पंजाब में भाजपा अकेले लड़ेगी चुनाव, सभी 117 सीटों पर तैयारी पूरी: भाजपा प्रवक्ता आरपी सिंह
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने 8 अगस्त 2026 को स्पष्ट किया कि वह पंजाब की सभी 117 विधानसभा सीटों पर बिना किसी गठबंधन के अकेले चुनाव लड़ेगी। भाजपा प्रवक्ता आरपी सिंह ने यह बयान ऐसे समय दिया जब शिरोमणि अकाली दल (SAD) प्रमुख सुखबीर सिंह बादल और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच हुई मुलाकात के बाद पंजाब में संभावित गठबंधन को लेकर सियासी अटकलें तेज हो गई थीं।
भाजपा की पंजाब रणनीति
आरपी सिंह ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मोगा में आयोजित रैली के दौरान ही यह घोषणा कर दी थी कि भाजपा पंजाब में सभी 117 सीटों पर स्वतंत्र रूप से चुनाव लड़ेगी। पार्टी ने अपनी चुनावी रणनीति और संगठनात्मक तैयारियाँ शुरू कर दी हैं। यह घोषणा ऐसे समय में आई है जब SAD और भाजपा के बीच 2022 के विधानसभा चुनाव से पहले टूटे गठबंधन को लेकर अभी भी अनिश्चितता बनी हुई है।
बादल-मोदी मुलाकात का संदर्भ
आरपी सिंह ने सुखबीर सिंह बादल और प्रधानमंत्री मोदी की मुलाकात को गठबंधन वार्ता से अलग बताया। उन्होंने कहा कि इस बैठक में पंजाब में कानून-व्यवस्था की स्थिति, नशे की समस्या और पेपर लीक जैसे अहम मुद्दों पर चर्चा हुई। उनके अनुसार, प्रधानमंत्री मोदी विभिन्न राज्यों के नेताओं से नियमित रूप से मिलते हैं और पंजाब उनके लिए विशेष चिंता का विषय रहा है।
राहुल गांधी और छात्र आंदोलन पर भाजपा का पलटवार
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के प्रयागराज दौरे पर टिप्पणी करते हुए आरपी सिंह ने आरोप लगाया कि जब दिल्ली में छात्रों का विरोध-प्रदर्शन चल रहा था, उस दौरान राहुल गांधी 21 दिनों तक विदेश में थे। उन्होंने कहा कि विदेश से लौटने के बाद भी राहुल गांधी जंतर-मंतर नहीं गए और उन्होंने अलग से अपना कैंप लगाया। भाजपा प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि विपक्ष छात्रों और बच्चों को अपने राजनीतिक हितों के लिए ढाल के रूप में इस्तेमाल कर रहा है।
ई20 ईंधन विवाद और किसानों का रुख
राहुल गांधी द्वारा ई20 फ्यूल पर जारी किए गए वीडियो को लेकर आरपी सिंह ने कहा कि किसी भी वीडियो को सार्वजनिक करने से पहले तथ्यों की जाँच होनी चाहिए। उन्होंने बताया कि राहुल गांधी ने जिस कार का पेट्रोल टैंक खोलकर प्रदर्शन किया, उस पर स्वयं 'ई20 कम्पैटिबल' लिखा हुआ था, जिसका अर्थ है कि वह वाहन ई20 ईंधन के उपयोग के लिए उपयुक्त था। भाजपा प्रवक्ता ने दावा किया कि पंजाब के किसान ई20 के पक्ष में हैं और इसका विरोध करने वाले दलों के खिलाफ किसान आंदोलन कर रहे हैं।
आरएसएस और खड़गे के बयान पर प्रतिक्रिया
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के बयान के जवाब में आरपी सिंह ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) की ऐतिहासिक भूमिका का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि 1925 में RSS की स्थापना से पहले भी इसके पहले सरसंघचालक डॉ. केबी हेडगेवार स्वतंत्रता आंदोलन से जुड़े थे और छात्र जीवन में उन्हें तीन बार गिरफ्तार किया गया था। आरपी सिंह ने कहा कि वे खड़गे को इस विषय पर एक पुस्तक भेजेंगे। आने वाले विधानसभा चुनाव में भाजपा की रणनीति और विपक्ष के साथ उसकी तीखी नोकझोंक पंजाब की राजनीतिक दिशा तय करने में निर्णायक भूमिका निभाएगी।