बकरीद पर दिल्ली सरकार का बड़ा फैसला: सार्वजनिक स्थानों पर कुर्बानी पूरी तरह प्रतिबंधित
सारांश
मुख्य बातें
दिल्ली सरकार के विकास मंत्री कपिल मिश्रा ने शुक्रवार, 22 मई को बकरीद के मद्देनज़र सख्त दिशानिर्देश जारी किए, जिनके तहत सार्वजनिक स्थानों, सड़कों, गलियों और पार्कों में किसी भी प्रकार की कुर्बानी पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है। मंत्री ने अपने आधिकारिक एक्स हैंडल पर वीडियो जारी कर स्पष्ट किया कि उल्लंघन पर आपराधिक मामले दर्ज किए जाएंगे।
मुख्य दिशानिर्देश क्या हैं
दिल्ली सरकार के विकास मंत्रालय द्वारा जारी दिशानिर्देशों के अनुसार, कुर्बानी केवल निर्धारित और अधिकृत स्थानों पर ही की जा सकेगी। गोवंश, गाय, बछड़े, ऊंट और अन्य प्रतिबंधित जानवरों की कुर्बानी को पूरी तरह गैरकानूनी घोषित किया गया है।
इसके अतिरिक्त, कुर्बानी के बाद निकलने वाले कचरे, रक्त या अन्य अवशेषों को नालियों, सीवरों या किसी भी सार्वजनिक स्थान पर फेंकना सख्ती से वर्जित है। बाज़ारों में अवैध रूप से मवेशियों की खरीद-बिक्री, सड़कों पर अस्थायी पशु बाज़ार लगाना और जानवरों की गैरकानूनी तस्करी पर भी पूर्ण प्रतिबंध रहेगा।
मंत्री कपिल मिश्रा का बयान
मंत्री कपिल मिश्रा ने कहा, 'दिल्ली सरकार के विकास मंत्रालय ने बकरीद के लिए दिशानिर्देश जारी किए हैं। गाय-बछड़ों और प्रतिबंधित जानवरों की कुर्बानी देना गैरकानूनी है। सार्वजनिक जगहों पर कुर्बानी पर पूरी तरह रोक है। नालियों में खून या कचरा फेंकना भी मना है। कुर्बानी केवल तय जगहों पर ही होनी चाहिए।'
उन्होंने दिल्लीवासियों से अपील की कि यदि कोई इन दिशानिर्देशों का उल्लंघन करे तो तुरंत दिल्ली पुलिस या विकास मंत्रालय को सूचित करें। मंत्री ने यह भी कहा कि त्योहार शांतिपूर्ण और कानून के दायरे में मनाया जाना चाहिए, और उन्होंने सभी को बकरीद की शुभकामनाएं दीं।
प्रवर्तन की तैयारी
दिल्ली पुलिस और विकास मंत्रालय इन दिशानिर्देशों को सख्ती से लागू करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। गौरतलब है कि पिछले वर्षों में भी राजधानी में बकरीद के दौरान सार्वजनिक स्थानों पर कुर्बानी और सफाई संबंधी शिकायतें सामने आई थीं।
यह ऐसे समय में आया है जब दिल्ली सरकार सार्वजनिक स्वच्छता और कानून-व्यवस्था को लेकर पहले से सतर्क रहने की नीति अपना रही है। प्रशासन ने इस बार त्योहार से पहले ही स्पष्ट निर्देश जारी कर किसी भी विवाद की गुंजाइश खत्म करने की कोशिश की है।
आम जनता पर असर
इन दिशानिर्देशों का सीधा असर उन नागरिकों पर पड़ेगा जो बकरीद पर कुर्बानी की परंपरा निभाते हैं। सरकार ने स्पष्ट किया है कि धार्मिक परंपराओं का पालन अधिकृत स्थानों पर ही किया जाए, ताकि सार्वजनिक स्वच्छता और पड़ोस में शांति बनी रहे। उल्लंघन की स्थिति में आपराधिक धाराओं के तहत कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।