क्या दिल्ली में फर्जी पासपोर्ट रैकेट का भंडाफोड़ हुआ है? क्राइम ब्रांच ने एक घोषित अपराधी को किया गिरफ्तार

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क्या दिल्ली में फर्जी पासपोर्ट रैकेट का भंडाफोड़ हुआ है? क्राइम ब्रांच ने एक घोषित अपराधी को किया गिरफ्तार

सारांश

दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने एक बड़ी सफलता हासिल की है, जहां फर्जी पासपोर्ट रैकेट के एक घोषित अपराधी को गिरफ्तार किया गया है। हरदेश उर्फ सोनू, जो लंबे समय से फरार था, अब पुलिस की गिरफ्त में है। यह गिरफ्तारी संगठित अपराध के खिलाफ एक महत्वपूर्ण कदम है।

मुख्य बातें

दिल्ली पुलिस ने एक बड़े फर्जी पासपोर्ट रैकेट का पर्दाफाश किया है।
हरदेश उर्फ सोनू को गिरफ्तार किया गया है, जो एक घोषित अपराधी है।
आरोपी ने संगठित अपराध गिरोहों के लिए फर्जी पासपोर्ट बनाए थे।
क्राइम ब्रांच की टीम ने यह ऑपरेशन तकनीकी निगरानी के आधार पर किया।
इस गिरफ्तारी से अन्य अपराधियों के खिलाफ भी कार्रवाई की उम्मीद है।

नई दिल्ली, 23 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच की सेंट्रल रेंज टीम ने फर्जी दस्तावेज और फर्जी पासपोर्ट रैकेट से जुड़े एक वांछित अपराधी हरदेश उर्फ सोनू उर्फ आरपी को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है। आरोपी स्पेशल सेल में दर्ज मामले में लंबे समय से फरार था और अदालत द्वारा प्रोक्लेम्ड ऑफेंडर घोषित किया जा चुका था। यह जानकारी शुक्रवार को दिल्ली पुलिस द्वारा दी गई।

दिल्ली पुलिस द्वारा जारी प्रेस नोट के अनुसार, आरोपी हरदेश उर्फ सोनू के खिलाफ एफआईआर नंबर 181/25 थाना स्पेशल सेल में दर्ज है। इस मामले में आरोपी पर आर्म्स एक्ट की धारा 25/54/59, बीएनएसएस की धारा 318/335/336(3)/337/241/61(2) और पासपोर्ट एक्ट की धारा 12 के तहत केस दर्ज है। कोर्ट ने 16 जनवरी 2026 को आरोपी को घोषित अपराधी करार दिया था। इसके बाद विश्वसनीय गुप्त सूचना और तकनीकी निगरानी के आधार पर क्राइम ब्रांच की टीम ने आरोपी को गाजियाबाद से गिरफ्तार किया।

यह ऑपरेशन इंस्पेक्टर वीर सिंह, सेंट्रल रेंज, क्राइम ब्रांच के नेतृत्व में किया गया। टीम में हेड कांस्टेबल संजय, मनीष, सुकराम पाल, विनोद, अनूप और महिला कांस्टेबल प्रिया शामिल थे। पूरी कार्रवाई डीसीपी क्राइम विक्रम सिंह की निगरानी और एसीपी सेंट्रल रेंज क्राइम राजबीर मलिक के मार्गदर्शन में हुई। इस ऑपरेशन में हेड कांस्टेबल संजय की भूमिका बेहद अहम रही, जिन्होंने पुख्ता और कारगर गुप्त सूचना जुटाकर गिरफ्तारी में निर्णायक योगदान दिया।

पूछताछ के दौरान खुलासा हुआ कि आरोपी संगठित आपराधिक गिरोहों के सदस्यों के लिए फर्जी पासपोर्ट और फर्जी पहचान पत्र बनवाने का काम करता था। जांच में यह सामने आया है कि आरोपी नंदू गैंग और सलीम पिस्टल गैंग के सदस्यों को फर्जी पासपोर्ट उपलब्ध कराता था, जिससे अपराधियों को देश-विदेश में अवैध आवाजाही में मदद मिलती थी।

इस मामले में पहले से गिरफ्तार आरोपी अमरदीप लोचन ने खुलासा किया था कि वह नंदू गैंग के लिए काम करता है और उसके साथियों के लिए हरदेश ने फर्जी पासपोर्ट की व्यवस्था की थी। इसके अलावा जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी ने कुख्यात गैंगस्टर सलीम पिस्टल के लिए भी फर्जी पासपोर्ट बनवाया था और उसके गिरोह को फंडिंग में मदद की थी। सलीम पिस्टल को पहले ही इस केस में गिरफ्तार किया जा चुका है।

पुलिस के अनुसार, हरदेश न सिर्फ फर्जी पासपोर्ट बल्कि फर्जी दस्तावेज, नकली पहचान और जाली पासपोर्ट तैयार करके कई कुख्यात अपराधियों को मुहैया करा चुका है। इससे यह स्पष्ट होता है कि वह एक अंतरराज्यीय फर्जी पासपोर्ट रैकेट का अहम हिस्सा था।

क्राइम ब्रांच का कहना है कि आरोपी की गिरफ्तारी से फर्जी पासपोर्ट रैकेट, संगठित अपराध नेटवर्क और अंतरराज्यीय कड़ियों को लेकर कई अहम खुलासे होने की उम्मीद है। फिलहाल आरोपी से गहन पूछताछ जारी है और मामले की जांच आगे बढ़ाई जा रही है।

संपादकीय दृष्टिकोण

खासकर जब बात संगठित अपराधों की होती है। हरदेश की गिरफ्तारी से यह उम्मीद की जा सकती है कि फर्जी पासपोर्ट रैकेट के अन्य कर्ता-धर्ता भी पकड़े जाएंगे। यह क्राइम ब्रांच की समर्पण और तत्परता का प्रमाण है।
RashtraPress
13 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

हरदेश उर्फ सोनू कौन है?
हरदेश उर्फ सोनू एक घोषित अपराधी है जो फर्जी पासपोर्ट रैकेट से जुड़ा हुआ था।
इस रैकेट का भंडाफोड़ कैसे हुआ?
क्राइम ब्रांच ने गुप्त सूचना और तकनीकी निगरानी के आधार पर हरदेश को गिरफ्तार किया।
क्या हरदेश के खिलाफ पहले भी मामले दर्ज हैं?
हाँ, हरदेश के खिलाफ कई गंभीर धाराओं के तहत मामले दर्ज हैं।
फर्जी पासपोर्ट के पीछे का उद्देश्य क्या है?
फर्जी पासपोर्ट का उपयोग अपराधियों को अवैध रूप से देश-विदेश में आवाजाही के लिए किया जाता था।
क्या इस गिरफ्तारी से और भी अपराधियों के पकड़े जाने की संभावना है?
हाँ, पुलिस को उम्मीद है कि यह गिरफ्तारी अन्य संगठित अपराधियों के खिलाफ भी खुलासे करेगी।
राष्ट्र प्रेस
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