वाईएसआरसीपी नेता दसरथा रामिरेड्डी पर बर्बर हमला, पार्टी ने आंध्र में बिगड़ती कानून-व्यवस्था पर उठाए सवाल
सारांश
Key Takeaways
वाईएसआर कांग्रेस पार्टी (वाईएसआरसीपी) ने रायचोटी नगर पालिका के पूर्व उपाध्यक्ष दसरथा रामिरेड्डी पर हुए बर्बर हमले की कड़ी निंदा की है। पार्टी ने इस घटना को आंध्र प्रदेश में बिगड़ती कानून-व्यवस्था और बढ़ती राजनीतिक हिंसा का ज्वलंत उदाहरण करार दिया है। यह हमला कथित तौर पर मंत्री राम प्रसाद रेड्डी के समर्थकों द्वारा घातक हथियारों से किया गया।
हमले का विवरण और पृष्ठभूमि
वाईएसआरसीपी के प्रदेश महासचिव गडिकोटा श्रीकांत रेड्डी ने कहा कि यह हमला बर्बर और अलोकतांत्रिक है। उन्होंने आरोप लगाया कि गठबंधन सरकार के सत्ता में आने के बाद से विपक्षी नेताओं और कार्यकर्ताओं पर हमले तेजी से बढ़े हैं। उनके अनुसार, सरकार जनता की समस्याएँ सुलझाने की बजाय पुलिस तंत्र का दुरुपयोग कर विपक्ष की आवाज़ दबाने में लगी है।
लोकसभा में वाईएसआरसीपी के नेता पी.वी. मिधुन रेड्डी ने खुलासा किया कि यह हमला पुलिस की मौजूदगी में हुआ, जिससे पुलिस की विफलता और कथित मिलीभगत उजागर होती है। उन्होंने बताया कि दसरथा रामिरेड्डी पहले ही सीआई और डीएसपी अधिकारियों को धमकियों तथा उनके फंक्शन हॉल पर बार-बार हो रहे हमलों की शिकायत दे चुके थे, लेकिन कोई एहतियाती कार्रवाई नहीं की गई।
पुलिस पर मिलीभगत के आरोप
मिधुन रेड्डी ने नाराज़गी जताई कि स्पष्ट वीडियो सबूत होने के बावजूद आरोपियों के खिलाफ अब तक कोई मामला दर्ज नहीं किया गया है। उन्होंने तत्काल हत्या के प्रयास का मामला दर्ज कर कड़ी कानूनी कार्रवाई की माँग की। उनका कहना था कि पुलिस वाईएसआरसीपी के सोशल मीडिया कार्यकर्ताओं पर तेज़ी से कई मामले दर्ज करती है, लेकिन जब सत्तारूढ़ दल के समर्थक दिनदहाड़े हिंसक हमले करते हैं तो वह निष्क्रिय बनी रहती है।
'रेड बुक शासन' पर वाईएसआरसीपी का आरोप
श्रीकांत रेड्डी ने आरोप लगाया कि राज्य में संवैधानिक शासन की जगह 'रेड बुक शासन' ने ले ली है, जहाँ झूठे मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं और कमज़ोर वर्गों, पार्टी कार्यकर्ताओं तथा सरकार से सवाल पूछने वालों पर सुनियोजित हमले किए जा रहे हैं। गौरतलब है कि 'रेड बुक' का संदर्भ तेलुगु देशम पार्टी (टीडीपी) नेता नारा लोकेश की उस किताब से है, जिसे वह चुनाव प्रचार के दौरान अपने साथ रखते थे। उनका दावा था कि इसमें उन सभी लोगों के नाम हैं जिन्होंने वाईएसआरसीपी शासन के दौरान टीडीपी कार्यकर्ताओं को परेशान किया था।
वाईएसआरसीपी की माँग और चेतावनी
वाईएसआर कांग्रेस ने प्रशासन को चेतावनी दी कि अगर ऐसी निष्क्रियता जारी रही तो पुलिस व्यवस्था से जनता का भरोसा कमज़ोर होगा और इस तरह की हिंसा को बढ़ावा मिलेगा। पार्टी ने कानून-व्यवस्था बहाल करने और न्याय सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की माँग की है। फिलहाल दसरथा रामिरेड्डी गंभीर चोटों के साथ जीवन और मृत्यु के बीच जूझ रहे हैं, और इस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई पर सबकी नज़रें टिकी हैं।