दिग्विजय सिंह ने CM मोहन यादव को लिखा पत्र, 'ईज ऑफ डूइंग फार्मिंग' लागू करने की मांग
सारांश
मुख्य बातें
मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री एवं राज्यसभा सांसद दिग्विजय सिंह ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को पत्र लिखकर प्रदेश के किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए 'ईज ऑफ डूइंग फार्मिंग' नीति शीघ्र लागू करने की मांग की है। 5 मई को भेजे गए इस पत्र में उन्होंने कृषि क्षेत्र की प्रशासनिक जटिलताओं को दूर कर खेती को सरल, पारदर्शी और किसान हितैषी बनाने की आवश्यकता पर बल दिया।
किसानों की मुख्य समस्याएँ
दिग्विजय सिंह ने अपने पत्र में किसान नेता केदार सिरोही के सुझाव का समर्थन करते हुए कहा कि जिस प्रकार 'ईज ऑफ डूइंग बिज़नेस' के माध्यम से व्यापारिक प्रक्रियाओं को सरल बनाया गया, उसी तर्ज पर कृषि क्षेत्र में भी सुधार अपरिहार्य है। उन्होंने रेखांकित किया कि प्रदेश के किसान बीज खरीद, ट्रांसफार्मर बदलवाने, फसल विक्रय, ऋण लेने एवं चुकाने जैसी बुनियादी प्रक्रियाओं में अनावश्यक बाधाओं का सामना करते हैं।
इसके अतिरिक्त, फसल बीमा क्लेम की प्रक्रिया अत्यधिक जटिल बताई गई है और खाद की उपलब्धता में पारदर्शिता की कमी को भी एक गंभीर समस्या के रूप में उठाया गया है। उनके अनुसार, 'खेती करने में आसानी' की नीति लागू कर इन समस्याओं का व्यापक समाधान संभव है।
नीतिगत सुझाव
दिग्विजय सिंह ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि कृषि से जुड़े सभी विभागों की व्यापक समीक्षा की जाए और नीति निर्माण में किसान प्रतिनिधियों तथा कृषि वैज्ञानिकों से परामर्श लिया जाए। उन्होंने कहा कि इससे प्रदेश की कृषि व्यवस्था को अधिक सरल और पारदर्शी बनाया जा सकेगा। मुख्यमंत्री को शीघ्र आवश्यक निर्देश जारी करने का अनुरोध भी किया गया है।
मुख्यमंत्री निवास पर मुलाकात
इससे पहले शुक्रवार सुबह मुख्यमंत्री निवास पर दिग्विजय सिंह और मुख्यमंत्री मोहन यादव के बीच मुलाकात हुई, जिसमें किसानों से जुड़े मुद्दे — विशेषकर गेहूं खरीदी की मौजूदा प्रक्रिया में आ रही दिक्कतें — केंद्र में रहीं। दिग्विजय सिंह ने कहा कि उन्होंने मुख्यमंत्री को किसानों की परेशानियों से अवगत कराया और समय पर समाधान की जरूरत पर जोर दिया, ताकि गेहूं खरीदी सुचारु रूप से हो सके।
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने बताया कि 80 लाख मीट्रिक टन से अधिक गेहूं खरीदी के स्लॉट पहले ही बुक किए जा चुके हैं और प्रक्रिया लगातार आगे बढ़ रही है। उन्होंने आश्वासन दिया कि किसानों को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए व्यवस्थाओं पर निरंतर नज़र रखी जा रही है।
अन्य चर्चाएँ
बैठक के दौरान दिग्विजय सिंह ने मुख्यमंत्री मोहन यादव को अपने गृह नगर राघौगढ़ में इस महीने के अंत में होने वाले एक धार्मिक कार्यक्रम में शामिल होने का निमंत्रण भी दिया। दिग्विजय सिंह के कार्यालय ने बैठक की पुष्टि की, हालाँकि चर्चा का विस्तृत ब्यौरा सार्वजनिक नहीं किया गया।
आगे क्या
गौरतलब है कि यह मुलाकात ऐसे समय में हुई जब मध्य प्रदेश में गेहूं की सरकारी खरीद का मौसम चरम पर है और किसान संगठन प्रक्रियागत सुधारों की माँग उठा रहे हैं। अब देखना होगा कि मुख्यमंत्री कार्यालय 'ईज ऑफ डूइंग फार्मिंग' के प्रस्ताव पर कितनी शीघ्रता से कार्यवाही करता है।