तमिलनाडु में नर्सिंग सीटें 796 से बढ़कर 1,651 होंगी, 13 संस्थानों में 855 नई सीटें मंजूर
सारांश
मुख्य बातें
तमिलनाडु सरकार ने 22 जुलाई 2026 को राज्य के सरकारी नर्सिंग संस्थानों में सीटों की संख्या 796 से बढ़ाकर 1,651 करने का बड़ा निर्णय लिया है। इस विस्तार के तहत 13 सरकारी संस्थानों में स्नातक (यूजी) और स्नातकोत्तर (पीजी) पाठ्यक्रमों को मिलाकर कुल 855 नई सीटें जोड़ी जाएंगी। चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान निदेशालय (DME&R) इस प्रस्ताव को मंजूरी दे चुका है और आवश्यक नियामकीय स्वीकृतियाँ मिलते ही प्रवेश प्रक्रिया शुरू होगी।
सीट विस्तार का विवरण
प्रस्ताव के अनुसार, नई सीटों का वितरण तीन स्तरों पर होगा। बीएससी नर्सिंग में 660 नई सीटें जोड़ी जाएंगी, जिससे इस पाठ्यक्रम की कुल सीटें 510 से बढ़कर 1,170 हो जाएंगी। पोस्ट बेसिक बीएससी नर्सिंग में 120 अतिरिक्त सीटें और एमएससी नर्सिंग में 75 नई सीटें जोड़ी जाएंगी।
इनमें से अधिकांश नई सीटें सरकारी मेडिकल कॉलेज परिसरों में निर्मित हो रहे छह नए मॉडल कॉलेज ऑफ नर्सिंग में उपलब्ध होंगी। प्रत्येक नए संस्थान के निर्माण पर लगभग ₹40 करोड़ की लागत आएगी, जिसके लिए तमिलनाडु डॉ. एमजीआर मेडिकल यूनिवर्सिटी वित्तीय सहायता प्रदान कर रही है।
कौन-से संस्थान होंगे लाभान्वित
बीएससी नर्सिंग की 100-100 अतिरिक्त सीटें तिरुचिरापल्ली के केएपी विश्वनाथन गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज तथा तिरुवन्नामलाई, वेल्लोर, धर्मपुरी, इरोड और तिरुनेलवेली के सरकारी मेडिकल कॉलेजों को मिलेंगी। कोयंबटूर के गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज, ईएसआई एंड हॉस्पिटल में 60 नई सीटें जोड़ी जाएंगी।
पोस्ट बेसिक बीएससी नर्सिंग की 120 सीटें चेंगलपट्टू मेडिकल कॉलेज, गवर्नमेंट थेनी मेडिकल कॉलेज और कडलूर स्थित राजा मुथैया मेडिकल कॉलेज से संबद्ध नर्सिंग कॉलेजों में समान रूप से बाँटी जाएंगी। एमएससी नर्सिंग की 75 सीटें चेंगलपट्टू मेडिकल कॉलेज, सलेम के गवर्नमेंट मोहन कुमारमंगलम मेडिकल कॉलेज और गवर्नमेंट थेनी मेडिकल कॉलेज से संबद्ध नर्सिंग कॉलेजों में आवंटित होंगी।
आर्थिक रूप से कमज़ोर छात्रों को राहत
अधिकारियों के अनुसार, यह निर्णय उन छात्रों के लिए विशेष रूप से लाभकारी होगा जो निजी नर्सिंग कॉलेजों की ऊँची फीस वहन करने में असमर्थ हैं। सरकारी संस्थानों में बीएससी नर्सिंग और पोस्ट बेसिक बीएससी नर्सिंग की वार्षिक फीस ₹60,000 है, जबकि प्रबंधन कोटे में यही फीस ₹1.2 लाख तक पहुँचती है। एमएससी नर्सिंग की सरकारी कोटा फीस ₹75,000 है, जो प्रबंधन कोटे में ₹1.25 लाख हो जाती है।
यह ऐसे समय में आया है जब तमिलनाडु नर्सिंग काउंसिल के आँकड़ों के अनुसार राज्य में हर वर्ष लगभग 19,000 नर्सिंग छात्र परिषद में पंजीकरण कराते हैं, जो प्रशिक्षित कर्मियों की बढ़ती माँग को दर्शाता है।
व्यापक स्वास्थ्य शिक्षा नीति का हिस्सा
गौरतलब है कि यह विस्तार तमिलनाडु सरकार की उस व्यापक योजना का अंग है जिसके तहत सरकारी मेडिकल कॉलेजों में एमबीबीएस और बीडीएस सीटें बढ़ाने के साथ-साथ एलाइड हेल्थ एजुकेशन को भी सुदृढ़ किया जा रहा है। नियामकीय स्वीकृतियाँ मिलने के बाद नई सीटों पर प्रवेश शुरू होने की उम्मीद है, जिससे राज्य की सार्वजनिक स्वास्थ्य प्रणाली को दीर्घकालिक रूप से मजबूती मिलेगी।