7 अगस्त 2026
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भारत-अमेरिका BTA: जैमीसन ग्रीर और पीयूष गोयल के बीच इस सप्ताह कई दौर की वार्ता, 24 जुलाई की टैरिफ समयसीमा से पहले समझौते की कोशिश

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भारत-अमेरिका BTA: जैमीसन ग्रीर और पीयूष गोयल के बीच इस सप्ताह कई दौर की वार्ता, 24 जुलाई की टैरिफ समयसीमा से पहले समझौते की कोशिश

सारांश

24 जुलाई की टैरिफ समयसीमा सिर पर है और दिल्ली में मंत्रिस्तरीय बैठकें शुरू होने वाली हैं — भारत-अमेरिका BTA की घड़ी तेज़ी से चल रही है। जैमीसन ग्रीर और पीयूष गोयल के बीच कई दौर की वार्ता तय है, और दोनों देश पहले चरण के ढाँचे को अंतिम रूप देने की दौड़ में हैं।

मुख्य बातें

अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि जैमीसन ग्रीर इस सप्ताह नई दिल्ली में वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल से कई दौर की BTA वार्ता करेंगे।
राजदूत सर्जियो गोर ने 22 जून को एक्स पर इस बैठक की पुष्टि की।
अमेरिका का 10 प्रतिशत अस्थायी अतिरिक्त टैरिफ 24 जुलाई को समाप्त होगा — समझौते की यही मुख्य समयसीमा है।
वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल के अनुसार, इन बैठकों का लक्ष्य BTA के ढाँचे को अंतिम रूप देना और व्यापक समझौते की वार्ता को गति देना है।
यह वार्ता 2-4 जून को हुई मुख्य वार्ताकार स्तर की बैठकों के बाद की अगली कड़ी है।

अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि जैमीसन ग्रीर इस सप्ताह नई दिल्ली पहुँच रहे हैं, जहाँ वे केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल के साथ प्रस्तावित भारत-अमेरिका द्विपक्षीय व्यापार समझौते (BTA) को आगे बढ़ाने के लिए कई दौर की मंत्रिस्तरीय बैठकें करेंगे। भारत में अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर ने 22 जून को यह जानकारी दी। यह वार्ता 24 जुलाई की उस महत्वपूर्ण टैरिफ समयसीमा से पहले हो रही है, जब अमेरिका का 10 प्रतिशत का अस्थायी अतिरिक्त टैरिफ समाप्त होने वाला है।

राजदूत का एक्स पर ऐलान

राजदूत सर्जियो गोर ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट करते हुए लिखा, 'नई दिल्ली में राजदूत ग्रीर का स्वागत करने के लिए उत्साहित हूँ। अमेरिका-भारत व्यापार समझौते को आगे बढ़ाने के लिए मंत्री पीयूष गोयल के साथ कई बैठकें निर्धारित हैं।' इससे एक दिन पहले, रविवार 21 जून को, गोयल ने स्वयं पत्रकारों को बताया था कि उनके अमेरिकी समकक्ष व्यापार समझौते पर चर्चा के लिए दिल्ली आ रहे हैं।

टैरिफ समयसीमा और दाँव पर क्या है

अमेरिकी प्रशासन ने इस वर्ष की शुरुआत में भारत सहित अपने सभी प्रमुख व्यापारिक साझेदारों पर 10 प्रतिशत का अस्थायी अतिरिक्त टैरिफ लगाया था, जो 'मोस्ट फेवर्ड नेशन' (MFN) शुल्क दरों के ऊपर था। यह 150 दिनों की अवधि 24 जुलाई को समाप्त हो रही है। समयसीमा बीतने के बाद अमेरिका नई टैरिफ व्यवस्था लागू कर सकता है, जिससे भारतीय निर्यातकों पर दबाव बढ़ सकता है। यही कारण है कि दोनों पक्ष BTA के पहले चरण का ढाँचा जल्द से जल्द अंतिम रूप देने में जुटे हैं।

वार्ता की पृष्ठभूमि

यह मंत्रिस्तरीय बैठक 2 जून से 4 जून के बीच नई दिल्ली में हुई मुख्य वार्ताकार स्तर की बैठकों के बाद की अगली कड़ी है। इस महीने की शुरुआत में वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल ने स्पष्ट किया था कि इन बैठकों का मुख्य उद्देश्य ढाँचा समझौते को अंतिम रूप देना और व्यापक व्यापार समझौते पर वार्ता को गति देना है। गौरतलब है कि पीयूष गोयल ने भरोसा जताया था कि BTA का पहला चरण अगले महीने के मध्य तक पूरा किया जा सकता है।

आगे की राह

दोनों देश एक चरणबद्ध व्यापार व्यवस्था पर काम कर रहे हैं — पहले एक अंतरिम समझौता, जो आगे चलकर व्यापक द्विपक्षीय व्यापार समझौते की नींव बनेगा। विशेषज्ञों के अनुसार, यह अंतरिम समझौता दोनों देशों के बीच बढ़ते आर्थिक संबंधों को संस्थागत ढाँचा देने की दिशा में एक अहम कदम होगा। 24 जुलाई की समयसीमा से पहले किसी सहमति तक पहुँचना दोनों पक्षों की प्राथमिकता बताई जा रही है।

संपादकीय दृष्टिकोण

न कि कोई रणनीतिक दृष्टि। पहले चरण के 'ढाँचे' की बात वर्षों से चल रही है, लेकिन टैरिफ दबाव के बिना ठोस प्रगति नहीं हुई। असली सवाल यह है कि क्या यह अंतरिम समझौता भारतीय निर्यातकों को ठोस राहत देगा, या सिर्फ टैरिफ वृद्धि को टालने का राजनयिक उपाय बनकर रह जाएगा। बिना पारदर्शी शर्तों के, 'पहला चरण' की घोषणा एक और अधूरी सुर्खी बन सकती है।
RashtraPress
7 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

भारत-अमेरिका द्विपक्षीय व्यापार समझौता (BTA) क्या है?
BTA भारत और अमेरिका के बीच प्रस्तावित एक व्यापार समझौता है, जिसे चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाना है। पहले चरण में एक अंतरिम समझौते का ढाँचा तैयार किया जाएगा, जो आगे चलकर व्यापक द्विपक्षीय व्यापार समझौते की नींव बनेगा।
जैमीसन ग्रीर और पीयूष गोयल की बैठक क्यों अहम है?
यह मंत्रिस्तरीय बैठक 24 जुलाई की उस समयसीमा से पहले हो रही है जब अमेरिका का 10 प्रतिशत अस्थायी अतिरिक्त टैरिफ समाप्त होगा। इस समयसीमा के बाद अमेरिका नई टैरिफ व्यवस्था लागू कर सकता है, जिससे भारतीय निर्यात प्रभावित हो सकता है।
अमेरिका का 10 प्रतिशत टैरिफ क्या है और यह कब समाप्त होगा?
अमेरिकी प्रशासन ने इस वर्ष की शुरुआत में भारत सहित सभी प्रमुख व्यापारिक साझेदारों पर MFN दरों के अतिरिक्त 10 प्रतिशत का अस्थायी टैरिफ लगाया था। यह 150 दिनों की अवधि 24 जुलाई को समाप्त होगी, जिसके बाद नई व्यवस्था लागू हो सकती है।
BTA के पहले चरण को कब तक अंतिम रूप दिया जा सकता है?
वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने भरोसा जताया है कि BTA का पहला चरण अगले महीने के मध्य तक पूरा किया जा सकता है। हालाँकि, यह इस सप्ताह होने वाली मंत्रिस्तरीय बैठकों के नतीजों पर निर्भर करेगा।
इससे पहले भारत-अमेरिका व्यापार वार्ता में क्या हुआ था?
2 जून से 4 जून के बीच नई दिल्ली में मुख्य वार्ताकार स्तर की बैठकें हुई थीं, जिनमें प्रस्तावित व्यापार समझौते के ढाँचे पर चर्चा हुई थी। इस महीने की शुरुआत में वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल ने पुष्टि की थी कि वार्ता का मुख्य उद्देश्य ढाँचा समझौते को अंतिम रूप देना है।
राष्ट्र प्रेस
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