30 जून 2026
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ट्विशा शर्मा मौत मामला: सास गिरिबाला सिंह और पति समर्थ की न्यायिक हिरासत 14 जुलाई तक बढ़ी

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ट्विशा शर्मा मौत मामला: सास गिरिबाला सिंह और पति समर्थ की न्यायिक हिरासत 14 जुलाई तक बढ़ी

सारांश

ट्विशा शर्मा मौत मामले में भोपाल की विशेष अदालत ने सास गिरिबाला सिंह और पति समर्थ सिंह की न्यायिक हिरासत 14 जुलाई तक बढ़ा दी। CBI ने अतिरिक्त पुलिस हिरासत की माँग नहीं की और फोरेंसिक व इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की जाँच जारी है।

मुख्य बातें

भोपाल की विशेष अदालत ने 30 जून 2026 को गिरिबाला सिंह और समर्थ सिंह की न्यायिक हिरासत 14 जुलाई 2026 तक बढ़ाई।
दोनों आरोपियों को भोपाल केंद्रीय जेल से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के ज़रिए अदालत में पेश किया गया।
CBI ने इस सुनवाई में अतिरिक्त पुलिस हिरासत की माँग नहीं की; फोरेंसिक, इलेक्ट्रॉनिक और दस्तावेज़ी साक्ष्यों की जाँच जारी है।
मॉडल-एक्ट्रेस ट्विशा शर्मा 12 मई 2026 को भोपाल के ससुराल में संदिग्ध परिस्थितियों में मृत पाई गई थीं।
मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय के आदेश पर जाँच CBI को सौंपी गई थी।

भोपाल की एक विशेष अदालत ने मंगलवार, 30 जून 2026 को मॉडल-एक्ट्रेस ट्विशा शर्मा की संदिग्ध मौत के मामले में गिरफ्तार रिटायर्ड न्यायाधीश गिरिबाला सिंह और उनके बेटे समर्थ सिंह की न्यायिक हिरासत 14 जुलाई 2026 तक बढ़ा दी। दोनों आरोपियों को भोपाल केंद्रीय जेल से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के ज़रिए अदालत के समक्ष पेश किया गया, जहाँ पिछली हिरासत अवधि समाप्त होने के बाद यह आदेश पारित किया गया।

मुख्य घटनाक्रम

अदालत में सुनवाई के दौरान केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने दोनों आरोपियों की आगे की पुलिस हिरासत की माँग नहीं की। इसके बजाय एजेंसी ने संकेत दिया कि वह गवाहों के बयान दर्ज करने, दस्तावेज़ी साक्ष्य जुटाने तथा फोरेंसिक एवं इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड की जाँच के ज़रिए अपनी जाँच आगे बढ़ा रही है। अदालत ने दोनों को 14 जुलाई तक न्यायिक हिरासत में रखने का निर्देश दिया।

मामले की पृष्ठभूमि

मॉडल और एक्ट्रेस ट्विशा शर्मा 12 मई 2026 को भोपाल स्थित अपने ससुराल में संदिग्ध परिस्थितियों में मृत पाई गई थीं। परिवार ने निष्पक्ष जाँच की माँग करते हुए मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय में याचिका दायर की। उच्च न्यायालय ने सुनवाई के बाद जाँच CBI को सौंप दी।

गौरतलब है कि इस महीने की शुरुआत में CBI ने ट्विशा की सास गिरिबाला सिंह और पति समर्थ सिंह को गिरफ्तार किया था। इसके बाद विशेष न्यायालय ने पहले उन्हें CBI की हिरासत में भेजा और फिर हिरासत अवधि समाप्त होने पर न्यायिक हिरासत में। तब से दोनों भोपाल केंद्रीय जेल में बंद हैं।

CBI की जाँच की स्थिति

CBI ने अब तक मामले से जुड़े कई लोगों से पूछताछ की है और जाँच के दौरान जुटाए गए साक्ष्यों का सत्यापन जारी है। एजेंसी ने जाँच के विवरण सार्वजनिक नहीं किए हैं। अधिकारी ट्विशा की मौत के कारणों का पता लगाने के लिए फोरेंसिक रिपोर्ट, इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड और गवाहों के बयानों की गहन जाँच कर रहे हैं।

आगे क्या

न्यायिक हिरासत 14 जुलाई 2026 तक बढ़ाए जाने के बाद अब CBI से अपेक्षा है कि वह इस तारीख से पहले जाँच के अगले चरण को पूरा करे और मामले में अगला कानूनी कदम उठाए। यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि क्या एजेंसी आरोप-पत्र दाखिल करने की स्थिति में आती है या जाँच को और समय की आवश्यकता होगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

न साक्ष्यों का विवरण सार्वजनिक किया है। रिटायर्ड न्यायाधीश का आरोपी होना इस मामले को संवेदनशील बनाता है, क्योंकि न्यायपालिका से जुड़े व्यक्ति पर आरोप सार्वजनिक विश्वास को सीधे प्रभावित करते हैं। मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय के हस्तक्षेप के बाद CBI को जाँच मिली, लेकिन परिवार और जनता को अभी ठोस जवाब का इंतज़ार है। हिरासत विस्तार की यह श्रृंखला दर्शाती है कि जाँच अभी प्रारंभिक चरण में है, और अगली सुनवाई तारीख निर्णायक संकेत दे सकती है।
RashtraPress
30 जून 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

ट्विशा शर्मा मौत मामला क्या है?
मॉडल और एक्ट्रेस ट्विशा शर्मा 12 मई 2026 को भोपाल स्थित ससुराल में संदिग्ध परिस्थितियों में मृत पाई गई थीं। परिवार की माँग पर मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय ने जाँच CBI को सौंपी, जिसने बाद में सास गिरिबाला सिंह और पति समर्थ सिंह को गिरफ्तार किया।
गिरिबाला सिंह और समर्थ सिंह की न्यायिक हिरासत कब तक बढ़ाई गई है?
भोपाल की विशेष अदालत ने 30 जून 2026 को दोनों की न्यायिक हिरासत 14 जुलाई 2026 तक बढ़ा दी है। अगली सुनवाई इसी तारीख को होगी।
CBI ने इस मामले में अब तक क्या कार्रवाई की है?
CBI ने गिरिबाला सिंह और समर्थ सिंह को गिरफ्तार किया और पूछताछ की। एजेंसी अब गवाहों के बयान दर्ज करने के साथ-साथ फोरेंसिक, इलेक्ट्रॉनिक और दस्तावेज़ी साक्ष्यों की जाँच कर रही है। जाँच का विवरण अभी सार्वजनिक नहीं किया गया है।
मामले की जाँच CBI को क्यों सौंपी गई?
ट्विशा शर्मा के परिवार ने निष्पक्ष जाँच की माँग करते हुए मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय में याचिका दायर की थी। उच्च न्यायालय ने याचिकाओं पर सुनवाई के बाद जाँच CBI को सौंपने का आदेश दिया।
आगे इस मामले में क्या होने की संभावना है?
14 जुलाई 2026 को अगली सुनवाई में CBI से अपेक्षा है कि वह जाँच की प्रगति अदालत के सामने रखे। यह देखना अहम होगा कि एजेंसी आरोप-पत्र दाखिल करने की स्थिति में आती है या जाँच को और समय की आवश्यकता होगी।
राष्ट्र प्रेस
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