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गोकुल मिल्क यूनियन विवाद: भाई जगताप बोले — हार के बाद सत्ता पक्ष अपना रहा गैरकानूनी हथकंडे

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गोकुल मिल्क यूनियन विवाद: भाई जगताप बोले — हार के बाद सत्ता पक्ष अपना रहा गैरकानूनी हथकंडे

सारांश

गोकुल मिल्क यूनियन बोर्ड में सदस्यों की संख्या 12 से 16 करने पर कांग्रेस एमएलसी भाई जगताप ने सत्ता पक्ष पर गैरकानूनी हथकंडे अपनाने का आरोप लगाया। साथ ही उन्होंने विदेशी फंडिंग के आरोपों, संसद में पीएम की अनुपस्थिति और मुंबई की प्रदूषण समस्या पर भी राज्य व केंद्र सरकार को घेरा।

मुख्य बातें

कांग्रेस एमएलसी भाई जगताप ने गोकुल मिल्क यूनियन बोर्ड में सदस्य संख्या 12 से 16 करने को गैरकानूनी और को-ऑपरेटिव एक्ट का उल्लंघन बताया।
जगताप ने कहा कि हार के बाद सत्ता पक्ष इसी तरह के गैरकानूनी हथकंडे अपनाता है।
केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू के बयान पर पलटवार करते हुए जगताप ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की संसद में अनुपस्थिति पर सवाल उठाए।
केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह के विदेशी फंडिंग बयान पर जगताप ने सरकारी एजेंसियों से कार्रवाई की माँग की।
मुंबई को दुनिया के तीसरे सबसे प्रदूषित शहरों में बताते हुए उन्होंने BMC और राज्य सरकार पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाया।

कांग्रेस एमएलसी भाई जगताप ने 5 नवंबर 2026 को मुंबई में गोकुल मिल्क यूनियन के बोर्ड पुनर्गठन को लेकर राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने बोर्ड में स्वीकृत 12 सदस्यों की संख्या बढ़ाकर 16 करने की प्रक्रिया को गैरकानूनी और को-ऑपरेटिव एक्ट का उल्लंघन बताया। जगताप ने साफ कहा कि यह लोकतांत्रिक व्यवस्था के साथ खिलवाड़ है और जनता इसका जवाब देगी।

गोकुल बोर्ड पुनर्गठन विवाद

भाई जगताप ने कहा, 'ये भी चोरी है, लेकिन तरीका बदल गया है। ये लोग जनता, किसानों और बच्चों से हार चुके हैं। जब-जब इन्हें हार का सामना करना पड़ता है तो वह इसी तरह के हथकंडे अपनाते हैं, जो गैरकानूनी है।' उन्होंने सवाल उठाया कि स्वीकृत 12 सदस्यों की जगह 16 सदस्य बनाकर उन्हें मतदान का अधिकार कैसे दिया जा सकता है। उनके अनुसार को-ऑपरेटिव एक्ट कोई नया कानून नहीं है और उसके साथ इस तरह की छेड़छाड़ पूरी तरह अनुचित है।

संसद और राहुल गांधी विवाद पर प्रतिक्रिया

केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू द्वारा सोशल मीडिया पर राहुल गांधी को दिए गए सुझाव पर जगताप ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि रिजिजू को पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को संसद का सम्मान करने की सलाह देनी चाहिए। जगताप का तर्क था कि किसानों पर चर्चा, देश की सुरक्षा, छात्रों और महिलाओं से जुड़े मुद्दों पर प्रधानमंत्री सदन में अनुपस्थित रहते हैं क्योंकि वे राहुल गांधी के सवालों का जवाब नहीं दे पाते। उन्होंने यह भी जोड़ा कि सदन के सम्मान की जिम्मेदारी किसी एक व्यक्ति की नहीं, सभी की है।

विदेशी फंडिंग के आरोपों पर पलटवार

केंद्रीय राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह के देश में अराजकता फैलाने के लिए विदेशी फंडिंग से जुड़े बयान पर जगताप ने कहा कि सरकार की एजेंसियाँ उनके पास हैं — दोषियों की पहचान करें और कार्रवाई करें। उन्होंने याद दिलाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह ने कांग्रेस तथा गांधी परिवार पर काले धन को लेकर बड़े-बड़े आरोप लगाए थे, लेकिन इतने वर्षों बाद भी कोई ठोस सबूत सामने नहीं आया।

मुंबई की दुर्दशा और बॉम्बे हाई कोर्ट की फटकार

बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) को बॉम्बे हाई कोर्ट की फटकार के संदर्भ में जगताप ने कहा कि मुंबई वैश्विक स्तर पर सबसे प्रदूषित शहरों में तीसरे स्थान पर है। वायु प्रदूषण और ध्वनि प्रदूषण के मामले में शहर की स्थिति बेहद चिंताजनक है, जबकि देश में सबसे अधिक कर मुंबई से वसूला जाता है। उन्होंने इस बदहाली के लिए भ्रष्टाचार को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा, 'लोगों को जीने का अधिकार है, उन्हें जीने दीजिए।'

आगे क्या होगा

जगताप ने संकेत दिया कि कांग्रेस गोकुल बोर्ड पुनर्गठन के खिलाफ कानूनी और राजनीतिक दोनों मोर्चों पर जवाब देगी। यह विवाद महाराष्ट्र में सहकारी संस्थाओं पर सत्ता के प्रभाव को लेकर बड़ी राजनीतिक जंग का हिस्सा बनता जा रहा है, जो आने वाले दिनों में और गहराने के आसार हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

यदि सिद्ध हो, तो यह महज एक विवाद नहीं बल्कि संस्थागत लोकतंत्र पर सीधा प्रहार है। भाई जगताप का बयान राजनीतिक प्रतिक्रिया है, लेकिन असली सवाल यह है कि क्या राज्य सरकार इस प्रक्रिया की स्वतंत्र जाँच कराएगी — या यह विवाद भी अदालतों के दरवाज़े तक पहुँचकर वर्षों तक लटका रहेगा।
RashtraPress
5 नवंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

गोकुल मिल्क यूनियन बोर्ड विवाद क्या है?
गोकुल मिल्क यूनियन के बोर्ड में चुनाव के बाद सदस्यों की स्वीकृत संख्या 12 से बढ़ाकर 16 करने की प्रक्रिया को लेकर विवाद है। कांग्रेस एमएलसी भाई जगताप का आरोप है कि यह बदलाव को-ऑपरेटिव एक्ट का उल्लंघन है और गैरकानूनी है।
भाई जगताप ने सत्ता पक्ष पर क्या आरोप लगाए?
भाई जगताप ने आरोप लगाया कि जनता, किसानों और बच्चों से हार के बाद सत्ता पक्ष गैरकानूनी हथकंडे अपना रहा है। उन्होंने बोर्ड में सदस्य संख्या बढ़ाने और नए सदस्यों को मतदान का अधिकार देने को लोकतांत्रिक व्यवस्था के साथ खिलवाड़ बताया।
विदेशी फंडिंग के आरोपों पर जगताप का क्या जवाब था?
केंद्रीय राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह के विदेशी फंडिंग से अराजकता फैलाने के बयान पर जगताप ने कहा कि सरकार की एजेंसियाँ उनके पास हैं, दोषियों को चिह्नित कर कार्रवाई करें। उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री मोदी और गृह मंत्री शाह वर्षों से कांग्रेस पर काले धन के आरोप लगाते हैं, लेकिन कोई सबूत सामने नहीं आया।
मुंबई प्रदूषण पर जगताप ने क्या कहा?
भाई जगताप ने कहा कि मुंबई विश्व के सबसे प्रदूषित शहरों में तीसरे स्थान पर है और सबसे अधिक कर वसूले जाने के बावजूद शहर की हालत खराब है। उन्होंने बॉम्बे हाई कोर्ट की BMC को फटकार का हवाला देते हुए इसके लिए भ्रष्टाचार को जिम्मेदार ठहराया।
कांग्रेस गोकुल मिल्क यूनियन विवाद में आगे क्या कदम उठाएगी?
भाई जगताप ने संकेत दिया कि कांग्रेस इस मामले में कानूनी और राजनीतिक दोनों मोर्चों पर जवाब देगी। उन्होंने कहा कि जनता भी इसका जवाब देगी और पार्टी भी इसे यहीं नहीं छोड़ेगी।
राष्ट्र प्रेस
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