क्या झारखंड में साल के अंत में 18 आईपीएस अधिकारियों का ट्रांसफर-पोस्टिंग हुआ?
सारांश
मुख्य बातें
रांची, 31 दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। झारखंड सरकार ने 2025 की आखिरी तारीख को 18 आईपीएस अधिकारियों की ट्रांसफर-पोस्टिंग की है। इनमें से कई अधिकारियों को प्रोन्नति भी दी गई है।
बुधवार शाम को राज्य सरकार के गृह, कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार, आईजी रांची के पद पर कार्यरत 2001 बैच के आईपीएस अधिकारी मनोज कौशिक को अपर पुलिस महानिदेशक (एडीजी) के पद पर प्रोन्नति दी गई है। प्रोन्नति के बाद उन्हें अपराध अनुसंधान विभाग (सीआईडी) में एडीजी नियुक्त किया गया है। साथ ही, वे अगले आदेश तक अपने वर्तमान पद आईजी रांची का अतिरिक्त प्रभार भी संभालते रहेंगे।
2008 बैच के आईपीएस अधिकारी अजय लिण्डा को पुलिस महानिरीक्षक (आईजी) के रैंक में प्रोन्नति देते हुए सीआईडी का नया आईजी नियुक्त किया गया है। वहीं, 2010 बैच के नौशाद आलम अंसारी को विशेष शाखा का डीआईजी बनाया गया है। इसके अलावा, 2012 बैच के कौशल किशोर को प्रोन्नति के साथ डीआईजी पलामू और अंजनी कुमार झा को डीआईजी हजारीबाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसी बैच के मो. अर्शी को होमगार्ड एवं अग्निशमन सेवा में डीआईजी बनाया गया है, जबकि आनंद प्रकाश को डीआईजी बोकारो के पद पर तैनात किया गया है।
2015 बैच के आईपीएस अधिकारी श्रीकांत सुरेश राव खोत्रे को राज्यपाल के एडीसी के पद से हटाकर सिमडेगा का पुलिस अधीक्षक बनाया गया है। 2017 बैच के कैलाश करमाली को एसपी रेल धनबाद से स्थानांतरित कर समादेष्टा, होमगार्ड रांची नियुक्त किया गया है। वहीं, 2022 बैच के शिवम प्रकाश को चक्रधरपुर के एसडीपीओ पद से हटाकर राज्यपाल का नया एडीसी बनाया गया है। इसके अतिरिक्त, 2023 बैच के आईपीएस अधिकारी निखिल राय और सुश्रुति को प्रशिक्षण पूर्ण होने के बाद एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी), रांची में सहायक पुलिस अधीक्षक के रूप में पदस्थापित किया गया है।
गृह मंत्रालय, भारत सरकार की ओर से नवनियुक्त आईपीएस अधिकारियों में अविनाश कुमार को हजारीबाग स्थित झारखंड आर्म्ड पुलिस-7 का कमांडेंट बनाया गया है। इसी तरह दीपक कुमार को देवघर में झारखंड आर्म्ड पुलिस-5 के कमांडेंट के पद पर पोस्टिंग दी गई है। रोशन गुड़िया को एसपी सीआईडी के पद पर नियुक्त किया गया है। अधिसूचना में स्पष्ट किया गया है कि जिन अधिकारियों का तबादला हुआ है और जिन्हें नई पदस्थापना नहीं दी गई है, उन्हें पुलिस मुख्यालय में योगदान देने का निर्देश दिया गया है।