मायावती का कांग्रेस-सपा पर हमला: कांशीराम के योगदान की अनदेखी
सारांश
मुख्य बातें
लखनऊ, 17 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के संस्थापक कांशीराम को भारत रत्न देने की मांग की है और इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा है। इस पर बसपा की सुप्रीमो मायावती ने कांग्रेस और सपा पर तीखा हमला किया है।
मायावती ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर लिखा कि सपा और कांग्रेस जैसी दलित-विरोधी पार्टियां, इस बार उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव के नजदीक आते ही, बीएसपी के संस्थापक कांशीराम की जयंती मनाने की योजना बना रही हैं। परंतु कांग्रेस, जो खुद केंद्र में है, उसने कांशीराम को 'भारत रत्न' देने की बजाय दूसरी पार्टी की सरकार से मांगने का हास्यास्पद प्रयास किया है।
उन्होंने कहा कि ये पार्टियां हमेशा से बीएसपी को खत्म करने की कोशिश में लगी हैं, जबकि कांशीराम ने इस पार्टी की नींव रखी थी। ये पार्टियां चाहते हैं कि बीएसपी की राष्ट्रीय अध्यक्ष के तौर पर उनकी उपस्थिति को कमजोर किया जाए, परंतु ऐसा संभव नहीं है। इसके अलावा, यह भी स्पष्ट है कि ये पार्टियां हमारे महापुरुषों को भुनाने का प्रयास कर रही हैं, जबकि कांशीराम के जीवनकाल में उन्होंने हमेशा इनकी उपेक्षा की है।
मायावती ने आगे कहा कि बीएसपी सरकार द्वारा किए गए कार्यों को सपा सरकार ने बदल दिया है, जो इनकी दोगली नीति को दर्शाता है। उन्होंने सलाह दी कि यदि सपा और कांग्रेस के दलित समर्थक चुप रहें, तो उनके लिए यह बेहतर होगा। दरअसल, कांशीराम ने 'चमचा युग' नाम की एक किताब भी लिखी थी, जो ऐसे लोगों से दूरी बनाने के लिए प्रेरित करती है।