सीबीआई अकादमी गाजियाबाद में आईटीईसी भ्रष्टाचार-रोधी प्रशिक्षण शुरू, 16 देशों के 24 अधिकारी शामिल
सारांश
मुख्य बातें
गाजियाबाद स्थित सीबीआई अकादमी में 4 नवंबर 2026 को 'भ्रष्टाचार-विरोधी मामलों की जांच और संपत्ति वसूली' विषय पर एक सप्ताह के विशेष आईटीईसी प्रशिक्षण पाठ्यक्रम का उद्घाटन किया गया। भारतीय तकनीकी और आर्थिक सहयोग (आईटीईसी) कार्यक्रम के अंतर्गत आयोजित इस पाठ्यक्रम में 16 भागीदार देशों के 24 अधिकारी भाग ले रहे हैं।
पाठ्यक्रम का उद्देश्य और विषयवस्तु
यह प्रशिक्षण कार्यक्रम मुख्यतः प्रतिभागियों को भ्रष्टाचार से निपटने के लिए भारत के कानूनी और संस्थागत ढाँचे की गहरी समझ देने के लिए तैयार किया गया है। इसमें अपराध से प्राप्त धन की पहचान और ट्रैकिंग, वित्तीय जांच की पद्धतियाँ, अवैध संपत्तियों की कुर्की और जब्ती, तथा संपत्ति वसूली में अंतरराष्ट्रीय सहयोग जैसे व्यावहारिक पहलुओं को शामिल किया गया है।
पाठ्यक्रम में परस्पर सत्रों, केस स्टडी और व्यावहारिक मॉड्यूल के माध्यम से अधिकारियों की पेशेवर क्षमताओं को सुदृढ़ करने पर ज़ोर दिया जाएगा। गौरतलब है कि प्रशिक्षण में जांच तकनीकों और कानूनी उपकरणों के वास्तविक अनुप्रयोग को केंद्र में रखा गया है।
भागीदार देश और वैश्विक महत्व
इस कार्यक्रम में बोत्सवाना, इथियोपिया, घाना, इराक, लेबनान, मेडागास्कर, मालदीव, माली, मॉरीशस, म्यांमार, नामीबिया, नाइजीरिया, पनामा, पैराग्वे, तंजानिया और जिम्बाब्वे के अधिकारी भाग ले रहे हैं। इन देशों की व्यापक भागीदारी यह संकेत देती है कि विकासशील देशों में भ्रष्टाचार और वित्तीय अपराध से लड़ने के लिए विशेष क्षमता निर्माण की माँग तेज़ी से बढ़ रही है।
यह ऐसे समय में आया है जब सीमापार संपत्ति वसूली अंतरराष्ट्रीय कूटनीति का अहम हिस्सा बनती जा रही है और कई देश अपनी जांच एजेंसियों को आधुनिक वित्तीय अपराध से निपटने के लिए तैयार कर रहे हैं।
सीबीआई अकादमी निदेशक का उद्घाटन संबोधन
सीबीआई अकादमी के निदेशक सुहैल शर्मा ने कार्यक्रम का उद्घाटन किया। प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि प्रभावी संपत्ति वसूली के लिए केवल मज़बूत घरेलू कानून पर्याप्त नहीं हैं — विभिन्न देशों की जांच एजेंसियों के बीच निर्बाध सहयोग भी उतना ही अनिवार्य है।
उन्होंने भ्रष्टाचार से प्राप्त धन का पता लगाने और सीमा पार अवैध संपत्तियों की वसूली में अंतरराष्ट्रीय समन्वित कार्रवाई के महत्व को रेखांकित किया।
आईटीईसी कार्यक्रम और भारत की प्रतिबद्धता
विदेश मंत्रालय के आईटीईसी कार्यक्रम के तहत सीबीआई अकादमी भ्रष्टाचार-विरोधी और वित्तीय अपराध जांच के क्षेत्र में विशेष प्रशिक्षण प्रदान करने वाले एक प्रमुख केंद्र के रूप में उभरी है। यह पाठ्यक्रम भागीदार देशों की जांच एजेंसियों के बीच ज्ञान साझाकरण को बढ़ावा देकर भ्रष्टाचार के खिलाफ वैश्विक प्रयासों में भारत की भूमिका को और सुदृढ़ करता है।
आने वाले दिनों में इस तरह के और पाठ्यक्रमों के माध्यम से सीबीआई अकादमी की अंतरराष्ट्रीय साझेदारी को और विस्तार दिए जाने की संभावना है।