हामिद अंसारी के बयान पर BJP का पलटवार: 'असली चेहरा उजागर, देश को बाँटने की कोशिश'
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के कई वरिष्ठ नेताओं ने 21 सितंबर 2026 को पूर्व उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी द्वारा सांप्रदायिकता और धार्मिक स्वतंत्रता पर दिए गए बयान की कड़ी निंदा की है। BJP नेताओं का आरोप है कि अंसारी का यह बयान देश को विभाजित करने वाला और उनके पूर्व संवैधानिक पद की गरिमा के विपरीत है।
BJP विधायक और सांसदों की तीखी प्रतिक्रिया
BJP विधायक राम कदम ने कहा, 'भारत की सनातन परंपरा 'सर्वे भवन्तु सुखिनः' के संदेश के साथ आगे बढ़ रही है। खासकर जब हामिद अंसारी जैसे किसी व्यक्ति की ओर से, जो इतने ऊँचे संवैधानिक पद पर रहे हों, इस तरह की राजनीतिक टिप्पणी की जाती है, तो यह सिर्फ एक राजनीतिक टिप्पणी नहीं रह जाती, बल्कि उस पद की गरिमा पर भी सवाल उठाती है। देश के बहुसंख्यक समुदाय की आस्था को ठेस पहुँचाने का अधिकार किसी को नहीं है।'
BJP सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने कहा, 'देश के उपराष्ट्रपति रह चुके हामिद अंसारी जैसे व्यक्ति का गैर-जिम्मेदाराना बयान, जो देश को कई हिस्सों में बाँटता है, उसकी कड़ी से कड़ी निंदा होनी चाहिए। यह हामिद अंसारी का अपना एजेंडा लगता है, जिसके बारे में वे कई बार बात कर चुके हैं। वे भूल जाते हैं कि उन्होंने देश में एक संवैधानिक पद संभाला था और उस संवैधानिक पद से जुड़ी गरिमा और मर्यादा को तार-तार कर दिया है। इसलिए, देश की जनता हामिद अंसारी के बयान को गंभीरता से नहीं लेगी, लेकिन उनके बयान ने पूरे देश के सामने उनका असली चेहरा और चरित्र उजागर कर दिया है।'
अन्य BJP नेताओं के आरोप
BJP प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने आरोप लगाया, 'मौका मिलते ही हामिद अंसारी सनातनियों के खिलाफ विष उगलते हैं, ऐसे लोगों से सतर्क रहने की ज़रूरत है। कांग्रेस ने ऐसे व्यक्ति को उपराष्ट्रपति बनाया था, जो टुकड़े-टुकड़े गैंग में शामिल था।' गौरतलब है कि हामिद अंसारी 2007 से 2017 तक लगातार दो कार्यकाल भारत के उपराष्ट्रपति रहे।
BJP नेता शहनाज़ हुसैन ने कहा, 'हामिद अंसारी को देश ने बहुत कुछ दिया है। दो बार उपराष्ट्रपति चुने जाने के बावजूद उन्हें देश से शिकायत है। वह अभी भी ऐसी बात कह रहे हैं जो आजादी के समय कही गई थी। आज सबका साथ, सबका विकास के रास्ते पर देश आगे चल रहा है।' उन्होंने यह भी कहा कि अंसारी को देश के विकास में सहयोग करना चाहिए।
सांसद और मंत्री के गंभीर आरोप
BJP सांसद संजय जयसवाल ने अंसारी के राजदूत-कार्यकाल का हवाला देते हुए कहा, 'कुछ लोग जिंदगी भर देश विरोधी कार्य करते हैं। ऐसे लोगों में हामिद अंसारी शामिल हैं। अंसारी के ईरान में राजदूत रहते समय ईरान-पाकिस्तान सीमा पर हमारे जासूस पकड़े गए और हत्याएँ हुईं, क्या ये इत्तेफाक था? हामिद अंसारी का इतिहास ही दुर्भावनापूर्ण रहा है।' ये आरोप अंसारी द्वारा स्वतंत्र रूप से सत्यापित नहीं किए गए हैं।
उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री अनिल राजभर ने कहा, 'मां भारती को कटघरे में खड़े करने की कोशिश करते रहते हैं। हामिद अंसारी कई बार ऐसे बयान देते हैं, जिससे पूरा देश असहज होता है। जिस देश ने उपराष्ट्रपति बनाया, उसका लिहाज अंसारी को करना चाहिए।'
पृष्ठभूमि और संदर्भ
यह ऐसे समय में आया है जब हिंदू-राष्ट्रवाद और अल्पसंख्यक अधिकारों को लेकर राजनीतिक बहस एक बार फिर केंद्र में है। पूर्व उपराष्ट्रपति अंसारी समय-समय पर धार्मिक अल्पसंख्यकों की सुरक्षा और सांप्रदायिक सद्भाव को लेकर अपनी चिंताएँ जाहिर करते रहे हैं, जिसका BJP सरकार और उससे जुड़े नेता अक्सर विरोध करते रहे हैं। इस बार की प्रतिक्रिया में कई राज्यों के नेताओं का एक साथ सामने आना इस मुद्दे की राजनीतिक संवेदनशीलता को उजागर करता है।
अंसारी पक्ष की ओर से इन आरोपों पर तत्काल कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। इस विवाद के आगे और गहराने की संभावना है, खासकर तब जब देश में आगामी चुनावी माहौल बन रहा है।