झारखंड कैबिनेट के 53 फैसले: MGM में ₹393 करोड़, 606 थानों में CCTV, विशेषज्ञ डॉक्टरों की रिटायरमेंट उम्र 65 वर्ष
सारांश
मुख्य बातें
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में मंगलवार, 25 अगस्त को रांची में हुई झारखंड मंत्रिपरिषद की बैठक में शिक्षा, स्वास्थ्य, पुलिसिंग, कृषि, ग्रामीण विकास, पर्यटन और आधारभूत संरचना से जुड़े कुल 53 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। इन फैसलों में सरकारी मेडिकल कॉलेजों में सीटें बढ़ाने से लेकर राज्य के सभी 606 थानों में सीसीटीवी नेटवर्क स्थापित करने तक के बड़े निर्णय शामिल हैं।
स्वास्थ्य क्षेत्र में बड़े बदलाव
कैबिनेट सचिव वंदना डाडेल ने बताया कि सरकारी सेवा में कार्यरत गैर-शैक्षणिक और विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवानिवृत्ति आयु 67 वर्ष से घटाकर 65 वर्ष कर दी गई है। कोरोना महामारी के दौरान चिकित्सकों की बढ़ती माँग को देखते हुए यह सीमा दो वर्ष बढ़ाई गई थी, जिसे अब पूर्ववत किया गया है।
जमशेदपुर स्थित एमजीएम मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस सीटें बढ़ाने और बुनियादी ढाँचे के सुदृढ़ीकरण के लिए वित्तीय वर्ष 2026-27 से 2029-30 तक ₹393 करोड़ की स्वीकृति दी गई है। वहीं, धनबाद स्थित शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज में यूजी सीटें 100 से बढ़ाकर 250 करने तथा पीजी सीटों में वृद्धि और आधारभूत संरचना विकास के लिए ₹275 करोड़ मंजूर किए गए हैं। इसके अतिरिक्त, सरकारी अस्पतालों में संविदा आधारित नियुक्ति के लिए चिकित्सक नियुक्ति नियमावली-2026 को भी मंजूरी मिली।
पुलिसिंग में तकनीक का विस्तार
राज्य के सभी 606 थानों में सीसीटीवी कैमरे लगाने का निर्णय लिया गया है, जिस पर करीब ₹90 करोड़ खर्च होने का अनुमान है। इस परियोजना से थानों में होने वाली गतिविधियों की रिकॉर्डिंग सुनिश्चित होगी और जाँच के दौरान फुटेज को साक्ष्य के रूप में उपयोग किया जा सकेगा। यह कदम पुलिस पारदर्शिता की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है।
शिक्षा और बालिका कल्याण
100 सरकारी स्कूलों को मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालय के रूप में विकसित करने के लिए ₹721 करोड़ स्वीकृत किए गए हैं। प्राथमिक विद्यालयों के समग्र विकास के लिए ज्ञानोदय योजना के तहत वित्तीय वर्ष 2027-28 से 2028-29 तक ₹73 करोड़ और कक्षा छह से आठ के विद्यार्थियों के लिए स्टूडेंट्स डायरी हेतु ₹27 करोड़ मंजूर किए गए हैं।
कक्षा छह से 12 तक की छात्राओं के लिए सेनेटरी नैपकिन वितरण योजना के अंतर्गत ₹124 करोड़ 37 लाख की स्वीकृति दी गई है। युवाओं में शोध एवं नवाचार को प्रोत्साहित करने के लिए झारखंड छात्र अनुसंधान नवाचार नीति-2026 के गठन को भी हरी झंडी दी गई।
ग्रामीण विकास, सड़क और बुनियादी ढाँचा
ग्रामीण क्षेत्रों के समग्र विकास के लिए वीवीग्राम जी योजना को कैबिनेट की स्वीकृति मिली। किसानों की विशिष्ट पहचान (फार्मर ID) बनाने के कार्य को भी मंजूरी दी गई। कृषि विभाग में संविदा पर कार्यरत 12 कनीय अभियंताओं की सेवाएँ नियमित करने का निर्णय भी लिया गया।
सड़क क्षेत्र में पश्चिमी सिंहभूम के कुमारडुंगी में 38.65 किलोमीटर सड़क चौड़ीकरण के लिए ₹29 करोड़ 87 लाख, मनोहरपुर में 19.49 किलोमीटर सड़क के मजबूतीकरण और चौड़ीकरण के लिए ₹114 करोड़ एक लाख, रामगढ़ के गोला-मुरी क्षेत्र में 4.8 किलोमीटर सड़क निर्माण के लिए ₹56 करोड़ 85 लाख और गिरिडीह में कॉलेज मोड़ से पावर हाउस तक 2.75 किलोमीटर सड़क के लिए ₹30 करोड़ 45 लाख स्वीकृत किए गए हैं।
पर्यटन, जल और अन्य निर्णय
धनबाद की तोपचांची झील के आसपास सौंदर्यीकरण के लिए ₹184 करोड़ 29 लाख की स्वीकृति दी गई। जमशेदपुर में बिरसानगर जलापूर्ति योजना के लिए ₹67 करोड़ 36 लाख और जल प्रबंधन के लिए रुड़की स्थित एक प्रतिष्ठित संस्थान के साथ एमओयू को भी मंजूरी मिली।
इसके अलावा, झारखंड म्यूनिसिपल रेगुलेशन-2026, झारखंड अधिवक्ता कल्याण निधि विधेयक-2026 और झारखंड न्यायालय शुल्क विधेयक-2026 के प्रारूप को मंजूरी दी गई। होटवार, दुमका, घाघीडीह और हजारीबाग की केंद्रीय कारागारों में ओपेन और सेमी-ओपेन बैरक निर्माण को भी स्वीकृति प्रदान की गई। वित्त विभाग के प्रोजेक्ट मैनेजमेंट यूनिट में संविदा और बाह्य स्रोत से 76 नए पद सृजित करने का निर्णय भी इस बैठक में लिया गया। इन फैसलों का क्रियान्वयन आने वाले वित्तीय वर्षों में झारखंड के विकास की दिशा तय करेगा।