लखनऊ अग्निकांड: मंगेतर संग शादी के सपने देख रहे 29 वर्षीय नीलेश की आग में मौत, परिजनों ने लगाए लापरवाही के आरोप
सारांश
मुख्य बातें
लखनऊ के अलीगंज स्थित एक कोचिंग संस्थान में 23 जून 2026 को लगी भीषण आग ने 29 वर्षीय 3D डिज़ाइनर नीलेश और उनकी मंगेतर — दोनों की जान ले ली। दोनों चार वर्षों से एक ही कार्यालय में काम करते थे, परिवारों की सहमति मिल चुकी थी और शादी की तैयारियाँ चल रही थीं। अब जिन घरों में खुशियाँ दस्तक देने को थीं, वहाँ सिर्फ मातम है।
मुख्य घटनाक्रम
परिजनों के अनुसार आग शॉर्ट सर्किट से भवन की निचली मंजिल पर भड़की, जिससे बाहर निकलने का एकमात्र रास्ता बंद हो गया। बिजली आपूर्ति ठप होने के कारण बायोमेट्रिक दरवाज़ा नहीं खुल सका और सीढ़ियों में घना धुआँ भर गया। प्रत्यक्षदर्शी मोहम्मद आसिफ ने बताया कि उन्होंने तौलिए से मुँह ढककर खिड़की से कूदकर जान बचाई।
नीलेश के बड़े भाई ने बताया कि उन्हें किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) से फोन आया और अस्पताल पहुँचने पर पता चला कि नीलेश नहीं रहे। नीलेश गेम के कैरेक्टर्स और प्रॉप्स बनाने का काम करते थे; उनकी मंगेतर भी उसी संस्थान में डिज़ाइनर थीं।
परिजनों के आरोप: लापरवाही और अवैध भवन
नीलेश के परिवार ने दमकल विभाग पर देरी का आरोप लगाते हुए कहा कि समय पर पानी पहुँचता तो कई जानें बचाई जा सकती थीं। उनके भाई ने सवाल उठाया कि जिस इमारत में आग लगी, उसे कथित तौर पर 10 वर्ष पहले ही अवैध घोषित किया जा चुका था, फिर भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। परिजनों का यह भी कहना है कि भवन में अग्निशमन के कोई उपकरण मौजूद नहीं थे।
एक और परिवार का सहारा छिना
हादसे में एक अन्य पीड़ित की बहन की भी मौत हो गई, जो परिवार की एकमात्र कमाने वाली सदस्य थीं। उनके पिता का दो वर्ष पहले निधन हो चुका है। परिवार अब पूरी तरह बेसहारा हो गया है।
आम जनता से अपील
पीड़ित परिजनों ने अपील की है कि ऐसी आपदाओं के दौरान लोग केवल वीडियो बनाने तक सीमित न रहें, बल्कि स्थानीय स्तर पर राहत कार्यों में सक्रिय भागीदारी करें ताकि कीमती जानें बचाई जा सकें।
क्या होगा आगे
यह अग्निकांड लखनऊ में व्यावसायिक भवनों की अग्नि सुरक्षा व्यवस्था और अवैध निर्माणों के विरुद्ध कार्रवाई पर गंभीर सवाल खड़े करता है। परिजनों ने दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई और पीड़ित परिवारों को उचित मुआवज़े की माँग की है। प्रशासन की ओर से अब तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।