वंदे गंगा जल संरक्षण अभियान 25 मई से: CM भजनलाल शर्मा का गंगा दशहरा पर बड़ा ऐलान
सारांश
मुख्य बातें
राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने 22 मई 2026 को घोषणा की कि राज्य सरकार 25 मई को गंगा दशहरा के पावन अवसर पर 'वंदे गंगा जल संरक्षण अभियान' की शुरुआत करेगी। इस अभियान में ग्रामीण क्षेत्रों में वर्षा जल संचयन और भूजल स्तर सुधारने को प्राथमिकता दी जाएगी। यह घोषणा मुख्यमंत्री ने डूंगरपुर जिले के धंबोला गांव के दौरे के दौरान की।
अभियान की रूपरेखा
मुख्यमंत्री शर्मा ने जनभागीदारी को इस अभियान की आत्मा बताया। उन्होंने कहा कि बारिश के पानी का सुव्यवस्थित प्रबंधन और तालाबों का संरक्षण गांवों में जल संकट को काफी हद तक कम कर सकता है। अभियान के अंतर्गत सामुदायिक सहभागिता से जल संरक्षण कार्य किए जाएंगे, जिससे भूजल स्तर में सुधार की उम्मीद है।
इसी कड़ी में मुख्यमंत्री ने जिला प्रशासन को धंबोला गांव के खेमसागर तालाब पर पाल निर्माण और पौधारोपण कार्य तत्काल शुरू कराने के निर्देश दिए।
धंबोला गांव में जनसंवाद
रात्रि विश्राम के बाद शुक्रवार सुबह मुख्यमंत्री ने धंबोला गांव की गलियों में पैदल भ्रमण किया। उन्होंने बुजुर्गों का हालचाल जाना, दुकानदारों से उनके व्यवसाय और दैनिक जीवन की जानकारी ली, और कई स्थानों पर रुककर लोगों की समस्याएँ व सुझाव सुने।
ग्रामीणों के साथ अनौपचारिक चाय-चर्चा के दौरान मुख्यमंत्री ने सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन पर फीडबैक भी लिया। उनके सहज और सौहार्दपूर्ण व्यवहार से ग्रामीण स्पष्ट रूप से प्रभावित दिखे।
अटल ज्ञान केंद्र और युवाओं के लिए पहल
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार प्रदेश की सभी पंचायतों में 'अटल ज्ञान केंद्र' स्थापित कर रही है। इन केंद्रों पर ग्रामीण युवाओं को किताबें, समाचार पत्र और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी की सामग्री नि:शुल्क उपलब्ध कराई जाएगी, जिससे उन पर आर्थिक बोझ कम होगा और वे अपने गांव में रहकर ही तैयारी कर सकेंगे।
ग्रामीणों की माँग पर मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को खेल सुविधाओं का विस्तार करने और सरकारी स्कूल में गुणवत्तापूर्ण कक्षा निर्माण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को जिले में नशे के विरुद्ध व्यापक जागरूकता अभियान चलाने और उसमें युवाओं की अधिकतम भागीदारी सुनिश्चित करने को भी कहा।
सामाजिक एकता और सांस्कृतिक पहचान पर जोर
मुख्यमंत्री ने ग्रामीण जीवन की सामाजिक एकजुटता की सराहना करते हुए कहा कि गांवों में लोग एक-दूसरे के सुख-दुख में साथ खड़े रहते हैं, जो आपसी भाईचारे और सामाजिक सौहार्द की नींव है। उन्होंने 'राम-श्याम' की परंपरा — यानी आपसी अभिवादन और मेलजोल — को गांव की संस्कृति की असली पहचान बताया।
दौरे के दौरान मुख्यमंत्री गांव में बैडमिंटन खेल रहे बच्चों से मिले और उनके साथ कुछ देर खेल में शामिल हुए। इससे पहले उन्होंने गोवर्धननाथ जी मंदिर और माताजी मंदिर में दर्शन कर राज्यवासियों की सुख-समृद्धि की कामना की।
आगे की राह
25 मई से शुरू होने वाले 'वंदे गंगा जल संरक्षण अभियान' के साथ राजस्थान सरकार की कोशिश है कि जल संरक्षण को एक जन-आंदोलन का रूप दिया जाए। राज्य में बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने और विकास कार्यों को चरणबद्ध ढंग से लागू करने की प्रतिबद्धता दोहराते हुए मुख्यमंत्री शर्मा ने संकेत दिया कि ग्रामीण राजस्थान उनकी सरकार की नीतिगत प्राथमिकता के केंद्र में है।