गैस संकट को लेकर सुरेश खन्ना का स्पष्ट बयान: चिंता की कोई बात नहीं
सारांश
Key Takeaways
- गैस की कोई कमी नहीं है
- सरकार की सजगता और कदम
- कालाबाजारी के खिलाफ सख्त चेतावनी
- अफवाहों से बचने की अपील
- सरकार का आम जनता के प्रति प्रतिबद्धता
लखनऊ, १३ मार्च (राष्ट्र प्रेस)। उत्तर प्रदेश के वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने एलपीजी संकट पर प्रदेशवासियों को आश्वस्त किया है कि किसी को घबराने की आवश्यकता नहीं है। गैस की कोई कमी नहीं है और सभी को गैस उपलब्ध कराई जा रही है। चिंता करने की कोई बात नहीं है।
लखनऊ में संवाददाताओं से बातचीत में वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि उत्तर प्रदेश में निवेश का अनुकूल वातावरण है और डबल इंजन सरकार के तहत कानून व्यवस्था में सुधार हुआ है। उन्होंने स्पष्ट किया कि घरेलू गैस की कोई कमी नहीं है और लोगों को अफवाहों में नहीं पड़ना चाहिए।
उन्होंने बताया कि यह एक अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चल रहा संघर्ष है जिससे थोड़ी समस्या उत्पन्न हुई है, लेकिन इसका अर्थ यह नहीं है कि गैस की कमी है। लोगों को गैस लगातार उपलब्ध कराई जा रही है। इस मुद्दे पर केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के नेतृत्व में एक समिति बनाई गई है, जो यह सुनिश्चित कर रही है कि आम आदमी को गैस की कमी का सामना न करना पड़े। इसके अलावा, पेट्रोलियम उत्पादों के मामले में भी सरकार सजग है।
सुरेश खन्ना ने कहा कि हाल ही में एक बड़ा कच्चा तेल का जहाज भारत में आया है। भारत एक बड़ा देश है, जहाँ आवश्यकता अधिक है। यदि यह एक छोटा देश होता तो इस तेल से पूर्ति हो जाती। विपक्ष लगातार एलपीजी संकट को लेकर सरकार पर सवाल उठा रहा है। वित्त मंत्री ने कहा कि यह समय राजनीति करने का नहीं है।
सुरेश खन्ना ने यह भी कहा कि सीएम योगी आदित्यनाथ ने इस मामले पर निगरानी रखने की बात कही है। गैस की कालाबाजारी करने वालों को सख्त चेतावनी दी गई है कि यदि ऐसा हुआ तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी। यूपी की डबल इंजन सरकार सभी समस्याओं का समाधान जानती है।
उत्तर प्रदेश सरकार ने यह भी कहा है कि राज्य में डीजल और पेट्रोल की कोई कमी नहीं है। रसोई गैस की कमी संबंधी अफवाहों से बचें। यदि कोई वितरक एजेंसी या व्यक्ति कालाबाजारी या जमाखोरी करते हुए पाया जाता है, तो उसके खिलाफ तुरंत एफआईआर दर्ज कर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। सरकार नागरिकों की सुविधा और आवश्यकताओं की पूर्ति के प्रति प्रतिबद्ध है।