1 अगस्त 2026
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बांकीपुर उपचुनाव: प्रशांत किशोर ने पटना एसएसपी पर मतदाता दबाव का आरोप लगाया, निर्वाचन आयोग को सौंपे साक्ष्य

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बांकीपुर उपचुनाव: प्रशांत किशोर ने पटना एसएसपी पर मतदाता दबाव का आरोप लगाया, निर्वाचन आयोग को सौंपे साक्ष्य

सारांश

बांकीपुर उपचुनाव के बीच प्रशांत किशोर ने पटना एसएसपी पर नामजद शिकायत दर्ज कराई — आरोप है कि पुलिस ने सत्तारूढ़ दल के साथ मिलकर मतदाताओं को डराया और कार्यकर्ताओं को बेवजह गिरफ्तार किया। रविवार को वे सभी साक्ष्य सार्वजनिक करेंगे।

मुख्य बातें

प्रशांत किशोर ने 1 अगस्त को बिहार के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी से मिलकर पटना एसएसपी के खिलाफ नामजद शिकायत दर्ज कराई।
आरोप है कि पिछले दो से ढाई दिनों में पुलिस ने कथित तौर पर सत्तारूढ़ दल के साथ मिलकर मतदाताओं को भयभीत किया।
कार्यकर्ताओं की बिना ठोस कारण गिरफ्तारी और पुलिस मौजूदगी में आपराधिक तत्वों की गुंडागर्दी का आरोप लगाया गया।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने तत्काल जाँच के आदेश देने और दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई का आश्वासन दिया।
प्रशांत किशोर रविवार सुबह 11 बजे प्रेस वार्ता में सभी साक्ष्य सार्वजनिक करेंगे।

जन सुराज के सूत्रधार और बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव के प्रत्याशी प्रशांत किशोर ने 1 अगस्त को बिहार के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी से मुलाकात कर पटना पुलिस और जिला प्रशासन पर चुनावी प्रक्रिया को प्रभावित करने के गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि बीते दो से ढाई दिनों में पुलिस ने कथित तौर पर सत्तारूढ़ दल के साथ मिलकर मतदाताओं को डराने-धमकाने की कोशिश की।

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी से मुलाकात और नामजद शिकायत

प्रशांत किशोर अपने सात वरिष्ठ साथियों के साथ मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के कार्यालय पहुँचे और पटना के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) के खिलाफ नामजद शिकायत दर्ज कराई। उनके अनुसार, एसएसपी और उनके अधीनस्थ अधिकारियों ने लोकतांत्रिक प्रक्रिया को बाधित करने में कथित तौर पर सक्रिय भूमिका निभाई।

कथित अनियमितताओं का विवरण

प्रशांत किशोर ने मीडिया के सामने तीन प्रमुख आरोप रखे — पहला, चुनाव प्रचार के दौरान कार्यकर्ताओं को बिना ठोस कारण गिरफ्तार किया गया; दूसरा, मतदाताओं को भयभीत किया गया; और तीसरा, पुलिस की उपस्थिति में आपराधिक तत्वों ने कथित तौर पर गुंडागर्दी की। उन्होंने कहा कि इन घटनाओं से जुड़े विशिष्ट साक्ष्य निर्वाचन आयोग को सौंप दिए गए हैं।

आयोग का आश्वासन

प्रशांत किशोर के अनुसार, मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने शिकायत पर तत्काल संज्ञान लेते हुए मामले की जाँच के आदेश देने का आश्वासन दिया। आयोग ने यह भी कहा कि जाँच पूरी होने के बाद जिन अधिकारियों की भूमिका सामने आएगी, उनके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

रविवार को प्रेस वार्ता में साक्ष्य सार्वजनिक होंगे

प्रशांत किशोर ने घोषणा की कि वे रविवार सुबह 11 बजे एक प्रेस वार्ता आयोजित करेंगे, जिसमें निर्वाचन आयोग को सौंपे गए सभी साक्ष्य सार्वजनिक किए जाएंगे। गौरतलब है कि यह उपचुनाव बिहार की राजनीतिक दृष्टि से संवेदनशील बांकीपुर सीट पर हो रहा है और प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी के लिए यह एक महत्वपूर्ण परीक्षा मानी जा रही है। यह ऐसे समय में आया है जब राज्य में चुनावी निष्पक्षता को लेकर पहले से ही बहस चल रही है।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि अपनी विश्वसनीयता स्थापित करने का मंच है। विडंबना यह है कि जो व्यक्ति कभी पर्दे के पीछे चुनावी रणनीति बनाता था, वह आज उसी तंत्र के खिलाफ सार्वजनिक रूप से खड़ा है। निर्वाचन आयोग का रुख और जाँच की गति यह तय करेगी कि ये आरोप राजनीतिक बयानबाजी बनकर रह जाते हैं या बिहार की चुनावी प्रशासन व्यवस्था में वास्तविक जवाबदेही की नई मिसाल बनते हैं।
RashtraPress
1 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

प्रशांत किशोर ने बांकीपुर उपचुनाव में किस पर और क्या आरोप लगाए हैं?
प्रशांत किशोर ने पटना के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) और अधीनस्थ अधिकारियों पर कथित तौर पर मतदाताओं को डराने, कार्यकर्ताओं को बेवजह गिरफ्तार करने और सत्तारूढ़ दल के साथ मिलकर चुनावी प्रक्रिया को प्रभावित करने का आरोप लगाया है। उन्होंने यह शिकायत नामजद रूप में बिहार के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी को सौंपी है।
निर्वाचन आयोग ने इस शिकायत पर क्या कार्रवाई का आश्वासन दिया?
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने शिकायत पर तत्काल संज्ञान लेते हुए मामले की जाँच के आदेश देने का आश्वासन दिया है। उन्होंने कहा कि जाँच पूरी होने के बाद दोषी अधिकारियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
प्रशांत किशोर रविवार की प्रेस वार्ता में क्या सार्वजनिक करेंगे?
प्रशांत किशोर ने घोषणा की है कि वे रविवार सुबह 11 बजे प्रेस वार्ता में निर्वाचन आयोग को सौंपे गए सभी साक्ष्य सार्वजनिक करेंगे। इनमें पुलिस अधिकारियों की कथित भूमिका के विशिष्ट विवरण और चुनावी अनियमितताओं के प्रमाण शामिल होंगे।
बांकीपुर उपचुनाव में जन सुराज की क्या भूमिका है?
बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में जन सुराज पार्टी के सूत्रधार प्रशांत किशोर स्वयं प्रत्याशी हैं। यह चुनाव उनकी नई राजनीतिक पार्टी के लिए एक महत्वपूर्ण परीक्षा मानी जा रही है, क्योंकि यह बिहार की राजनीतिक दृष्टि से संवेदनशील सीट है।
पुलिस पर लगाए गए कथित आरोपों में कौन-सी घटनाएँ शामिल हैं?
प्रशांत किशोर के अनुसार, चुनाव प्रचार के दौरान तीन प्रकार की कथित अनियमितताएं हुईं — कार्यकर्ताओं की बिना ठोस कारण गिरफ्तारी, मतदाताओं को भयभीत करना, और पुलिस की मौजूदगी में आपराधिक तत्वों द्वारा गुंडागर्दी। ये सभी घटनाएँ कथित तौर पर बीते दो से ढाई दिनों के दौरान हुईं।
राष्ट्र प्रेस
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