राजदूत अपूर्वा श्रीवास्तव ने स्लोवाक विदेश मंत्री ब्लानार से की विदाई मुलाकात, भारत-स्लोवाकिया संबंध और गहरे होंगे
सारांश
मुख्य बातें
स्लोवाकिया में भारत की राजदूत अपूर्वा श्रीवास्तव ने 8 जुलाई 2026 को ब्रातिस्लावा में स्लोवाक गणराज्य के विदेश और यूरोपीय मामलों के मंत्री जुराज ब्लानार से विदाई मुलाकात की। इस बैठक में राजदूत श्रीवास्तव ने अपने कार्यकाल के दौरान मिले सहयोग के लिए मंत्री का आभार जताया और दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने की भारत की प्रतिबद्धता दोहराई।
मुलाकात का संदर्भ और महत्व
भारतीय दूतावास ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट करते हुए जानकारी दी कि राजदूत श्रीवास्तव ने मंत्री ब्लानार का 'दिल से धन्यवाद' किया और भरोसा जताया कि आने वाले समय में भारत-स्लोवाकिया संबंध कई क्षेत्रों में और भी गहरे एवं मजबूत होंगे। यह विदाई मुलाकात ऐसे समय में हुई है जब दोनों देशों के बीच राजनयिक और आर्थिक सहयोग एक नई ऊँचाई पर है।
PM मोदी की स्लोवाकिया यात्रा की पृष्ठभूमि
गौरतलब है कि पिछले महीने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दो दिवसीय राजकीय यात्रा पर स्लोवाकिया गए थे — जो किसी भारतीय प्रधानमंत्री की इस देश की पहली यात्रा थी। इस दौरान उन्होंने स्लोवाकिया के प्रधानमंत्री रॉबर्ट फिको और राष्ट्रपति पीटर पेलेग्रिनी से ब्रातिस्लावा के राष्ट्रपति भवन में मुलाकात की।
राष्ट्रपति पेलेग्रिनी से वार्ता के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने एक्स पर लिखा, 'आज राष्ट्रपति पेलेग्रिनी के साथ हुई बातचीत में विनिर्माण, परिवहन, नवाचार, निवेश, ऊर्जा, बायोफ्यूल और कई दूसरे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर चर्चा हुई। डिजिटल तकनीक के क्षेत्र में भी साथ मिलकर काम करने की बड़ी संभावनाएं हैं। हमने लोगों के बीच आपसी संपर्क को और मजबूत बनाने पर भी बात की।'
सहयोग के प्रमुख क्षेत्र
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने जानकारी दी कि प्रधानमंत्री मोदी और प्रधानमंत्री फिको ने भारत-स्लोवाकिया द्विपक्षीय संबंधों की व्यापक समीक्षा की। दोनों नेताओं ने व्यापार और निवेश, रक्षा और सुरक्षा, तकनीक और नवाचार, अंतरिक्ष, परमाणु ऊर्जा, शिक्षा, संस्कृति, प्रतिभा के आदान-प्रदान और लोगों के बीच संपर्क जैसे क्षेत्रों में नए रास्तों पर चर्चा की। संयुक्त राष्ट्र सुधार समेत कई क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी विचारों का आदान-प्रदान हुआ।
सांस्कृतिक जुड़ाव और सम्मान
प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति पेलेग्रिनी ने राष्ट्रपति भवन में वाराणसी पर आधारित एक विशेष प्रदर्शनी देखी, जिसमें स्लोवाक कलाकारों की वाराणसी यात्रा से प्रेरित कलाकृतियाँ प्रदर्शित थीं। इसके अलावा स्लोवाकिया ने प्रधानमंत्री मोदी को अपने सर्वोच्च राजकीय सम्मान 'ऑर्डर ऑफ द व्हाइट डबल क्रॉस (फर्स्ट क्लास)' से नवाजा।
आगे की राह
राजदूत श्रीवास्तव की विदाई मुलाकात इस बात का संकेत है कि दोनों देश उच्च-स्तरीय यात्राओं से मिली गति को राजनयिक स्तर पर आगे बनाए रखना चाहते हैं। भारत-स्लोवाकिया संबंधों में बहुआयामी सहयोग की जो नींव पड़ी है, उसे नए राजदूत के कार्यकाल में और विस्तार मिलने की उम्मीद है।