग के नियमों का उल्लंघन है — और यह विवाद 2028 के चुनावी संग्राम की आहट बन चुका है।

मुख्य बातें

BJP के कर्नाटक प्रभारी राधामोहन दास अग्रवाल ने 9 जुलाई को आरोप लगाया कि SIR एन्यूमरेशन फॉर्म धार्मिक स्थलों पर कथित तौर पर सामूहिक रूप से भरे जा रहे हैं।
BJP ने चुनाव आयोग (ECI) में शिकायत दर्ज कराई कि BLO घर-घर जाकर फॉर्म वितरित नहीं कर रहे।
BJP ने अपने BLA-2 कार्यकर्ताओं के लिए प्रशिक्षण सत्र आयोजित किए; राज्य सरकार पर उनका उपयोग न करने का आरोप।
BJP-JD(S) समन्वय समिति में विजयेंद्र, आर.
अशोक और प्रह्लाद जोशी शामिल।
अग्रवाल ने 2028 कर्नाटक विधानसभा चुनाव में कांग्रेस सरकार के खिलाफ जनादेश का भरोसा जताया।

भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राष्ट्रीय महासचिव एवं कर्नाटक प्रभारी राधामोहन दास अग्रवाल ने गुरुवार, 9 जुलाई को बेंगलुरु में आरोप लगाया कि कर्नाटक में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के तहत एन्यूमरेशन फॉर्म कथित तौर पर धार्मिक स्थलों और कांग्रेस नेताओं द्वारा सुझाए गए स्थानों पर सामूहिक रूप से भरे जा रहे हैं। अग्रवाल ने इस प्रक्रिया को अनुचित बताते हुए भारत के चुनाव आयोग (ECI) में औपचारिक शिकायत दर्ज कराने की जानकारी दी।

मुख्य आरोप और BJP की स्थिति

बेंगलुरु स्थित BJP के प्रदेश मुख्यालय जगन्नाथ भवन में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में अग्रवाल ने कहा, 'धार्मिक स्थलों और कांग्रेस नेताओं द्वारा सुझाए गए स्थानों पर सामूहिक रूप से एन्यूमरेशन फॉर्म भरे जा रहे हैं। यह सही प्रक्रिया नहीं है।' उन्होंने BJP पर यह भी आरोप लगाया कि कांग्रेस SIR प्रक्रिया का इस्तेमाल राजनीतिक उद्देश्यों के लिए कर रही है।

अग्रवाल के अनुसार, चुनाव आयोग के स्पष्ट निर्देश हैं कि बूथ लेवल अधिकारी (BLO) घर-घर जाकर फॉर्म वितरित करें, लेकिन तय नियमों का पालन नहीं हो रहा। उन्होंने कहा, 'हमने इस मुद्दे को आयोग के सामने उठाया है।'

BJP की तैयारी और संगठनात्मक कदम

अग्रवाल ने बताया कि BJP ने अपने बूथ लेवल एजेंट-2 (BLA-2) कार्यकर्ताओं के लिए बैठकें और प्रशिक्षण सत्र आयोजित किए हैं, ताकि SIR प्रक्रिया में पार्टी पूरी तरह तैयार रहे। साथ ही उन्होंने राज्य सरकार पर आरोप लगाया कि वह BJP द्वारा नियुक्त BLA-2 कार्यकर्ताओं का उपयोग नहीं कर रही।

गौरतलब है कि SIR प्रक्रिया मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण से संबंधित है, जो चुनाव आयोग की निगरानी में होती है। इस प्रक्रिया में किसी भी तरह की अनियमितता सीधे मतदाता सूची की विश्वसनीयता को प्रभावित कर सकती है।

मंत्री प्रियांक खड़गे पर निशाना

अग्रवाल ने कर्नाटक के मंत्री प्रियांक खड़गे पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा, 'प्रियांक खड़गे जो कहते हैं, उस पर कोई ध्यान नहीं देता। कुमकुम के मुद्दे पर उनकी टिप्पणी भी उचित नहीं थी।' उल्लेखनीय है कि खड़गे ने हाल ही में तिलक लगाने के मुद्दे पर दावा किया था कि 90 प्रतिशत केसर इस्लामिक देशों से आता है, जिसने राजनीतिक विवाद को जन्म दिया था।

BJP-JD(S) गठबंधन और समन्वय समिति

अग्रवाल ने BJP और जनता दल (सेक्युलर) — JD(S) — के बीच तालमेल की पुष्टि करते हुए बताया कि एक समन्वय समिति गठित की गई है। इस समिति में BJP प्रदेश अध्यक्ष बीवाई विजयेंद्र, विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष आर. अशोक और केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी शामिल हैं।

क्रॉस वोटिंग की खबरों पर उन्होंने कहा कि जिम्मेदार लोगों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी।

2028 चुनाव और आगे की राह

2028 के कर्नाटक विधानसभा चुनावों को लेकर आत्मविश्वास जताते हुए अग्रवाल ने कहा, 'जैसे पश्चिम बंगाल में मतदाताओं ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को जवाब दिया, वैसे ही वे कर्नाटक में कांग्रेस सरकार को जवाब देंगे।' उन्होंने विपक्ष पर 'मुस्लिम तुष्टिकरण' और 'भ्रष्टाचार' के आरोप भी लगाए। कर्नाटक की राजनीति में SIR विवाद 2028 के चुनावी समीकरणों को प्रभावित करने वाला एक और मोर्चा बनता दिख रहा है।

संपादकीय दृष्टिकोण

यह देखना बाकी है। प्रियांक खड़गे पर 'कुमकुम विवाद' को जोड़कर BJP ने इस पूरे मामले को सांस्कृतिक-राजनीतिक रंग देने की कोशिश की है, जो कर्नाटक की ध्रुवीकृत राजनीति में एक सुचिंतित रणनीति प्रतीत होती है।
RashtraPress
10 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

कर्नाटक में SIR एन्यूमरेशन विवाद क्या है?
विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) मतदाता सूची अद्यतन करने की चुनाव आयोग की प्रक्रिया है। BJP का आरोप है कि कर्नाटक में यह प्रक्रिया नियमों के विपरीत धार्मिक स्थलों पर सामूहिक रूप से कराई जा रही है, जो चुनाव आयोग के घर-घर वितरण के निर्देशों का उल्लंघन है।
BJP ने चुनाव आयोग में क्या शिकायत की है?
BJP ने शिकायत दर्ज कराई है कि बूथ लेवल अधिकारी (BLO) चुनाव आयोग के निर्देशानुसार घर-घर जाकर एन्यूमरेशन फॉर्म वितरित नहीं कर रहे। पार्टी का कहना है कि फॉर्म कांग्रेस नेताओं द्वारा सुझाए गए स्थानों पर भरे जा रहे हैं।
प्रियांक खड़गे और कुमकुम विवाद क्या है?
कर्नाटक के मंत्री प्रियांक खड़गे ने तिलक लगाने के मुद्दे पर दावा किया था कि 90 प्रतिशत केसर इस्लामिक देशों से आता है, जिससे राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया। BJP के राधामोहन दास अग्रवाल ने इस टिप्पणी को अनुचित बताया।
BJP-JD(S) समन्वय समिति में कौन शामिल हैं?
अग्रवाल के अनुसार, इस समिति में BJP प्रदेश अध्यक्ष बीवाई विजयेंद्र, विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष आर. अशोक और केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी शामिल हैं। यह समिति दोनों दलों के बीच नियमित समन्वय सुनिश्चित करती है।
2028 कर्नाटक विधानसभा चुनाव को लेकर BJP का रुख क्या है?
BJP प्रभारी अग्रवाल ने भरोसा जताया है कि 2028 के चुनाव में कर्नाटक के मतदाता कांग्रेस सरकार को वैसे ही जवाब देंगे जैसे पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी को दिया गया। उन्होंने कांग्रेस पर भ्रष्टाचार और तुष्टिकरण के आरोप भी लगाए।
राष्ट्र प्रेस
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