31 अगस्त 2026
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साइकिल खरीद घोटाले पर 'आप' का दिल्ली सचिवालय के बाहर प्रदर्शन, शिक्षा मंत्री के इस्तीफे और एफआईआर की मांग

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साइकिल खरीद घोटाले पर 'आप' का दिल्ली सचिवालय के बाहर प्रदर्शन, शिक्षा मंत्री के इस्तीफे और एफआईआर की मांग

सारांश

AAP ने दिल्ली सचिवालय के बाहर प्रदर्शन कर आरोप लगाया कि छात्राओं के लिए खरीदी गई साइकिलें बाज़ार दर से लगभग दोगुनी कीमत पर ली गईं, जिससे कथित तौर पर ₹40 करोड़ का कमीशन खेला गया। पार्टी ने एफआईआर और शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की माँग करते हुए 1 सितंबर को उपराज्यपाल से मिलने का ऐलान किया।

मुख्य बातें

AAP ने 31 अगस्त को दिल्ली सचिवालय के बाहर साइकिल खरीद में कथित घोटाले को लेकर प्रदर्शन किया।
पार्टी का आरोप — लगभग ₹4,000 की साइकिलें ₹7,000 प्रति साइकिल की दर से खरीदी गईं; कुल 1.30 लाख साइकिलें खरीदी गईं।
कथित मिलीभगत से लगभग ₹40 करोड़ के कमीशन का आरोप — AAP द्वारा लगाया गया, स्वतंत्र पुष्टि नहीं।
ACB में शिकायत दर्ज; अब तक एफआईआर नहीं।
AAP ने शिक्षा मंत्री आशीष सूद के इस्तीफे और मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से ठोस कार्रवाई की माँग की।
पार्टी 1 सितंबर को उपराज्यपाल से मिलकर जाँच और एफआईआर की माँग करेगी।

आम आदमी पार्टी (AAP) ने सोमवार, 31 अगस्त को दिल्ली सचिवालय के बाहर बड़ी संख्या में प्रदर्शन किया। पार्टी का आरोप है कि दिल्ली सरकार ने स्कूली छात्राओं को वितरित की जाने वाली साइकिलों की खरीद में करोड़ों रुपए का घोटाला किया है। प्रदर्शनकारियों ने कथित घोटाले की जांच, एफआईआर दर्ज करने और शिक्षा मंत्री आशीष सूद को तत्काल बर्खास्त करने की माँग की।

मुख्य आरोप और दावे

AAP के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने प्रदर्शन का नेतृत्व करते हुए आरोप लगाया कि बाज़ार में लगभग ₹4,000 में उपलब्ध साइकिलें दिल्ली सरकार ने लगभग ₹7,000 प्रति साइकिल की दर से खरीदीं। उनके अनुसार, कुल लगभग 1.30 लाख साइकिलों की खरीद हुई, जिससे सरकारी खजाने को भारी नुकसान पहुँचा और सरकार तथा ठेकेदार की कथित मिलीभगत से लगभग ₹40 करोड़ के कमीशन का खेल खेला गया।

भारद्वाज ने स्पष्ट किया कि पार्टी की ओर से इस मामले में भ्रष्टाचार निरोधक शाखा (ACB) में शिकायत दर्ज कराई जा चुकी है, लेकिन अब तक कोई एफआईआर दर्ज नहीं की गई। उन्होंने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता पर भी निशाना साधते हुए कहा कि उन्होंने मामले में कोई ठोस कार्रवाई नहीं की।

उल्लेखनीय है कि ₹40 करोड़ के कमीशन और घोटाले से जुड़े ये आरोप AAP द्वारा लगाए गए हैं। इनकी स्वतंत्र जाँच या न्यायिक पुष्टि अभी तक नहीं हुई है।

सचिवालय में मुलाकात नाकाम, अब उपराज्यपाल का दरवाज़ा

भारद्वाज के अनुसार, AAP नेता सोमवार को मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से मुलाकात के लिए सचिवालय पहुँचे थे, लेकिन मुलाकात नहीं हो सकी। पार्टी ने घोषणा की कि वह मंगलवार, 1 सितंबर को उपराज्यपाल से मिलकर साइकिल खरीद समेत अन्य कथित घोटालों में कार्रवाई की माँग करेगी। बुराड़ी से AAP विधायक संजीव झा ने बताया कि उपराज्यपाल से मुलाकात के लिए 1 सितंबर का समय निर्धारित किया गया है।

विधायकों की माँग — मंत्री का इस्तीफा

संजीव झा ने कहा कि पार्टी ने कथित घोटाले से जुड़े साक्ष्य दिल्ली विधानसभा में प्रस्तुत किए हैं और उपराज्यपाल व मुख्यमंत्री को पत्र भी लिखे गए हैं, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। कोंडली से AAP विधायक कुलदीप कुमार ने भी प्रदर्शन में शामिल होकर शिक्षा मंत्री आशीष सूद के इस्तीफे की माँग की। उनका तर्क था कि यदि साइकिलें उचित बाज़ार दर पर खरीदी जातीं, तो बची हुई राशि से और अधिक छात्राओं को लाभान्वित किया जा सकता था।

आम जनता और छात्राओं पर असर

यह मामला उस सरकारी योजना से जुड़ा है जिसका उद्देश्य दिल्ली की स्कूली छात्राओं को साइकिलें देकर उनकी आवाजाही सुगम बनाना था। यदि कथित अनियमितताएँ सिद्ध होती हैं, तो इसका सीधा असर उन छात्राओं पर पड़ता है जिन्हें इस योजना का लाभ मिलना था। गौरतलब है कि दिल्ली में शिक्षा से जुड़ी सरकारी खरीद पर यह हाल के समय में उठाया गया एक बड़ा सवाल है।

आगे क्या होगा

AAP ने स्पष्ट किया है कि वह इस मामले से पीछे नहीं हटेगी। पार्टी 1 सितंबर को उपराज्यपाल से मिलकर जाँच, एफआईआर दर्ज करने और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की माँग करेगी। कुलदीप कुमार ने चेतावनी दी कि यदि शिक्षा मंत्री आशीष सूद जल्द इस्तीफा नहीं देते, तो पार्टी दिल्ली में आंदोलन को और तेज़ करेगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली सवाल यह है कि ACB में शिकायत के बावजूद एफआईआर क्यों नहीं हुई — यह जाँच एजेंसी की स्वायत्तता पर सवाल उठाता है। दिल्ली में सत्ता-परिवर्तन के बाद विपक्ष की भूमिका में आई AAP के लिए यह मुद्दा रणनीतिक भी है, लेकिन इससे कथित अनियमितता की गंभीरता कम नहीं होती। ₹40 करोड़ के कमीशन का दावा अभी केवल पार्टी का आरोप है — जब तक ACB या न्यायालय स्वतंत्र रूप से इसकी पुष्टि नहीं करते, इसे तथ्य नहीं माना जा सकता। सरकारी खरीद में पारदर्शिता सुनिश्चित करना हर सरकार की जिम्मेदारी है, और इस मामले में त्वरित जाँच ही जनता के विश्वास को बनाए रख सकती है।
RashtraPress
31 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

दिल्ली साइकिल खरीद घोटाला क्या है?
आम आदमी पार्टी (AAP) का आरोप है कि दिल्ली सरकार ने स्कूली छात्राओं के लिए लगभग 1.30 लाख साइकिलें बाज़ार दर (₹4,000) से लगभग दोगुनी कीमत (₹7,000 प्रति साइकिल) पर खरीदीं। पार्टी का दावा है कि इससे सरकारी खजाने को नुकसान हुआ और कथित तौर पर ₹40 करोड़ का कमीशन खेला गया।
AAP ने इस मामले में क्या माँगें रखी हैं?
AAP ने कथित घोटाले की स्वतंत्र जाँच, एफआईआर दर्ज करने और शिक्षा मंत्री आशीष सूद को तत्काल बर्खास्त करने की माँग की है। पार्टी ने ACB में शिकायत भी दर्ज कराई है और मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से ठोस कार्रवाई की अपेक्षा जताई है।
क्या इस मामले में अब तक कोई एफआईआर दर्ज हुई है?
नहीं। AAP नेता सौरभ भारद्वाज के अनुसार, ACB में शिकायत दर्ज होने के बावजूद 31 अगस्त तक कोई एफआईआर दर्ज नहीं की गई है। पार्टी ने इसे लेकर सरकार पर निष्क्रियता का आरोप लगाया है।
AAP आगे क्या कदम उठाएगी?
पार्टी ने 1 सितंबर को उपराज्यपाल से मुलाकात का समय निर्धारित किया है, जहाँ साइकिल खरीद घोटाले समेत अन्य कथित अनियमितताओं में जाँच और कार्रवाई की माँग की जाएगी। यदि शिक्षा मंत्री आशीष सूद इस्तीफा नहीं देते, तो पार्टी आंदोलन तेज़ करने की चेतावनी दे चुकी है।
इस मामले में दिल्ली सरकार का क्या रुख है?
उपलब्ध जानकारी के अनुसार, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने AAP नेताओं से 31 अगस्त को मुलाकात नहीं की और सरकार की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। शिक्षा मंत्री आशीष सूद की ओर से भी कोई सार्वजनिक बयान उपलब्ध नहीं है।
राष्ट्र प्रेस
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