17 अगस्त 2026
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ट्विशा शर्मा मौत मामला: सीबीआई की 636 पन्नों की चार्जशीट, पति समर्थ और सास गिरिबाला पर दहेज व आत्महत्या उकसाने का आरोप

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ट्विशा शर्मा मौत मामला: सीबीआई की 636 पन्नों की चार्जशीट, पति समर्थ और सास गिरिबाला पर दहेज व आत्महत्या उकसाने का आरोप

सारांश

भोपाल की मॉडल-अभिनेत्री ट्विशा शर्मा की मौत के मामले में सीबीआई ने 636 पन्नों की चार्जशीट दाखिल कर दी है। पति समर्थ सिंह और सास गिरिबाला सिंह पर दहेज मांग और आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप हैं। दोनों 2 जून से जेल में हैं। मामला अब अदालत में न्यायिक सुनवाई के अगले दौर में प्रवेश करेगा।

मुख्य बातें

सीबीआई ने 17 अगस्त को ट्विशा शर्मा मौत मामले में 636 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की।
पति समर्थ सिंह और सास गिरिबाला सिंह पर दहेज मांग और आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप लगाए गए हैं।
दोनों आरोपी 2 जून से भोपाल सेंट्रल जेल में बंद हैं।
सीबीआई जांच में मौत को आत्महत्या माना गया; दिल्ली एम्स की दूसरी पोस्टमार्टम रिपोर्ट भी इसी निष्कर्ष की ओर।
मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय के आदेश पर 24 मई को दूसरा पोस्टमार्टम हुआ था और जांच सीबीआई को सौंपी गई थी।

केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने सोमवार, 17 अगस्त को भोपाल की मॉडल-अभिनेत्री ट्विशा शर्मा की संदिग्ध मौत के मामले में 636 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की। इसमें ट्विशा के पति समर्थ सिंह और सास गिरिबाला सिंह पर दहेज की मांग और आत्महत्या के लिए उकसाने के गंभीर आरोप लगाए गए हैं। दोनों आरोपी 2 जून से भोपाल सेंट्रल जेल में न्यायिक हिरासत में हैं।

चार्जशीट में क्या है

सीबीआई की जांच में ट्विशा शर्मा की मौत को आत्महत्या माना गया है। दूसरी पोस्टमार्टम रिपोर्ट भी मौत के कारण के संदर्भ में इसी निष्कर्ष की ओर इशारा करती है। जांच एजेंसी ने पहले कहा था कि एम्स दिल्ली के मेडिकल बोर्ड की रिपोर्ट के अनुसार, जिम्नास्टिक बेल्ट पर मिले त्वचा के ऊतक ट्विशा की गर्दन पर पाए गए चोट के निशानों से मेल खाते हैं — यह बेल्ट कथित तौर पर फंदे के रूप में इस्तेमाल की गई थी। चार्जशीट के आधार पर अब अदालत में न्यायिक प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।

परिवार की आपत्तियाँ और दूसरा पोस्टमार्टम

ट्विशा के परिजनों ने पहली पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर गंभीर सवाल उठाए थे। परिवार का आरोप था कि जांच और पोस्टमार्टम के दौरान तथ्यों से छेड़छाड़ हुई और ससुराल पक्ष के प्रभाव के कारण निष्पक्ष जांच नहीं हो सकी। परिजनों ने ट्विशा की हत्या की आशंका जताते हुए दोबारा पोस्टमार्टम की मांग की थी।

मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय के निर्देश पर दिल्ली एम्स के डॉक्टरों की टीम ने 24 मई को भोपाल एम्स में ट्विशा का दूसरा पोस्टमार्टम किया। इसके बाद उनका अंतिम संस्कार किया गया। उच्च न्यायालय के इसी आदेश के बाद मामले की जांच सीबीआई को सौंपी गई थी।

जांच के दौरान विवाद

जांच के क्रम में सीबीआई ने समर्थ सिंह और गिरिबाला सिंह के वॉइस सैंपल लेने का प्रयास किया। आरोपियों ने जांच एजेंसी के उस दावे का विरोध किया कि उन्होंने नमूने देने में सहयोग नहीं किया। बचाव पक्ष ने सैंपल लेने की प्रक्रिया के दौरान अधिकारियों के व्यवहार पर अदालत में आपत्ति भी दर्ज कराई। इसके अतिरिक्त, सीबीआई ने घटना के बाद समर्थ सिंह के संपर्क में आए लोगों से पूछताछ की और डिजिटल साक्ष्यों की भी जांच की।

आगे क्या होगा

चार्जशीट दाखिल होने के साथ ही सीबीआई ने दोनों आरोपियों के विरुद्ध आत्महत्या के लिए उकसाने और दहेज संबंधी धाराओं के तहत अभियोजन आगे बढ़ाने की तैयारी पूरी कर ली है। यह मामला अब अदालत में साक्ष्यों की जांच और सुनवाई के अगले चरण में प्रवेश करेगा। ट्विशा के परिवार की न्याय की लड़ाई अब न्यायिक प्रक्रिया पर टिकी है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली सवाल यह है कि पहली पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर उठे सवालों की जवाबदेही कब तय होगी। परिवार के आरोप थे कि शुरुआती जांच में ससुराल पक्ष का प्रभाव था — यह दावा अभी तक न्यायिक दायरे में पूरी तरह परखा नहीं गया। दहेज उत्पीड़न और आत्महत्या उकसाने के मामलों में दोषसिद्धि दर भारत में ऐतिहासिक रूप से कम रही है, जो परिवार की लड़ाई को और कठिन बनाती है। अदालत में साक्ष्यों की मज़बूती, विशेषकर डिजिटल और फोरेंसिक साक्ष्य, ही इस मामले का फैसला तय करेंगे।
RashtraPress
17 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

ट्विशा शर्मा मौत मामले में सीबीआई ने क्या चार्जशीट दाखिल की है?
सीबीआई ने 17 अगस्त को 636 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की, जिसमें ट्विशा के पति समर्थ सिंह और सास गिरिबाला सिंह पर दहेज की मांग और आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप लगाए गए हैं। जांच एजेंसी ने मौत को आत्महत्या माना है।
समर्थ सिंह और गिरिबाला सिंह को कब गिरफ्तार किया गया था?
दोनों आरोपी 2 जून से भोपाल सेंट्रल जेल में न्यायिक हिरासत में हैं। उनकी गिरफ्तारी मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय के आदेश पर सीबीआई को जांच सौंपे जाने के बाद हुई।
ट्विशा शर्मा का दूसरा पोस्टमार्टम क्यों और कब हुआ?
परिवार की आपत्तियों और पहली पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर उठे सवालों के बाद मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय के निर्देश पर 24 मई को भोपाल एम्स में दिल्ली एम्स के डॉक्टरों की टीम ने दूसरा पोस्टमार्टम किया। परिवार ने हत्या की आशंका जताते हुए यह मांग की थी।
सीबीआई ने मामले में कौन-से साक्ष्य जुटाए?
सीबीआई ने जिम्नास्टिक बेल्ट पर मिले त्वचा के ऊतकों का फोरेंसिक मिलान किया, आरोपियों के वॉइस सैंपल लेने का प्रयास किया, डिजिटल साक्ष्यों की जांच की और घटना के बाद समर्थ सिंह के संपर्क में आए लोगों से पूछताछ की।
इस मामले में आगे क्या होगा?
चार्जशीट दाखिल होने के बाद अब अदालत में साक्ष्यों की जांच और सुनवाई की प्रक्रिया शुरू होगी। सीबीआई दोनों आरोपियों के खिलाफ दहेज और आत्महत्या उकसाने की धाराओं के तहत अभियोजन आगे बढ़ाएगी।
राष्ट्र प्रेस
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