गोमती रिवर फ्रंट घोटाला: राजभर ने अखिलेश पर लगाए आरोप, बोले — 'यह तो पार्ट-1 है'
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर ने 22 जून को समाजवादी पार्टी (सपा) के अध्यक्ष अखिलेश यादव पर सीधा हमला बोलते हुए गोमती रिवर फ्रंट परियोजना में कथित भ्रष्टाचार को लेकर गंभीर आरोप लगाए। राजभर ने दावा किया कि परियोजना का संपूर्ण बजट खर्च कर दिया गया, जबकि कथित तौर पर केवल 60 प्रतिशत काम ही पूरा हो सका।
राजभर का बड़ा दावा
राजभर ने स्पष्ट किया कि यह उनके खुलासों की केवल शुरुआत है। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में अखिलेश यादव के मुख्यमंत्री कार्यकाल से जुड़े कथित घोटालों की 'एक-एक फाइल' जनता के सामने रखी जाएगी। गौरतलब है कि सुभासपा प्रमुख इन दिनों लगातार सपा नेतृत्व पर निशाना साध रहे हैं।
एक्स पर पोस्ट में क्या लिखा
राजभर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अखिलेश यादव को संबोधित करते हुए लिखा, 'गोमती रिवर फ्रंट का जो फंड था उसे आपने 2017 के चुनाव में खर्च किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से की गई नोटबंदी की वजह से आप, अतीक अहमद के काले धन का इस्तेमाल नहीं कर पाए। यही वजह है कि गोमती रिवर फ्रंट का पूरा बजट खर्च करने के बावजूद सिर्फ 60 फीसदी काम ही पूरा हो सका। 40 फीसदी काम पर जो पैसा खर्च होना था, वह सैफई परिवार की तिजोरी और विधानसभा चुनाव में खर्च हुआ।'
अखिलेश पर तीखा प्रहार
राजभर ने आगे लिखा, 'अखिलेश यादव को लगा था कि सरकार में वापसी के साथ अपनी चोरी छिपा ले जाएंगे, लेकिन पाप का घड़ा भर चुका था। घोटालेबाजों की सरकार हार गई। सभी घोटाला सामने आ गया। यह अखिलेश राज के भ्रष्ट काले कारनामों का एक नमूना भर है।' उल्लेखनीय है कि ये सभी आरोप राजभर के व्यक्तिगत दावे हैं और इनकी स्वतंत्र रूप से पुष्टि अभी तक नहीं हुई है।
जाँच एजेंसियों पर भरोसा
राजभर ने यह भी कहा कि संबंधित संस्थाएं और जाँच एजेंसियाँ गोमती रिवर फ्रंट मामले में सच्चाई सामने लाने में जुटी हैं। उन्होंने कहा, 'पूरी फाइल लेकर बैठा हूं। धीरज रखें, जेल में न एसी मिलेगी, न ट्विटर होगा और न ही पीसी कर पाएंगे।' यह टिप्पणी स्पष्ट रूप से अखिलेश यादव पर लक्षित थी। आगामी दिनों में राजभर के और खुलासों की संभावना से उत्तर प्रदेश की राजनीति में हलचल बढ़ सकती है।