सुप्रीम कोर्ट से याचिका खारिज: मीनाक्षी नटराजन बोलीं — 'जनता की अदालत में लड़ूंगी लड़ाई'
सारांश
मुख्य बातें
कांग्रेस नेता मीनाक्षी नटराजन की मध्य प्रदेश राज्यसभा चुनाव नामांकन रद्द होने से जुड़ी याचिका सुप्रीम कोर्ट ने 12 जून 2026 को खारिज कर दी। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि इस फैसले से उच्च न्यायालय स्तर पर किसी संभावित चुनावी याचिका पर कोई असर नहीं पड़ेगा। याचिका खारिज होते ही नटराजन ने संघर्ष जारी रखने का ऐलान किया।
मीनाक्षी नटराजन का बयान
याचिका खारिज होने के बाद मीनाक्षी नटराजन ने कहा, 'हम अपनी लड़ाई जारी रखेंगे। लोकतंत्र में एक और अदालत होती है, जनता की अदालत। हम अपनी लड़ाई उनके पास ले जाएंगे। मैं सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर कोई टिप्पणी नहीं करूंगी, क्योंकि ऐसा करना उचित नहीं होगा।'
उन्होंने चुनाव आयोग पर भी निशाना साधा और कहा, 'चुनाव आयोग ने अभी तक कोई फ़ैसला नहीं लिया है। हमने चुनाव आयोग से संपर्क किया था, लेकिन 48 घंटे बीत जाने के बाद भी वह चुप है। उसकी यह चुप्पी अपने आप में ही कुछ कह रही है।'
चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप
नटराजन ने आरोप लगाया, 'मैं पहले दिन से कह रही हूं कि चुनाव आयोग पूरी तरह से प्रभावित है, और आज यह बात एक बार फिर साबित हो गई है।' उन्होंने कहा कि जब मध्य प्रदेश राज्य के वकील अदालत में खड़े हुए, तो यह मामला राज्य बनाम उम्मीदवार का नहीं, बल्कि चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली का बन गया। उनके अनुसार, रिटर्निंग ऑफिसर की भूमिका पर सवाल उठाए गए थे जो अब जनता के सामने उजागर हो चुके हैं।
नटराजन ने यह भी कहा, 'सभी जानते हैं कि कॉर्पोरेट जगत के एक व्यक्ति के लिए अलग और संवैधानिक मूल्यों के लिए लड़ने वालों के लिए दूसरा कानून बनता है। पार्टी के निर्णय के अनुसार आगे की लड़ाई लड़ी जाएगी।'
नामांकन रद्द होने की पृष्ठभूमि
नटराजन का नामांकन इस आधार पर रद्द किया गया था कि उन्होंने एक लंबित आपराधिक मामले की जानकारी नामांकन पत्र में नहीं दी थी। गौरतलब है कि वरिष्ठ अधिवक्ता अभिषेक मनु सिंघवी के नेतृत्व में कांग्रेस ने कोर्ट में तर्क दिया था कि नटराजन के खिलाफ औपचारिक रूप से आरोप तय नहीं किए गए थे, इसलिए नामांकन रद्द करना उचित नहीं था।
कांग्रेस का सत्याग्रह और आगे की राह
सुप्रीम कोर्ट के फैसले के विरोध में कांग्रेस सदस्यों ने नई दिल्ली में सत्याग्रह किया और चुनाव आयोग द्वारा मामले को संभालने के तरीके पर आपत्ति जताई। यह ऐसे समय में आया है जब विपक्ष और चुनाव आयोग के बीच तनाव पहले से ही चर्चा में है। नटराजन के अनुसार, पार्टी के निर्देशन में अगले कदम तय किए जाएंगे और संघर्ष जारी रहेगा।